सोपोर. लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने बुधवार को कहा कि अगर नेशनल कॉन्फ्रेंस-कांग्रेस गठबंधन जम्मू-कश्मीर में सत्ता में आता है तो वह सोपोर के प्रसिद्ध सेब को अंतरराष्ट्रीय बाजारों में बढ़ावा देगा. कांग्रेस नेता ने इस बात पर अफसोस जताया कि अखरोट, काजू और किशमिश तो उनकी मेज पर रखे गए, लेकिन सोपोर का प्रसिद्ध सेब गायब था. राहुल गांधी ने हाथ में सेब लेकर कहा, ”मुख्य मुद्दा सोपोर सेब का है. इस सेब को विदेश ले जाना होगा. आपका भविष्य इसी में है और इसे आगे ले जाना होगा. यह न केवल पूरे देश में पहुंचना चाहिए, बल्कि अमेरिका, चीन और जापान तक भी पहुंचना चाहिए.” उत्तर कश्मीर के बारामूला जिले में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए गांधी ने कहा कि लोग विदेशों से सेब लाकर खा रहे हैं, लेकिन ”मैं चाहता हूं कि यह सेब अमेरिका जाए.”
उन्होंने कहा, ”अगर इस सेब को जापान और अमेरिका तक पहुंचाना है, तो सबसे पहले राज्य का दर्जा बहाल करना होगा. इसके बिना यह संभव नहीं है.” कांग्रेस नेता ने कहा कि नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार चंद अरबपतियों के लिए काम कर रही है. उन्होंने कहा, ”अदाणी के कारण यहां या हिमाचल प्रदेश में किसानों को उनके सेबों की अच्छी कीमत नहीं मिल रही है.” गांधी ने सेब की उपज के लिए 72 रुपये प्रति किलोग्राम का न्यूनतम समर्थन मूल्य देने के अपनी पार्टी के चुनावी वादे को दोहराया और कहा कि इसे फसल बीमा योजना के तहत भी कवर किया जाएगा. उन्होंने कहा कि गठबंधन सरकार गरीबों की बेदखली पर रोक लगाएगी और सिंचाई पर 2,500 करोड़ रुपये खर्च करेगी.
गांधी ने कहा कि उन्हें उनके सहयोगी कांग्रेस महासचिव जी ए मीर ने बताया कि सोपोर सेब निर्यात किया जाता है और स्थानीय स्तर पर उसका प्रसंस्करण नहीं किया जाता. उन्होंने कहा, ”हमारा लक्ष्य है कि सेब जापान और अमेरिका को निर्यात किया जाए. लेकिन यहां भी प्रसंस्करण संयंत्र होने चाहिए ताकि सोपोर के लोगों को सेब उद्योग का लाभ मिल सके.” गांधी ने यह भी कहा कि नेकां-कांग्रेस गठबंधन की सरकार स्मार्ट बिजली मीटरों को खत्म कर देगी.