भुवनेश्वर/बेरहामपुर. रूस के एक सांसद सहित दो रूसी पर्यटकों की मौत की जांच जारी रहने के बीच राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने रायगड़ा के पुलिस अधीक्षक को एक नोटिस जारी कर चार हफ्तों के अंदर एक कार्रवाई रिपोर्ट (एटीआर) मांगी है.
यह आदेश बेरहामपुर शहर के मानवाधिकार कार्यकर्ता रवींद्र कुमार मिश्रा की एक याचिका के आधार पर जारी किया गया है.
एनएचआरसी ने कहा कि कार्रवाई रिपोर्ट पत्र प्राप्ति की तारीख के चार हफ्तों के अंदर सौंपी जाए. पत्र शुक्रवार को जारी किया गया था.
रायगड़ा में 24 दिसंबर को एक होटल की तीसरी मंजिल से कथित तौर पर गिरने के बाद रूसी सांसद पावेल एंतोव (65) की मौत हो गई, जबकि उनके मित्र व्लादिमीर बिदेनोव (61) को 22 दिसंबर को अपने कमरे में मृत पाया गया था.
मौतों की जांच में सीआईडी की सहायता के लिए दो फोरेंसिक विशेषज्ञों सहित अपराध शाखा की चार सदस्यीय एक टीम का गठन किया गया है. एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, जांच एजेंसी ने एंतोव और बिदेनोव के शव के अवशेष रायगड़ा के पास एक श्मशान घाट से एकत्र किये हैं. इसमें कहा गया है कि इन अवशेषों को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा जाएगा.
रूसी सांसद की पोस्टमार्टम रिपोर्ट से संकेत मिलता है कि ऊंचाई से गिरने के बाद अंदरूनी चोटों के चलते उनकी मौत हुई, जबकि बिदेनोव की मौत दिल का दौरा पड़ने से हुई. दोनों के परिवार के सदस्यों और रूसी दूतावास की सहमति से उनकी अंत्येष्टि की गई. जांच दल ने होटल के उन कमरों की जांच की है, जहां दोनों विदेशी पर्यटक 21 दिसंबर से ठहरे थे. दल ने उनके उपकरणों तथा अन्य सामान अपने कब्जे में ले लिए हैं.
अपराध शाखा की टीम ने रूसी दंपती तुरोव मिखाइल और पेन सेंको नतालिया के बयान भी दर्ज किये हैं, जो एंतोव और बिदेनोव के साथ थे. ओडिशा पुलिस ने रूसी दंपती मिखाइल और नतालिया को फिलहाल भारत नहीं छोड़ने को कहा है क्योंकि जांच प्रगति पर है.
इस बीच, ओडिशा के पुलिस महानिदेशक एस के बंसल ने कहा कि जांच में सर्वश्रेष्ठ जांचकर्ताओं को लगाया गया है और अब तक किसी गड़बड़ी का कोई साक्ष्य नहीं मिला है. उल्लेखनीय है कि एंतोव और बिदेनोव सहित चार रूसियों का एक समूह दिल्ली के पर्यटक गाइड जितेंद्र सिंह के साथ 19 दिसंबर को ओडिशा पहुंचा था.