
कुआलालंपुर. भारत की स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधू का पिछले दो साल से चला आ रहा खिताब का इंतजार और लंबा हो गया क्योंकि उन्हें मलेशिया मास्टर्स के फाइनल में रविवार को यहां विश्व रैंकिंग में सातवें स्थान पर काबिज चीन की वांग झी यी से हार का सामना करना पड़ा.
ओलंपिक में दो बार की पदक विजेता सिंधू तीन गेम तक चले 79 मिनट के मुकाबले के निर्णायक गेम में 11-3 की बड़ी बढ़त बनाने के बावजूद 21-16 5-21 16-21 से हार गयी. वांग ने शानदार वापसी करते हुए आखिरी 23 में से 18 अंक जीत कर खिताब अपने नाम किया. विश्व रैंकिंग में 15वें स्थान पर काबिज सिंधू इससे पहले 2022 सिंगापुर ओपन खिताब अपने नाम करने में सफल रही थी और पिछले साल मैड्रिड स्पेन मास्टर्स में उपविजेता रही थी.
पांचवी वरीयता प्राप्त सिंधू अगर चैम्पियन बनती तो सोने पर सुहागा होता लेकिन फाइनल तक के सफर में इस प्रभावशाली प्रदर्शन से पेरिस ओलंपिक से पहले उनका आत्मविश्वास काफी बढ़ेगा. यह एक वर्ष से अधिक समय में किसी बीडब्ल्यूएफ टूर पर उनका पहला फाइनल था. सिंधू मैच के अधिकांश मौजूदा एशियाई चैंपियन वांग के खिलाफ दबदबा बनाने में सफल रही लेकिन निर्णायक गेम में ब्रेक के बाद उन्होंने लय गंवा दी और वांग ने शानदार वापसी कर जीत दर्ज की.
दिलचस्प बात यह है कि सिंधू ने अपना पिछला फाइनल सिंगापुर ओपन में वांग के खिलाफ ही जीता था. वह हालांकि पिछले साल आर्कटिक ओपन में वांग से हार गई थीं, लेकिन उन्होंने इससे पहले तीन मुकाबलों में चीन की खिलाड़ी को दो बार हराया था. सिंधू ने पिछले काफी समय से कैरोलिना मारिन, ताई त्जु यिंग, चेन यू फेई और अकाने यामागुची जैसी बड़ी खिलाड़ियों को हराने में विफल रही है और पेरिस ओलंपिक में उन्हें इन खिलाड़ियों के कड़ी चुनौती मिल सकती है. घुटने की चोट से उबर कर खेलों में वापसी कर रही सिंधू का फाइनल में पहुंचने से आत्मविश्वास जरूर बढ़ेगा. सिंधू अब मंगलवार से शुरू होने वाले सिंगापुर ओपन सुपर 750 टूर्नामेंट में चुनौती पेश करेंगी.
हैदराबाद की 28 साल की यह खिलाड़ी बेंगलुरु स्थित प्रकाश पादुकोण बैडमिंटन अकादमी में अभ्यास करती है. वह वांग के खिलाफ जीतने की स्थिति में होने के बावजूद मैच गंवाने की खामी को दूर करना चाहेंगी. सिंधू फाइनल में तेज शुरुआत की और दोनों खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर हुई. सिंधू 6-4 की बढ़त बनाने में सफल रहीं लेकिन वांग ने दो अंक लेकर वापसी की.
भारतीय खिलाड़ी ने शानदार रक्षण दिखते हुए वांग पर दबाव बनाए रखा लेकिन चीन की खिलाड़ी का नेट के करीब से लगाया गया क्रॉस-कोर्ट लाइन के बाहर जा गिरा जिससे ब्रेक तक सिंधू ने 11-9 की बढ़त कायम कर ली.वह अपने प्रभावशाली रिटर्न से इस बढ़त को 13-9 और फिर 17-10 करने में सफल रही. भारतीय खिलाड़ी की गलतियों का फायदा उठाते हुए वांग ने स्कोर को 16-19 किया लेकिन फिर सिंधू चार मैच प्वाइंट हासिल करने में सफल रही. वांग ने शटल को कोर्ट से बाहर खेल दिया और सिंधू ने पहला गेम जीत लिया.
