छत्तीसगढ, राजस्थान चुनाव में हार कांग्रेस के लिए अप्रत्याशित और चिंता का विषय है : चिदंरबम

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Sun, 17 Dec 2023 07:40 PM
छत्तीसगढ, राजस्थान चुनाव में हार कांग्रेस के लिए अप्रत्याशित और चिंता का विषय है : चिदंरबम
ऑडियो सुनें

कोलकाता/गडग/बलिया. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी. चिदंबरम ने हाल में हुए छत्तीसगढ़ और राजस्थान विधानसभा चुनाव में पार्टी की हार को ”अप्रत्याशित” और ”चिंता का विषय” बताया. चिदंबरम ने ‘पीटीआई-भाषा’ से एक विशेष साक्षात्कार में रविवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) हर चुनाव ”ऐसे लड़ती है कि जैसे यह अंतिम लड़ाई हो” और विपक्षी दलों को इसका ”अहसास होना चाहिए.”

उन्होंने कहा, ”तीन राज्यों -छत्तीसगढ़, राजस्थान और मध्य प्रदेश में भाजपा की जीत 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले पार्टी के लिए काफी उत्साह बढ़ाने वाली है. छत्तीसगढ़ और राजस्थान में कांग्रेस की हार अप्रत्याशित है. नतीजे चिंताजनक हैं और मुझे यकीन है कि पार्टी का नेतृत्व कमजोरियों पर ध्यान देगा.”

बहरहाल, पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री ने कहा कि चार बड़े राज्यों – राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना में पार्टी का 40 फीसदी मत प्रतिशत ”बरकरार नजर आता है.” चिदंबरम ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि अंतिम व्यक्ति तक चुनाव प्रचार कर, बूथ प्रबंधन और मतदान वाले दिन सुस्त मतदाता को मतदान केंद्र तक लाने जैसे मुद्दों से निपटकर लोकसभा चुनाव से पहले पार्टी का मत प्रतिशत 45 फीसदी तक बढ़ाया जा सकता है.

हाल में हुए चुनाव में भाजपा ने उन तीनों राज्य में कांग्रेस को हरा दिया, जहां दोनों के बीच कड़ा मुकाबला था. भाजपा ने कांग्रेस से राजस्थान और छत्तीसगढ़ दोनों राज्य छीन लिए तथा मध्य प्रदेश में सत्ता बरकरार रखी. कांग्रेस के लिए राहत की केवल यही बात रही कि उसने तेलंगाना में जीत दर्ज करते हुए भाजपा को तीसरे नंबर पर धकेल दिया. भाजपा के ”ध्रुवीकरण, परोक्ष मुस्लिम विरोधी और ईसाई विरोधी प्रचार और अति राष्ट्रवाद” पर चिंता जताते हुए कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य ने कहा कि पार्टी को इसका करारा जवाब तलाशना पड़ेगा.

उन्होंने कहा, ”यह जबरदस्त संयोजन है. भाजपा ने कल्याणकारी कदमों (तथाकथित मुफ्त की रेवड़ियों) के खिलाफ अपना राग छोड़ दिया है. लेकिन मुझे ध्रुवीकरण, परोक्ष मुस्लिम विरोधी और ईसाई विरोधी प्रचार तथा अति-राष्ट्रवाद को लेकर अधिक चिंता है. उत्तरी और मध्य भारत के राज्य इस तरह की अपील से अधिक प्रभावित दिखते हैं. कांग्रेस को इसका उचित जवाब तलाशना पड़ेगा.” जाति जनगणना के 2024 के चुनावों के लिए पार्टी का शीर्ष एजेंडा होने पर चिदंबरम ने कहा, ”यह एक महत्वपूर्ण मुद्दा है, लेकिन शायद निर्णायक कारक न हो. मेरी राय में बेरोजगारी और महंगाई सूची में शीर्ष पर हैं. प्रत्येक सर्वेक्षण में ये दो मुद्दे हैं, जिनसे लोग सबसे ज्यादा परेशान हैं.” यह पूछने पर कि क्या नोटबंदी, राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) और नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) का आगामी चुनावों में भाजपा के वोट बैंक पर असर पड़ेगा, इस पर चिदंबरम ने कहा, ”नोटबंदी एक पुराना मुद्दा है. अगर सरकार एनआरसी और सीएए को लागू करने की कोशिश करती है, तो वे महत्वपूर्ण मुद्दे बन जाएंगे.”

अगले लोकसभा चुनाव में भाजपा की जीत का अनुमान जताने वाले चुनाव पूर्व सर्वेक्षणों पर चिदबंरम ने कहा, ”हवा भाजपा के पक्ष में बह रही है. लेकिन हवा की दिशा बदल सकती है. भाजपा कभी किसी चुनाव को हल्के में नहीं लेती. वह ऐसे लड़ती है, जैसे कि यह आखिरी लड़ाई हो. विपक्षी दलों को भाजपा के लड़ने के गुण का अहसास होना चाहिए.” विपक्षी गुट ‘इंडिया’ की लोकसभा चुनाव की तैयारियों पर कांग्रेस नेता ने कहा कि गठबंधन के नेताओं को उन उम्मीदवारों की पहचान करनी होगी, जो कम से कम 400-425 सीटों पर भाजपा से मुकाबला कर सकते हैं.

