
महाराष्ट्र: विधानसभा चुनाव के नतीजे शनिवार को आ रहे हैं। इन नतीजों में 288 सीटों में से भाजपा के नेतृत्व वाली करीब 220 सीटों के साथ महायुति बड़ी बढ़त बनाते दिख रही है। वहीं, इस चुनाव में महाविकस अघाड़ी काफी पीछे है। 23 नवंबर के परिणामों में लोगों की नजरें क्षेत्रवार नतीजों पर भी है। चुनाव के दौरान तमाम दलों ने क्षेत्र के हिसाब से अपनी रणनीतियां बनाईं और इसके तहत प्रचार किया। नतीजे से धीरे-धीरे साफ हो रहा है कि किसकी मेहनत कितनी रंग ला रही है।
महाराष्ट्र में कितने क्षेत्र हैं?
देश में उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल के बाद सबसे ज्यादा कहीं विधानसभा सीटें हैं तो महाराष्ट्र है। 288 विधानसभा सीटों वाला महाराष्ट्र सियासी रूप से पांच क्षेत्रों में बंटा हुआ है। इन क्षेत्रों के आधार पर ही सत्ता के समीकरण बनते और बिगड़ते हैं। इनमें विदर्भ, मराठवाड़ा, पश्चिमी महाराष्ट्र, कोंकण और उत्तर महाराष्ट्र शामिल हैं।
अब जानते हैं पूरे राज्य के नतीजे कैसे हैं?
राज्य में 2024 के विधानसभा चुनाव में मुख्य मुकाबला दो प्रमुख गठबंधनों के बीच था। पहला भाजपा शिवसेना और एनसीपी (अजित गुट) का गठबंधन, जिसकी इस वक्त सरकार है। वहीं, विपक्षी गठबंधन में कांग्रेस, एनसीपी और शिवसेना (यूबीटी) शामिल हैं। नतीजों में 288 सदस्यीय विधानसभा में भाजपा को सबसे ज्यादा 126 सीटें मिलती दिख रही हैं।
भाजपा की सहयोगी पार्टी शिवसेना को 54 सीटें मिल रही हैं। वहीं, अजित पवार की एनसीपी को 38 सीटें मिलती दिख रही हैं। इस तरह इस गठबंधन को कुल 221 सीटें मिलती दिख रही हैं जो बहुमत के आंकड़े 145 से काफी ज्यादा है। दूसरी ओर महाविकास अघाड़ी को 54 सीटें मिल सकती हैं।
वहीं, 2019 के विधानसभा चुनाव में मुख्य मुकाबला दो प्रमुख गठबंधनों के बीच था। पहला भाजपा और शिवसेना का गठबंधन, जिसकी उस वक्त सरकार थी। वहीं, विपक्षी गठबंधन में कांग्रेस और एनसीपी शामिल थे। जब नतीजे आए तो 288 सदस्यीय विधानसभा में भाजपा को सबसे ज्यादा 105 सीटें मिली थीं। वहीं, भाजपा की सहयोगी पार्टी शिवसेना को 56 सीटें आई थीं। इस तरह इस गठबंधन को कुल 161 सीटें मिली थीं, जो बहुमत के आंकड़े 145 से काफी ज्यादा था। दूसरी ओर एनसीपी को 54 सीटें जबकि उसकी सहयोगी कांग्रेस को 44 सीटें मिली थीं।



