चंडीगढ़. हरियाणा विधानसभा चुनाव के तुरंत बाद कांग्रेस के नेता एवं पूर्व मंत्री कैप्टन अजय सिंह यादव ने उनके साथ खराब व्यवहार किये जाने का आरोप लगाते हुए बृहस्पतिवार को पार्टी छोड़ दी. उन्होंने कहा कि वह पार्टी छोड़ रहे हैं और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) विभाग के अध्यक्ष पद से भी इस्तीफा दे रहे हैं.
यादव (65) ने कहा, ”सोनिया गांधी के कांग्रेस अध्यक्ष पद से हटने के बाद मेरे साथ खराब व्यवहार होने से पार्टी आलाकमान से मोहभंग हो गया है.” उन्होंने ‘एक्स’ पर पोस्ट में कहा, ”मैंने अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के ओबीसी विभाग के अध्यक्ष पद से तथा कांग्रेस पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से अपना त्यागपत्र कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे जी को भेज दिया है.” अपनी इस पोस्ट में उन्होंने खरगे, राहुल गांधी और सोनिया गांधी को भी टैग किया है.
यादव ने ‘एक्स’ पर कहा, ”इस्तीफा देने का यह निर्णय वास्तव में कठिन था, क्योंकि मेरे परिवार का 70 वर्षों से जुड़ाव था. मेरे पिता दिवंगत राव अभय सिंह 1952 में विधायक बने और उसके बाद मैंने पारिवारिक परंपरा को जारी रखा, लेकिन सोनिया गांधी के कांग्रेस अध्यक्ष पद से हटने के बाद मेरे साथ खराब व्यवहार होने से पार्टी आलाकमान से मेरा मोहभंग हो गया है.” पिछले कुछ वर्षों में यादव कांग्रेस छोड़ने वाले तीसरे प्रमुख नेता हैं. अन्य दो नेताओं में कुलदीप बिश्नोई और किरण चौधरी शामिल हैं और ये दोनों अब भाजपा में हैं.
यादव ने हाल में विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी की राज्य इकाई में कथित अंदरूनी कलह पर टिप्पणी की थी. यादव ने हाल में कहा था कि जनादेश मिलने से पहले मुख्यमंत्री बनने को लेकर हरियाणा कांग्रेस में खींचतान एक बड़ी भूल थी. यादव के बेटे चिरंजीव राव रेवाड़ी विधानसभा सीट से चुनाव हार गए थे.
यादव ने कहा था कि कांग्रेस को दक्षिणी हरियाणा, खासकर गुरुग्राम, रेवाड़ी, महेंद्रगढ़ और फरीदाबाद में अपनी विफलता के लिए आत्मचिंतन करना चाहिए, जहां भाजपा ने 11 में से 10 सीट पर जीत दर्ज की जबकि कांग्रेस ने केवल एक सीट जीती. ऐसा माना जा रहा है कि यादव हरियाणा चुनाव के लिए कई उम्मीदवारों के चयन को लेकर अपनी पार्टी से नाखुश थे. पूर्ववर्ती भूपेंद्र हुड्डा सरकार में मंत्री रह चुके यादव के उनके साथ कभी भी मधुर संबंध नहीं रहे.
भाजपा ने मंगलवार को कांग्रेस पर ओबीसी और दलित विरोधी पार्टी होने का आरोप लगाया था और मांग की थी कि राहुल गांधी को देश को बताना चाहिए कि हरियाणा विधानसभा चुनाव के दौरान पार्टी के ओबीसी मोर्चे के अध्यक्ष कैप्टन अजय सिंह यादव का ‘अपमान’ क्यों किया गया.