
उदयपुर. केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने रविवार को कहा कि ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ केवल नारा नहीं, बल्कि एक विचार है. शेखावत ने उदयपुर में संवाददाताओं से कहा, ”यह नारा नहीं, बल्कि एक विचार है. किसी विषय को देखने का अपना नजरिया हो सकता है. धार्मिक राजनीति करने वाली ताकतों ने इसे धार्मिक नजरिये से देखा है.” शेखावत ने आरोप लगाया कि कांग्रेस विभाजन की राजनीति करती है और इस नारे को धार्मिक नजरिये से देखती है. उन्होंने आरोप लगाया, ”कांग्रेस ने देश को धर्म, अमीर-गरीब के नाम पर बांटा, जाति के नाम पर बांटने की साजिश रची. वे इस नारे को धार्मिक बयान के तौर पर देखते हैं. दोष बयान का नहीं, बल्कि उनके नजरिये का है.”
उन्होंने कहा, ”जहां भी हम बंटे हैं, वह हिस्सा भारत से कटा हुआ है, इसलिए हमें बंटना नहीं चाहिए, हमें एकजुट रहना चाहिए.” मंत्री ने कहा कि कम हिंदू आबादी वाले क्षेत्र को भारत से काट दिया गया. उन्होंने कहा, ”चाहे वह अफगानिस्तान हो या पाकिस्तान. बाद में कश्मीर में अलगाव की राजनीति करने की कोशिश की गई.” शेखावत ने कहा कि पूरा विश्व मानता है कि यह ”भारत की सदी” है और केवल एकता से ही भारत विश्व का सबसे शक्तिशाली और समृद्ध राष्ट्र बन सकेगा.



