
नयी दिल्ली/पणजी. गोवा पुलिस की एक टीम सोमवार को ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ नाइटक्लब में शनिवार को लगी आग की घटना की जांच के सिलसिले में नाइटक्लब के सह-मालिकों गौरव और सौरभ लूथरा के दिल्ली विश्वविद्यालय के पास स्थित उनके आवास पर पहुंची. एक अधिकारी ने यह जानकारी दी.
इस नाइटक्लब में शनिवार रात भीषण आग लग गई थी, जिसमें 25 लोगों की मौत हो गई. अधिकारी ने बताया कि पुलिस के पहुंचने पर इस मामले के मुख्य आरोपियों में शामिल लूथरा बंधु हडसन लेन स्थित अपने आवास पर नहीं पाए गए. पुलिस सूत्रों ने बताया कि टीम ने गौरव और सौरभ के वर्तमान ठिकाने का पता लगाने के लिए लूथरा परिवार के सदस्यों से पूछताछ की और उनकी हालिया गतिविधियों, संभावित ठिकानों और उनके संपर्कों के बारे में जानकारी मांगी.
उत्तरी गोवा के अरपोरा स्थित ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ में शनिवार रात आग लग गई थी. इस घटना में मारे गए 25 लोगों में से ज्यादातर नाइटक्लब के कर्मचारी थे. अधिकारी के अनुसार, गोवा पुलिस की एक टीम क्लब से जुड़े कथित उल्लंघनों और खामियों के सिलसिले में लूथरा बंधुओं से पूछताछ करने दिल्ली पहुंची. टीम ने हडसन लेन स्थित उनके घर का दौरा किया और स्थानीय पुलिस से पूछताछ की.
अधिकारी ने बताया कि दिल्ली पुलिस आरोपियों का पता लगाने और गोवा पुलिस की जांच में मदद के लिए शहर में कई जगहों पर तलाशी ले रही है. अब तक, गोवा पुलिस ने इस मामले में क्लब के मुख्य महाप्रबंधक राजीव मोदक, महाप्रबंधक विवेक सिंह, बार प्रबंधक राजीव सिंघानिया और गेट प्रबंधक रियांशु ठाकुर को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने दिल्ली के सब्जी मंडी निवासी भरत कोहली को भी हिरासत में लिया है, जो नाइटक्लब के दैनिक कामकाज की देखरेख के लिए ज़म्मिेदार था और क्लब के एक प्रबंधक से पूछताछ के दौरान उसका नाम सामने आया था.
गोवा के नाइटक्लब में आग: सह-मालिक लूथरा ने पीड़ितों के परिजनों के लिए सहायता की पेशकश की
उत्तरी गोवा के अरपोरा स्थित ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ नाइटक्लब में आग लगने की घटना में 25 लोगों की मौत के बाद सोमवार को इसके एक सह-मालिक सौरभ लूथरा ने सोशल मीडिया पर ‘गहरा दुख’ जताया और पीड़ितों के परिवारों को ‘हर संभव’ सहायता, समर्थन और सहयोग प्रदान करने का संकल्प व्यक्त किया.
यह सोशल मीडिया पोस्ट ऐसे समय में आया है जब उत्तरी गोवा के अरपोरा इलाके में स्थित ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ नाइटक्लब के प्रबंधन से जुड़े सदस्यों को गिरफ्तार करने के लिए कई पुलिस टीम गोवा से दिल्ली भेजी गई हैं. पणजी से लगभग 25 किलोमीटर दूर स्थित नाइट क्लब में शनिवार देर रात भीषण आग लगने से 25 लोगों की मौत हो गई. मृतकों में नाइटक्लब के 20 कर्मचारी और पांच पर्यटक शामिल हैं जिनमें से चार दिल्ली के थे.
बाद में कई एजेंसियों द्वारा की गई जांच में कई अनियमितताएं सामने आईं, जिनमें अग्निशमन विभाग की ओर से जारी किये जाने वाले अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) का कथित अभाव और उचित दस्तावेज के बिना लाइसेंस का जारी किया जाना शामिल है. आग लगने की घटना से संबंधित प्राथमिकी में सहमालिक गौरव लूथरा के साथ नामित सौरभ लूथरा ने अपने इंस्टाग्राम पोस्ट में दावा किया कि बर्च में हुई दुर्भाग्यपूर्ण घटना के कारण दुखद जनहानि पर प्रबंधन ‘गहरा दुख’ व्यक्त करता है.
