
चेन्नई. तमिलनाडु के तटीय एवं अंदरूनी जिलों में भारी बारिश के चलते मंगलवार को विद्यालयों में अवकाश घोषित कर दिया गया.
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने तमिलनाडु और पुडुचेरी के तटीय क्षेत्रों तथा कराईकल में 14 नवंबर को कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश होने का पूर्वानुमान जताया है.
आईएमडी ने बताया कि अगले 24 घंटे में दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और दक्षिण अंडमान सागर के ऊपर एक चक्रवाती परिसंचरण बनने के कारण दक्षिण पूर्व बंगाल की खाड़ी के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है. इसके पश्चिम-उत्तर पश्चिम की ओर बढ़ने और 16 नवंबर के आसपास पश्चिम मध्य बंगाल की खाड़ी पर एक दबाव के रूप में केंद्रित होने का अनुमान है.
अधिकारियों ने कहा कि जिलों में लगातार हो रही बारिश के कारण अअरियालुर, तंजावुर, विल्लुपुरम, तिरुवन्नामलाई, नागपट्टनम, तिरुवरूर और कुड्डालोर जिलों में विद्यालयों में छुट्टी घोषित करनी पड़ी. पूर्वानुमान में कहा गया है कि चेन्नई समेत कम से कम 15 जिलों में मंगलवार को भारी बारिश होने का अनुमान है. पुडुचेरी में बारिश का दौर मंगलवार को भी जारी है, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है. बारिश की वजह से सड़कों पर कुछ ही वाहन नजर आ रहे हैं.
पुडुचेरी के गृह मंत्री ए. नमस्सिवयम ने कहा कि तूफानी मौसम और रुक-रुककर हो रही बारिश के कारण मंगलवार को पुडुचेरी और कराईकल क्षेत्रों में सभी स्कूल और कॉलेज बंद रहेंगे. आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि पुडुचेरी क्षेत्र में मंगलवार को सुबह साढ़े आठ बजे तक 12 सेमी बारिश दर्ज की गई.
पुडुचेरी के मत्स्य पालन और मछुआरा कल्याण विभाग के एक प्रवक्ता ने एक विज्ञप्ति में कहा कि मछुआरों को खराब मौसम के कारण मंगलवार से दो दिन तक समुद्र में न जाने के लिए कहा गया है. प्रवक्ता ने कहा कि आईएमडी ने इस संबंध में एक परामर्श भी जारी किया है. चेन्नई में क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र के उपमहानिदेशक एस बालचंद्रन ने कहा कि तटीय जिलों और कुछ अंदरूनी जिलों में अगले दो दिनों में भारी बारिश जारी रहेगी.
उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा कि चेन्नई और इसके उपनगरों में अगले कुछ दिनों में मध्यम से भारी बारिश होगी. बालचंद्रन ने कहा, “एक अक्टूबर से आज तक तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल क्षेत्र में 23 सेमी वर्षा हुई, जो उत्तर-पूर्वी मानसून (एनईएम) अवधि के दौरान सामान्य से 14 फीसदी कम है. इसके बावजूद कहा जा सकता है कि क्षेत्र में सामान्य के करीब बारिश हुई है.” राज्य के राजस्व मंत्री के. के. एस. आर. रामचंद्रन ने कहा कि आधिकारिक मशीनरी एनईएम अवधि के दौरान किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार है और जिलाधिकारियों को सतर्क रहने के लिए कहा गया है.
रामचंद्रन ने यहां अधिकारियों के साथ बैठक की अध्यक्षता करने के बाद संवाददाताओं से कहा, “लगभग 121 बहुउद्देशीय आश्रय स्थल स्थापित किए गए हैं और 4,967 राहत शिविर तैयार किए गए हैं.” तमिलनाडु के 38 जिलों में से 35 में आज सुबह करीब आठ बजकर 20 मिनट तक 13.25 मिमी बारिश हुई, जबकि नागपटट्टनम में अधिकतम 11.3 मिमी बारिश हुई. इसके अलावा नागपट्टनम, तिरुवरुर, कुड्डालोर तथा मयिलादुथुराई भी भारी बारिश दर्ज की गई.