‘इंडिया’ गठबंधन के प्रधानमंत्री पद के चेहरे और उसकी सीट बंटवारे की योजनाओं पर उन्होंने कहा कि गठबंधन के नेताओं के प्रति लोगों की प्रतिक्रिया से प्रधानमंत्री पद के चेहरे की पहचान करने में मदद मिलेगी, लेकिन उससे कहीं ज्यादा आगामी लोकसभा चुनाव जीतने की आवश्यकता है. उन्होंने कहा, ”सरकार का नेतृत्व करने वाले व्यक्ति का चयन चुनावों के बाद किया जाएगा. नेता का चयन करने में लोगों की प्रतिक्रिया अहम होगी. फिलहाल मुख्य लक्ष्य चुनाव जीतना है.”

संघ परिवार ‘झूठ की फैक्टरी’ है: सिद्धरमैया

कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने रविवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और इससे संबद्ध संगठनों को “झूठ की फैक्टरी” करार दिया. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) द्वारा कांग्रेस सरकार की पांच गारंटी को ”नाकाम” बताए जाने के संबंध में पत्रकारों के एक सवाल का जवाब देते हुए सिद्धरमैया ने भाजपा और संघ परिवार को ”झूठ की फैक्टरी” बताया.

कर्नाटक के एक धर्म गुरू के इस बयान कि अगर भारत का अस्तित्व बचाना है तो इसे हिंदू राष्ट्र बना देना चाहिए, इस पर सिद्धरमैया ने कहा कि यह भाजपा का नारा है. उन्होंने कहा, “जनसंघ अपनी शुरुआत से ही चाहता था कि भारत हिंदू राष्ट्र बने, लेकिन हमारा देश एक विविधतापूर्ण देश है, जहां न केवल हिंदू, बल्कि ईसाई, मुस्लिम, जैन और बौद्ध भी रहते हैं. ऐसे में सिर्फ हिंदुओं के लिए राष्ट्र बनाना संभव नहीं है.”

ईवीएम के दुरूपयोग से चुनाव जीत रही है भाजपा : स्वामी प्रसाद मौर्य

समाजवादी पार्टी के नेता स्वामी प्रसाद मौर्य ने रविवार को आरोप लगाया कि भाजपा ने हाल के राज्य विधानसभा चुनावों और 2022 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) के “दुरुपयोग” के कारण जीत हासिल की. भाजपा पर हमला बोलते हुए मौर्य ने साथ ही कहा कि सनातन धर्म का ढोल पीटने वाले लोग सनातन शब्द का अर्थ ही नही समझते, ऐसे लोग सनातन विरोधी हैं जबकि ‘ हम उनसे बड़े सनातनी हैं.’ पिछले साल जनवरी में भाजपा छोड़ने वाले और अब सपा के राष्ट्रीय महासचिव मौर्य जिले के रसड़ा क्षेत्र में बौद्ध सम्मेलन से इतर पत्रकारों से बात कर रहे थे.

मौर्य ने तीन राज्यों राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की जीत के संदर्भ में कहा, ”मैं दावे के साथ कहता हूं कि भाजपा ईवीएम का दुरुपयोग कर चुनाव जीत रही है. यह जीत (प्रधानमंत्री) मोदी या मोदी के करिश्मे की नहीं है, बल्कि ईवीएम के दुरुपयोग की है.” उन्होंने कहा कि ईवीएम का दुरुपयोग नहीं हुआ होता तो 2022 के विधान सभा चुनाव में ही उत्तर प्रदेश से भाजपा का सूपड़ा साफ हो गया होता.

सपा नेता ने सनातन धर्म से जुड़े एक सवाल के ज.बाब में कहा,” सनातन धर्म का ढोल पीटने वाले लोग सनातन शब्द का अर्थ ही नही समझते. सनातन धर्म भगवान बुद्ध के मुंह से निकला हुआ शब्द है. अपने शिष्यों को संदेश देते हुए अंत में वह कहते थे कि जो मैं कह रहा हूं, वही सनातन धर्म है.” उन्होंने सनातन धर्म को मानने वालों पर प्रहार करते हुए कहा, “ये तो नकल करते हैं. वे बौद्ध धर्म का सनातन लेकर बड़े सनातनी बनते हैं. इनके सनातन में और सच के सनातन में बहुत अंतर है. सच का सनातन जो आदि काल में था, आज भी है एवं वह आगे भी रहेगा.”

मौर्य ने कहा , “जैसे सूर्य सबको प्रकाश देता है. सूर्य अपना प्रकाश देने में हिंदू – मुस्लिम – सिख – ईसाई का भेदभाव नहीं करता. वह ब्राम्हण – क्षत्रिय – वैश्य और शूद्र में भेदभाव नहीं करता. इसी प्रकार हवा, पानी, अग्नि सबको समान रूप से अपनी शक्ति प्रदान करते हैं. यह सनातन है.”

Breaking news. hindi news. Navabharat News. Latest news, in-depth analysis and opinion.
नवभारत न्यूज : छत्तीसगढ़, असम, ओडिशा, देश, दुनिया और राज्यों की खबरों का विश्वसनीय मंच.

लेखक के बारे में
By Yogesh Kumar Sahu