वैज्ञानिक, स्वास्थ्य अनुसंधान पुरस्कारों की संख्या कम की जाए, नोबेल जैसा पुरस्कार शुरू किया जाए: गृह सचिव

नयी दिल्ली. गृह मंत्रालय ने आठ विज्ञान और स्वास्थ्य विभागों को उनके द्वारा दिये जाने वाले 300 से अधिक पुरस्कारों की संख्या घटाने और ‘‘वास्तविक हकदार उम्मीदवारों’’ के लिए ‘उच्च स्तर’ का पुरस्कार शुरू करने को कहा है. विज्ञान और स्वास्थ्य विभागों के सचिवों के साथ एक बैठक में गृह सचिव अजय भल्ला ने सरकार के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार के साथ परामर्श से वैज्ञानिकों के लिए नोबेल पुरस्कार जैसा एक पुरस्कार -विज्ञान रत्न- शुरू करने का भी सुझाव दिया.

यह कवायद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देशों के बाद की गई है. उन्होंने पुरस्कारों के लिए चयन प्रक्रिया में पारर्दिशता एवं वस्तुनिष्ठता लाने पर जोर देते हुए विश्वसनीयता बनाने के उद्देश्य से पुरस्कारों के पूरे प्रारूप में परिवर्तन करने का निर्देश दिया था. गृह सचिव ने वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान परिषद (सीएसआईआर) को शांति स्वरूप भटनागर पुरस्कार जारी रखने, लेकिन मासिक मानदेय नियमों में बदलाव कर उसकी सीमा 15 साल तय करने को कहा है.

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग वर्तमान में 200 से अधिक पुरस्कार प्रदान करता है. विभाग को सभी निजी वृत्ति/व्याख्यान/छात्रवृत्ति/फेलोशिप और आंतरिक पुरस्कार बंद करने को कहा गया है. उसे उपयुक्त मानदेय के साथ छात्रवृत्ति/फेलोशिप के लिए एक नयी योजना शुरू करने को कहा गया है.

मई में, गृह सचिव ने सभी मंत्रालयों को उनके द्वारा दिये जाने वाले पुरस्कारों की संख्या को युक्तिसंगत बनाने को कहा था. स्वास्थ्य विभाग को ‘फ्लोरेंस नाइटेंगल नर्सेज अवार्ड्स’ को युक्तिसंगत बनाने को कहा गया है, जो हर साल 51 नर्स को दिया जाता है. साथ ही, नेशनल मेडिकल काउंसिल द्वारा दिये जाने वाले तीन पुरस्कारों को नया रूप देने और एक बहुत उच्च दर्जे का नया पुरस्कार शुरू करने को कहा गया है.

गृह सचिव ने स्वास्थ्य अनुसंधान विभाग से 37 पुरस्कारों को रद्द करने और ‘कलकत्ता नेशनल मेडिकल कॉलेज (सीएनएमसी) शॉर्ट टर्म स्टूडेंटशिप एक्सीलेंस अवार्ड’ को शोध अनुदान में तब्दील करने को कहा है. गृह सचिव ने कहा कि इस सिलसिले में एक समीक्षा बैठक जल्द ही प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा की जाएगी. पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय, अंतरिक्ष विभाग और परमाणु ऊर्जा विभाग को मौजूदा पुरस्कारों को रद्द कर ‘‘बहुत ही उच्च दर्जे’’ के नये पुरस्कार शुरू करने को कहा गया है.

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