मित्र देशों से और ऋण मांगने में शर्मिंदगी महसूस होती है: शरीफ

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Sun, 15 Jan 2023 07:18 PM
ऑडियो सुनें

लाहौर. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कहा है कि मित्र देशों से और कर्ज मांगने में उन्हें शर्मिंदगी महसूस होती है क्योंकि यह नकदी संकट से जूझ रहे देश की आर्थिक चुनौतियों का स्थायी समाधान नहीं है. शरीफ शनिवार को पंजाब प्रांत की राजधानी लाहौर में पाकिस्तान प्रशासनिक सेवा (पीएएस) के परिवीक्षाधीन अधिकारियों के पासिंग आउट समारोह को संबोधित कर रहे थे. उन्होंने इस दौरान अपने संबोधन में इसको लेकर खेद जताया कि पिछले 75 वर्षों के दौरान देश की विभिन्न सरकारों ने आर्थिक मुद्दों पर ध्यान नहीं दिया.

‘जियो न्यूज’ के अनुसार शरीफ ने वित्तीय सहायता के लिए सऊदी अरब की प्रशंसा करते हुए कहा कि और ऋण मांगने में उन्हें वास्तव में र्शिमंदगी महसूस होती है. उन्होंने कहा कि विदेशी ऋण मांगना पाकिस्तान की आर्थिक चुनौतियों का सही समाधान नहीं है क्योंकि ऋण अंतत: वापस करना होगा. उन्होंने कहा कि यदि सही नीतियों को सही समय पर लागू किया गया होता तो सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजी) को प्राप्त किया जा सकता था और विदेशी ऋणों से बचा जा सकता था .

वर्तमान समय में पाकिस्तान आर्थिक मुद्दों का सामना कर रहा है. शरीफ हाल में संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) की यात्रा पर थे और उस दौरान वहां से शेख मोहम्मद बिन जायद ने पाकिस्तान को एक अरब अमेरिकी डॉलर का और ऋण देने की घोषणा की थी.

Breaking news. hindi news. Navabharat News. Latest news, in-depth analysis and opinion.
नवभारत न्यूज : छत्तीसगढ़, असम, ओडिशा, देश, दुनिया और राज्यों की खबरों का विश्वसनीय मंच.

लेखक के बारे में
By Yogesh Kumar Sahu