कोलकाता. पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के टीटागढ़ इलाके में एक स्कूल में हुए बम विस्फोट के मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने रविवार को यह जानकारी दी. बैरकपुर पुलिस आयुक्तालय के अधिकारी ने बताया कि 18-19 साल की उम्र के आरोपियों को आधी रात के करीब कमरहाटी और टीटागढ़ इलाकों से पकड़ा गया.
उन्होंने कहा, ‘‘हम उनसे पूछताछ करके सभी संभावित पहलुओं का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं. गिरफ्तार किए गए लोगों में से एक कमरहाटी का है, जबकि बाकी टीटागढ़ के हैं.’’ शनिवार को कक्षा में पढ़ाई के दौरान स्कूल की इमारत की छत पर देसी बम में विस्फोट हुआ था. पुलिस ने कहा कि घटना में कोई हताहत नहीं हुआ, क्योंकि छात्र और शिक्षक तीन मंजिला इमारत की पहली दो मंजिलों पर स्थित कमरों में थे.
अधिकारी ने कहा कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि आरोपियों ने स्कूल के गेट पर एक शक्तिशाली देसी बम फेंकने के अपने प्रारंभिक इरादे को बदल दिया था, क्योंकि घटनास्थल पर भीड़ थी. उन्होंने कहा कि वे इस कृत्य को अंजाम देने के लिए बगल की एक इमारत की छत पर चढ़ गए.
अधिकारी ने कहा कि गिरफ्तार किए गए लोगों में से तीन स्कूल के पूर्व छात्र हैं. घटना के पीछे आरोपी और स्कूल के कुछ अन्य छात्रों के बीच व्यक्तिगत दुश्मनी को प्राथमिक मकसद माना जा रहा है. उन्होंने कहा कि एक आरोपी के आवास पर तलाशी अभियान के दौरान 10 देसी बम मिले. इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने बम विस्फोट मामले की जांच राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) से कराए जाने की मांग की है.
बंगाल विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘ मैं (एनआईए जांच के लिए) सोमवार को केंद्रीय गृह मंत्रालय के समक्ष मांग रखूंगा.’’ शुभेंदु अधिकारी की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए तृणमूल कांग्रेस सांसद सौगत रॉय ने कहा कि हर घटना के लिए एनआईए जांच की मांग करना भाजपा की आदत हो गई है.
इससे पहले दिन में, भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष दिलीप घोष ने कहा कि शनिवार की घटना इस तथ्य की ओर इशारा करती है कि ‘‘पश्चिम बंगाल में स्कूली छात्र भी सुरक्षित महसूस नहीं कर सकते.’’ घोष ने दावा किया, ‘‘तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के शासन में राज्य में शिक्षा के क्षेत्र ने अपनी अंतिम यात्रा शुरू कर दी है… युवा पिस्तौल और बम लेकर घूम रहे हैं… क्योंकि पश्चिम बंगाल में कोई रोजगार नहीं है.’’ घोष की टिप्पणी पर पलटवार करते हुए सौगत रॉय ने कहा कि पुलिस अपना काम कर रही है और जांच जारी है. दमदम के लोकसभा सदस्य ने आरोप लगाया, ‘‘भाजपा को इसका राजनीतिकरण नहीं करना चाहिए, जो बदमाशों को संरक्षण देती है.’’