सौरभ लूथरा ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, ‘‘असहनीय दु?ख और भारी संकट की इस घड़ी में प्रबंधन मृतकों और घायलों के परिवारों के साथ अटूट एकजुटता के साथ खड़ा है और पूरी ईमानदारी से अपनी हार्दिक संवेदना व्यक्त करता है.’’ उन्होंने कहा, ‘‘प्रबंधन यह भी पुष्टि करता है कि वह शोक संतप्त और प्रभावित व्यक्तियों को हर संभव सहायता, समर्थन और सहयोग प्रदान करेगा, क्योंकि वे इस घोर पीड़ा और विपत्ति के दौर से गुजर रहे हैं.’’ पुलिस जांच में अब तक मनोरंजन स्थल पर अनेक अनियमितताएं सामने आई हैं, जिनमें अग्निशमन विभाग से अनापत्ति प्रमाणपत्र ना हासिल किया जाना और उचित दस्तावेज के बिना लाइसेंस जारी करना शामिल है.
आग लगने के बाद अग्निशमन अधिकारियों ने कहा था कि इस क्लब के पास कथित तौर पर अग्निशमन विभाग की ओर से जारी एनओसी नहीं था और छोटे दरवाजों और उस तक पहुंचने वाले संकरे पुल के कारण लोगों का बचकर निकलना मुश्किल हो गया था.
क्लब के मुख्य महाप्रबंधक राजीव मोदक, महाप्रबंधक विवेक सिंह, बार प्रबंधक राजीव सिंघानिया और गेट मैनेजर रियांशु ठाकुर को गिरफ्तार कर लिया गया है. मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने रविवार को कहा था कि लूथरा परिवार को पकड़ने के लिए पुलिस की एक टीम दिल्ली रवाना हो गई है.
पुलिस ने कहा-हादसे के बाद फुकेत भाग गए थे मालिक सौरभ और गौरव लूथरा
गोवा के नाइटक्लब में आग लगने की घटना के कुछ घंटे बाद ही उसके मालिक और मुख्य आरोपी सौरभ लूथरा और गौरव लूथरा फुकेत भाग गए थे. यह जानकारी पुलिस ने सोमवार को दी. पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘‘गोवा पुलिस ने सौरभ और गौरव लूथरा को जल्द से जल्द पकड़ने के लिए केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) के इंटरपोल प्रभाग के साथ समन्वय स्थापित करने के लिए कदम उठाए हैं.’’ पणजी से लगभग 25 किलोमीटर दूर एक नाइट क्लब में शनिवार देर रात भीषण आग लगने से 25 लोगों की मौत हो गई. मृतकों में नाइट क्लब के 20 कर्मचारी और पांच पर्यटक शामिल हैं, जिनमें से चार दिल्ली से थे. पांच घायलों का सरकारी गोवा मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (जीएमसीएच) में इलाज जारी है.
आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के बाद, गोवा पुलिस के अनुरोध पर खुफिया ब्यूरो (बीओआई) द्वारा सात दिसंबर तक उनके खिलाफ एक लुकआउट सर्कुलर जारी किया गया था. अधिकारी ने कहा कि मुंबई स्थित आव्रजन ब्यूरो से संपर्क किया गया और पाया गया कि दोनों आरोपी आग लगने की घटना के तुरंत बाद, जो आधी रात के आसपास हुई थी, 7 दिसंबर को सुबह 5.30 बजे फुकेत के लिए 6ई 1073 उड़ान में सवार हो गए थे.
उन्होंने बताया कि गोवा पुलिस ने आरोपी गौरव और सौरभ लूथरा के ठिकानों पर छापेमारी के लिए तुरंत एक टीम दिल्ली भेज दी थी.
उन्होंने कहा, ‘‘चूंकि वे उपलब्ध नहीं थे, इसलिए उनके घर के गेट पर कानून की उचित धाराओं के तहत एक नोटिस चिपका दिया गया. इससे पुलिस जांच से बचने की उनकी मंशा का पता चलता है.’’ गोवा पुलिस ने क्लब के एक कर्मचारी भरत कोहली की ट्रांजिट रिमांड ली है और उसे गोवा ला रही है. उन्होंने बताया कि सभी 25 मृतकों का पोस्टमॉर्टम हो चुका है और शव उनके परिवारों को सौंप दिए गए हैं.


