‘‘भ्रष्टाचार’’ के खिलाफ 11 अप्रैल को जयपुर में एक दिन का अनशन करेंगे सचिन पायलट

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Sun, 09 Apr 2023 08:14 PM
‘‘भ्रष्टाचार’’ के खिलाफ 11 अप्रैल को जयपुर में एक दिन का अनशन करेंगे सचिन पायलट
ऑडियो सुनें

जयपुर. राजस्थान के पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट ने राज्य विधानसभा चुनाव से पहले गहलोत सरकार के खिलाफ एक नया मोर्चा खोलते हुए रविवार को कहा कि वह राज्य की पूर्ववर्ती भाजपा सरकार में कथित तौर पर हुए ‘‘भ्रष्टाचार’’ पर कार्रवाई की मांग को लेकर 11 अप्रैल को जयपुर में शहीद स्मारक पर एक दिन का अनशन करेंगे.

पायलट ने रविवार को संवादाताओं से बातचीत में कहा कि ‘‘महात्मा ज्योति बा फूले की जयंती वाले दिन वह 11 अप्रैल को शहीद स्मारक पर एक दिन का अनशन पर करेंगे. इस साल के अंत में राज्य में होने वाले चुनावों को देखते हुए यह घटनाक्रम महत्वपूर्ण है. साथ ही यह मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और पायलट के बीच पहले से खटास भरे संबंधों के और बिगड़ने को भी दर्शाता है.

पायलट ने यहां अपने निवास पर आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘पिछली वसुंधरा राजे सरकार के दौरान हुए भ्रष्टाचार पर (गहलोत सरकार द्वारा) कोई कार्रवाई नहीं की गई. विपक्ष में रहते हुए हमने वादा किया था कि 45,000 करोड़ रुपये के खदान घोटाले की जांच कराई जाएगी.’’ उन्होंने कहा, ‘‘चुनाव होने में छह-सात महीने बचे हैं, विरोधी भ्रम फैला सकते हैं कि कुछ मिलीभगत है. इसलिए कार्रवाई जल्द करनी होगी ताकि कांग्रेस कार्यकर्ताओं को लगे कि हमारी कथनी और करनी में कोई अंतर नहीं है.’’

पायलट ने कहा कि ‘‘मैं मांग को लेकर 11 अप्रेल को शहीद स्मारक पर एक दिन के अनशन पर बैठूंगा.’’ 11 अप्रैल को महात्मा ज्योतिबा फुले की जयंती है, जो सैनी समुदाय से थे, वही समुदाय जिससे गहलोत आते हैं. दिसंबर 2018 में राजस्थान में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद से ही गहलोत और पायलट के बीच मुख्यमंत्री पद को लेकर खींचतान है.

पायलट की ‘‘भ्रष्टाचार’’ के खिलाफ कार्रवाई की मांग का खाचरियावास ने किया समर्थन

राजस्थान के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने राज्य की पूर्ववर्ती भाजपा सरकार के समय कथित तौर पर हुए भ्रष्टाचार पर कार्रवाई की पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट की मांग का रविवार को समर्थन किया. खाचरियावास ने एक समाचार चैनल से कहा कि वह सचिन पायलट की बात से सहमत हैं और यह सरकार की जिम्मेदारी है कि वह उन मुद्दों पर कार्रवाई करे जो कांग्रेस पार्टी ने विपक्ष में रहते हुए उठाए थे.

उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सत्ता में आने पर उनके और पार्टी के अन्य नेताओं द्वारा उठाए गए मुद्दों पर कार्रवाई करने का वादा किया था, हालांकि, अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है. खाचरियावास ने कहा कि वह मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से बात करेंगे और उनसे पायलट द्वारा उठाए गए मुद्दों पर कार्रवाई करने का आग्रह करेंगे.

उन्होंने कहा, ‘‘सचिन पायलट पार्टी की धरोहर हैं और राहुल गांधी ने भी यह कहा है. मैं उन मुद्दों का सम्मान करता हूं जो पायलट ने उठाए हैं. मैं मुख्यमंत्री से भी इस बारे में बात करूंगा और कहूंगा कि हमें कार्रवाई करनी चाहिए.” पायलट ने गहलोत सरकार पर वसुंधरा राजे के नेतृत्व वाली राज्य की पूर्ववर्ती भाजपा सरकार द्वारा किए गए कथित भ्रष्टाचार पर कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया है. उन्होंने आरोप लगाया है कि राज्य की पूर्ववर्ती भाजपा सरकार 45000 करोड़ रुपये के खदान घोटाले में संलिप्त थी. पायलट जब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रमुख थे तब पार्टी ने मुद्दा उठाया था और 2018 के विधानसभा चुनावों में सत्ता में आने पर घोटाले की जांच करने का वादा किया था.

 

 

Breaking news. hindi news. Navabharat News. Latest news, in-depth analysis and opinion.
नवभारत न्यूज : छत्तीसगढ़, असम, ओडिशा, देश, दुनिया और राज्यों की खबरों का विश्वसनीय मंच.

लेखक के बारे में
By Yogesh Kumar Sahu