
भुवनेश्वर/ब्रह्मपुर/नयी दिल्ली. ओडिशा के प्रसिद्ध गोपालपुर समुद्र तट पर 20 वर्षीय एक युवती से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में चार नाबालिगों समेत दस लोगों को मंगलवार को पकड़ा गया. पुलिस ने यह जानकारी दी. पुलिस के अनुसार, यह घटना रविवार रात की है जब निजी कॉलेज में स्नातक की पढ़ाई कर रही उक्त छात्रा अपने सहपाठी और प्रेमी के साथ ‘राजा पर्व’ के अवसर पर समुद्र तट पर गई थी.
महिला ने गोपालपुर थाने में दर्ज कराई गई शिकायत में आरोप लगाया कि जब वे दोनों समुद्र तट पर एक सुनसान जगह पर बैठे थे, तब 10 लोगों के एक समूह ने उन्हें घेर लिया, उसके प्रेमी को पकड़ा और फिर बारी-बारी से महिला के साथ बलात्कार किया. पुलिस के एक अधिकारी ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ”शुरुआत में सात लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया था. बाद में सभी 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया.” उन्होंने बताया कि आरोपी दूसरे राज्य में भागने की कोशिश कर रहे थे, तभी उन्हें पकड़ लिया गया.
गंजाम के पुलिस अधीक्षक श्रवण विवेक एम ने कहा, “तीन आरोपियों ने बारी-बारी से युवती का बलात्कार किया, जबकि सात अन्य उनके आसपास खड़े थे.” उन्होंने बताया कि मामले की जांच के लिए एक विशेष पुलिस टीम गठित की गई है. उन्होंने कहा, “पुलिस अदालत से अनुरोध करेगी कि जिन नाबालिगों ने जघन्य अपराध में भाग लिया है, उन्हें बालिग मानकर सुनवाई की जाए.” पुलिस ने बताया कि पीड़िता का चिकित्सकीय परीक्षण करा लिया गया है. पुलिस के अनुसार, पीड़िता तीन अन्य महिलाओं के साथ एक निजी मेस में रहती है.
इस बीच, उपमुख्यमंत्री प्रवती परिदा ने बताया कि उन्होंने गंजाम जिले के पुलिस अधीक्षक श्रवण विवेक एम से बात की है और इस मामले की पूरी जांच कराने एवं भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों, इसके लिए जरूरी कदम उठाने के निर्देश दिए हैं. इस घटना से पूरे राज्य में आक्रोश फैल गया है क्योंकि गंजाम जिले का यह समुद्र तट दूर-दराज. से आने वाले पर्यटकों के लिए एक लोकप्रिय स्थल है. विपक्ष के नेता नवीन पटनायक ने घटना को “बेहद चौंकाने वाली” बताया.
उन्होंने कहा, “गोपालपुर समुद्र तट पर महिला से सामूहिक बलात्कार की खबर बेहद स्तब्ध करने वाली है और इससे हर कोई हिल गया है. यह कृत्य निंदनीय है. पर्यटन स्थलों पर महिलाओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं.” उन्होंने कहा, “सरकार को महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराधों को रोकने के लिए सतर्क रहना चाहिए और कड़े कदम उठाने चाहिए.” कांग्रेस विधायक सोफिया फिरदौस ने कहा कि वह इस घटना से “हिल” गई हैं.
उन्होंने कहा, “कॉलेज छात्रा के साथ जो हुआ वह बेहद भयावह है. दस लोगों ने उसके साथ बेरहमी से सामूहिक दुष्कर्म किया. उसके पुरुष मित्र को बांधकर एक ओर छोड़ दिया गया. यह सिर्फ एक अपराध नहीं है, यह राज्य में कानून व्यवस्था की पूरी विफलता को दर्शाता है.” फिरदौस ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने में असफल रही है. उन्होंने कहा, “भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सरकार को इस अव्यवस्था के लिए जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए. एक महिला होने के नाते, मैं चुप नहीं बैठूंगी. न कोई देरी, न कोई रहम. दोषियों को सबसे कड़ी सजा मिलनी चाहिए. पीड़िता अकेली नहीं है. हम इस मामले को भूलने नहीं देंगे.”
दुष्कर्म मामले में त्वरित कार्रवाई हो, शेष आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करें : एनसीडब्ल्यू
राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने ओडिशा के गोपालपुर समुद्र तट पर 20 वर्षीय छात्रा के साथ कथित तौर पर हुई सामूहिक बलात्कार की घटना का स्वत: संज्ञान लिया है और इस घटना को ”हतप्रभ करने वाला” करार दिया एवं राज्य प्राधिकारियों से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की.
एनसीडब्ल्यू अध्यक्ष ने मामले में त्वरित और समयबद्ध जांच तथा पीड़िता को व्यापक सहायता प्रदान करने का आ”ान किया.
आयोग ने कहा, ”पीड़ित को नि:शुल्क चिकित्सा और मनोवैज्ञानिक सहायता दी जानी चाहिए.” उसने कहा कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 396 के तहत पीड़िता को मुआवजा सुनिश्चित किया जाना चाहिए. इस धारा के तहत अपराध पीड़िता को मुआवजा देने का प्रावधान है. एनसीडब्ल्यू ने राज्य पुलिस से तीन दिन के भीतर कार्रवाई रिपोर्ट भी तलब की है.



