
पेरिस. भारतीय हॉकी टीम के प्रमुख डिफेंडर अमित रोहिदास जर्मनी के खिलाफ मंगलवार को होने वाले सेमीफाइनल मैच में नहीं खेल पाएंगे क्योंकि उन पर लगाए गए एक मैच के निलंबन के खिलाफ दायर की गई हॉकी इंडिया की अपील को इस खेल की विश्व संस्था एफआईएच ने खारिज कर दिया. रोहिदास को ग्रेट ब्रिटेन के खिलाफ रविवार को खेले गए क्वार्टर फाइनल मैच के दौरान रेड कार्ड मिला था जिसके कारण एफआईएच ने उन्हें एक मैच के लिए निलंबित कर दिया था. इसका मतलब है कि इस महत्वपूर्ण मैच के लिए भारत के केवल 15 खिलाड़ी ही उपलब्ध रहेंगे जो आठ बार के ओलंपिक चैंपियन के लिए करारा झटका है.
अंतरराष्ट्रीय हॉकी महासंघ (एफआईएच) ने आधिकारिक बयान ने कहा,”भारत और ग्रेट ब्रिटेन के बीच चार अगस्त को खेले गए मैच के दौरान अमित रोहिदास को एफआईएच आचार संहिता के उल्लंघन के लिए एक मैच के लिए निलंबित कर दिया गया था.” बयान के अनुसार,”निलंबन का असर मैच नंबर 35 (जर्मनी के खिलाफ भारत का सेमीफाइनल मैच) पर पड़ेगा, जिसमें अमित रोहिदास भाग नहीं लेंगे और भारत केवल 15 खिलाड़ियों की टीम के साथ खेलेगा.” हॉकी इंडिया ने रोहिदास के निलंबन के खिलाफ अपील दर्ज की थी लेकिन एफआईएच की जूरी बेंच ने उसे नामंजूर कर दिया.
एफआईएच ने कहा,”तथ्यों की जांच और विचार विमर्श के बाद हॉकी इंडिया की अपील खारिज कर दी गई है और अमित सेमीफाइनल में नहीं खेलेगा.”’ रोहिदास को ग्रेट ब्रिटेन के खिलाफ रविवार को खेले गए मैच में अंतिम हूटर बजने से लगभग 40 मिनट पहले मैदान से बाहर भेज दिया गया था क्योंकि उनकी स्टिक अनजाने में एक प्रतिद्वंद्वी खिलाड़ी पर लग गई थी. ग्रेट ब्रिटेन के खिलाफ मैच के दूसरे क्वार्टर में 31 वर्षीय रोहिदास मैदान पर विल कैलनान से बहस में उलझ गए थे. मैदानी अंपायर ने भारतीय खिलाड़ी को पहले चेतावनी दी लेकिन टीवी अंपायर ने वीडियो रेफरल के बाद रोहिदास को रेड कार्ड दे दिया. यह मैच निर्धारित समय तक 1-1 से बराबर रहा. भारत ने पेनल्टी शूटआउट में 4-2 से जीत दर्ज करके सेमीफाइनल में जगह बनाई.



