
अगरतला. त्रिपुरा के मंत्री सुधांशु दास ने कहा कि प्रतिमा विसर्जन यात्रा के दौरान तेज आवाज में संगीत बजाना और शराब पीकर नाचना हिंदू धर्म की भावना के बिल्कुल खिलाफ है. दास ने यह बयान ऐसे समय में दिया है जब राज्य में गणेश पूजा के साथ त्योहारों का मौसम शुरू हो गया है.
उन्होंने ‘फेसबुक’ पर एक पोस्ट में कहा, ”शराब के नशे में नाचते हुए प्रतिमा विर्सिजत करना हिंदू धर्म और संस्कृति की मूल भावना के बिल्कुल विपरीत है. मैं सकारात्मक सोच रखने वाले लोगों से अपील करता हूं कि वे ऐसी संस्कृति को खत्म करने के लिए आगे आएं.” पशु संसाधन विकास मंत्री ने कहा, ”हमें युवा पीढ़ी को ऐसे गलत रास्ते से निकालकर आध्यात्मिकता की ओर ले जाने का प्रयास करना चाहिए.” उच्च न्यायालय ने पहले ही रात 10 बजे के बाद अधिक ऊंची आवाज में संगीत बजाने पर रोक लगा दी है.
पुलिस ने कहा कि वह अगरतला में ध्वनि प्रदूषण को रोकने के लिए कदम उठा रही है. पश्चिम अगरतला पुलिस थाने के प्रभारी अधिकारी राणा चटर्जी ने कहा, ”जब भी दिशानिर्देशों का उल्लंघन होता है, तो हम कानूनी कार्रवाई करते हैं. गणेश पूजा के दौरान, अधिक ऊंची आवाज वाली ध्वनि प्रणालियों के संबंध में कुछ शिकायतें प्राप्त हुईं और कार्रवाई की गई.”