सिंधू दूसरे गेम में पूरी तरह से बेरंग नजर आयी. वांग ने उन पर 5-1 की बढ़त बनाने के बाद इसे 11-3 में बदल दिया. वांग इसके बाद 16 गेम प्वाइंट हासिल कर पूरी तरह से अपना दबदबा बनाने में सफल रही. उनकी स्मैश और क्रॉस शॉट का सिंधू के पास कोई जवाब नहीं था जिससे उन्होंने दूसरा गेम आसानी से अपने नाम किया. निर्णायक गेम में, सिंधू अपने आक्रामक खेल से लय हासिल करने में सफल रही. उन्होंने स्मैश की झड़ी लगाकर 4-1 की बढ़त कायम कर ली.
दोनों खिलाड़ियों के बीच एक तेज तर्रार रैली का अंत सिंधू के क्रॉस कोर्ट शार्ट से हुआ जिससे वह 7-2 की बढ़त बनाने में सफल रही.
ब्रेक के समय उन्होंने 11-3 की बड़ी बढ़त कायम कर ली थी. वांग ने ब्रेक के बाद कमाल की वापसी की करते हुए 55 और 56 शॉट तक चली दो रैलियों को जीत कर सिंधू पर दबाव बना दिया. सिंधू अब बेसलाइन और साइडलाइन दोनों जगहों से गलती करने लगी थी और वांग ने लगातार पांच अंक के साथ अपना आत्मविश्वास हासिल किया.
सिंधू ने क्रॉस कोर्ट शॉट से वांग की लगातार अंक हासिल करने के सिलसिले को रोका लेकिन चीन की खिलाड़ी ने इस बार लगातार सात अंक हासिल कर मैच में 15-13 की बढ़त बना ली. सिंधू पर अब थकान हावी होने लगा था. सिंधू ने शनिवार को कड़ा सेमीफाइनल मुकाबला खेला था जो 83 मिनट तक चला था. वांग ने इसके बाद छह चैम्पियनशिप प्वाइंट हासिल किये. सिंधू इसमें दो का बचाव करने में सफल रही लेकिन चीन की खिलाड़ी ने अगले प्वाइंट को भुनाकर खिताब जीत लिया.
मलेशिया मास्टर्स के प्रदर्शन से आत्मविश्वास बढ़ेगा: सिंधू
भारत की शीर्ष बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधू ने रविवार को यहां कहा कि मलेशिया मास्टर्स फाइनल में चीन की वांग झि यि से हारने के बावजूद अगले टूर्नामेंट के लिए उनका मनोबल बढ़ेगा. सिंधू का लक्ष्य पेरिस ओलंपिक में तीसरा पदक हासिल करना है, वह रविवार को यहां 79 मिनट तक चले महिला एकल फाइनल में दुनिया की सातवें नंबर की चीन की खिलाड़ी से 21-16, 5-21, 16-21 पराजित हो गयीं.
विश्व रैंकिंग में 15वें नंबर पर काबिज सिंधू ने कहा, ”निराशाजनक है कि मैं उम्मीद के अनुरूप नतीजा हासिल नहीं कर सकी. मैंने निर्णायक गेम में बढ़त बनायी हुई थ, मुझे इसे जीतना चाहिए था लेकिन इस दौरान काफी अच्छी रैलियां हुईं और वांग ने भी वापसी की. ” उन्होंने कहा, ”मैं इतना ही कह सकती हूं कि यह काफी अच्छा मैच रहा. थोड़ा निराशाजनक रहा लेकिन इस मैच में काफी सकारात्मक चीजें रही बल्कि पूरे टूर्नामेंट में सीखने के लिए काफी सकारात्मक चीजें रहीं. ” सिंधू 2023 में मैड्रिड स्पेन मास्टर्स के फाइनल में पहुंचने के बाद पहली बार यहां फाइनल में पहुंची.
उन्होंने कहा कि वह टूर्नामेंट के इस चरण में पहुंचकर खुश थीं. उन्होंने अंतिम दफा सिंगापुर ओपन और 2022 में राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीता था. इसके बाद से बायें टखने में ‘स्ट्रेस फ्रेक्चर’ के कारण वह करीब छह महीने तक खेल से बाहर रहीं. पिछले साल फरवरी में ही उन्होंने वापसी की. सिंधू ने कहा, ”खुश हूं कि कम से कम फाइनल में पहुंची. मैंने अच्छा खेल दिखाया. ये मैच निश्चित रूप से मेरा आत्मविश्वास बढ़ायेंगे. लेकिन मैं फाइनल मुकाबले को जीत सकती थी. ” सिंधू दूसरे गेम में केवल पांच अंक ही जुटा पायीं थी और इस पूर्व विश्व चैम्पियन ने स्वीकार किया कि उन्होंने काफी सारी गलतियां कीं.



