
हांगझोउ. भारत के सौरव घोषाल ने पुरूष एकल स्क्वाश फाइनल में हांगकांग के हेनरी लियुंग को हराकर एशियाई खेलों में दूसरा स्वर्ण जीतने की ओर कदम रख दिया. पुरूषों की टीम की जीत में योगदान देने के बाद दुनिया के 19वें नंबर के खिलाड़ी घोषाल ने 52वीं रैंकिंग वाले हेनरी को 11 . 2, 11 . 2, 11 . 6 से हराया.
भारत को स्क्वाश में तीन स्वर्ण पदक मिल सकते हैं क्योंकि दीपिका पल्लीकल और हरिंदरपाल संधू भी फाइनल में पहुंच गए हैं .
दूसरी वरीयता प्राप्त घोषाल का सामना शीर्ष वरीयता प्राप्त इयेन योउ एंग से होगा . टीम सेमीफाइनल में घोषाल ने उसे चार गेम में हराया था.
इंचियोन में 2014 में एकल स्वर्ण जीतने में नाकाम रहे 37 वर्ष के घोषाल छठे और संभवत: आखिरी एशियाई खेलों में यह कमी पूरी करना चाहेंगे. युवा प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ भी घोषाल ने तकनीक और फिटनेस के मामले में बाजी मारी. इससे पहले दीपिका और हरिंदरपाल की जोड़ी ने हांगकांग के ली का यि और वोंग चि को 7 . 11, 11 . 7, 11 . 9 से हराकर फाइनल में जगह बनाई थी .
अनाहत सिंह और अभय सिंह की दूसरी भारतीय मिश्रित युगल जोड़ी को हालांकि सेमीफाइनल में आइफा बिंटी अजमान और मोहम्मद सयाफिक बिन मोहम्मद कमाल की मलेशिया की जोड़ी के खिलाफ 1-2 (11-8, 2-11, 9-11) से शिकस्त के साथ कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा. इस मुकाबले के दौरान अनाहत और अजमान आपस में टकरा भी गईं. भारतीय जोड़ी ने पहला गेम आसानी से जीता लेकिन मलेशिया की जोड़ी ने अगले दोनों गेम जीतकर ऑल इंडिया फाइनल की उम्मीद खत्म कर दी.
पंद्रह साल की अनाहत ने हार के बाद कहा, ”यह हमारा दिन नहीं था. अंतिम दो अंक (तीसरे गेम में) में से एक पर मैंने गलती की और दूसरी बार अंक कोर्ट के बीच में गया. हमारे में से किसी को नहीं पता था कि यह शॉट किसे लेना है. अंतिम दो अंक वैसे नहीं रहे जैसे होने चाहिए थे.”
उन्होंने कहा, ”पदक जीतना काफी अच्छा रहा. कांस्य पदक जीतना, इस उम्र में बड़ी बात है. इससे मैं थोड़ी खुश हूं लेकिन अगर स्वर्ण या रजत पदक मिलता तो बेहतर होता.” इससे पहले अनुभवी दीपिका और हरिंदर ने सेमीफाइनल का पहला गेम गंवा दिया था लेकिन इसके बाद वापसी करते हुए अगले दो गेम जीतकर मुकाबले को 38 मिनट में जीतने में सफल रहे.
भारतीय जोड़ी ने दूसरा गेम सिर्फ नौ मिनट में जीता जबकि तीसरे गेम में दोनों जोड़ियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली और यह गेम 15 मिनट चला. सेमीफाइनल के दौरान ली का यी के शॉट पर गेंद हरिंदर के चेहरे पर भी लगी. दीपिका ने कहा, ”जीत अच्छी रही. प्रत्येक दौर महत्वपूर्ण होता है. ऐसा लग रहा है कि सभी खिलाड़ी अच्छी तैयारी के साथ आए हैं. हमें पता है कि हमें अपनी रणनीति के अनुसार चलना होगा, अपनी क्षमता के अनुसार खेलना होगा और नतीजे के बारे में भूल जाओ. नतीजे मिलेंगे.”



