
नयी दिल्ली. हिंदी फिल्म ‘रॉकेट्री: द नंबी इफेक्ट’ ने बृहस्पतिवार को 2021 के लिए सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म का राष्ट्रीय पुरस्कार जीता जबकि आलिया भट्ट और कृति सैनन ने सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री तथा अल्लू अर्जुन ने सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार जीता. बॉलीवुड कलाकार भट्ट और सैनन ने क्रमश: ”गंगूबाई काठियावाड़ी” और ”मिमी” में अपनी भूमिकाओं के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का पुरस्कार साझा किया. दक्षिण भारतीय फिल्मों के सुपरस्टार अल्लू अर्जुन को तेलुगु फिल्म ‘पुष्पा: द राइज (पार्ट 1)’ के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय पुरस्कार देने का फैसला किया गया है.
सर्वश्रेष्ठ निर्देशक का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मराठी फिल्म ‘गोदावरी’ के लिए निखिल महाजन को दिया गया. फिल्म निर्माता केतन मेहता ने राष्ट्रीय पुरस्कार, 2021 के लिए 11 सदस्यीय जूरी की अध्यक्षता की. पंकज त्रिपाठी को ‘मिमी’ के लिए सर्वश्रेष्ठ सहायक कलाकार और पल्लवी जोशी को ‘द कश्मीर फाइल्स’ के लिए सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का पुरस्कार देने की घोषणा की गयी है. त्रिपाठी ने यह पुरस्कार अपने पिता को सर्मिपत किया है जिनका हाल में निधन हो गया.
विवेक रंजन अग्निहोत्री के निर्देशन वाली ‘द कश्मीर फाइल्स’ ने राष्ट्रीय एकीकरण पर सर्वश्रेष्ठ फिल्म के लिए नरगिस दत्त पुरस्कार भी जीता. अग्निहोत्री ने कहा कि वह इस पुरस्कार को आतंकवाद के पीड़ितों खासतौर से कश्मीरी हिंदुओं को सर्मिपत करते हैं.
”आरआरआर” ने छह पुरस्कार जीते हैं.
इस फिल्म के संगीत निर्देशक एम एम कीरावनी ने ‘पुष्पा…’ के संगीत निर्देशक देवी प्रसाद के साथ सर्वश्रेष्ठ संगीत निर्देशन का पुरस्कार साझा किया. एसएस राजमौली द्वारा निर्देशित फिल्म ने दर्शकों को भरपूर मनोरंजन प्रदान करने के लिए सर्वश्रेष्ठ लोकप्रिय फिल्म, काला भैरव को सर्वश्रेष्ठ पुरुष पार्श्व गायक, सर्वश्रेष्ठ स्पेशल इफेक्ट्स, सर्वश्रेष्ठ एक्शन निर्देशन और सर्वश्रेष्ठ कोरियोग्राफी का पुरस्कार भी जीता.
कमाठीपुरा की ताकतवर और प्रतिष्ठित वेश्या पर संजय लीला भंसाली की भव्य बायोपिक ”गंगूबाई काठियावाड़ी” ने पांच पुरुस्कार जीते. आलिया भट्ट को सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री के अलावा भंसाली ने उ्त्किकषनी वशिष्ठ के साथ सर्वश्रेष्ठ स्क्रीनप्ले लेखक और फिल्म के लिए सर्वश्रेष्ठ संपादन का पुरस्कार भी जीता. वशिष्ठ तथा प्रकाश कपाड़िया ने इस फिल्म के लिए सर्वश्रेष्ठ संवाद लेखक और प्रीतिशील सिंह डिसूजा ने सर्वश्रेष्ठ मेकअप कलाकार का पुरस्कार भी जीता.
भंसाली ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ”मैं उन सभी लोगों के लिए खुश हूं जिन्होंने पुरस्कार जीते हैं…अच्छे सिनेमा को पहचान मिलती है और सरकार तथा राष्ट्रीय स्तर पर और सम्मानित जूरी से सराहना मिलने पर हमेशा आपको खुशी मिलती है.” भंसाली का यह सातवां राष्ट्रीय पुरस्कार है. उन्हें पहले ‘पद्मावत’, ‘बाजीराव मस्तानी’, ‘मैरी कॉम’, ‘देवदास’ और ‘ब्लैक’ के लिए भी राष्ट्रीय पुरस्कार मिल चुके हैं.
उन्होंने कहा कि वह खुश हैं कि आलिया भट्ट को उनके निर्देशन वाली फिल्म के लिए पहला राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिला है.
उन्होंने कहा, ”मैंने उनसे बात की है और उन्हें कहा, ‘एक लड़की थी जिसने कहा था, ”सर क्या आप मुझे इस भूमिका के लिए उपयुक्त मानते हैं, मैं नहीं जानती, मैं बहुत घबरायी हुई हूं.” अब उन्हें राष्ट्रीय पुरस्कार मिल रहा है और मैंने उनसे कहा, ”ईश्वर का शुक्रिया, आपका पहला राष्ट्रीय पुरस्कार मेरी फिल्म के लिए है.” श्रेया घोषाल ने फिल्म ”इराविन निझाल” के लिए अपने गीत ”मायावा छायावा” के लिए सर्वश्रेष्ठ महिला पार्श्व गायिका का पुरस्कार जीता.
‘ऑरिजिनल स्क्रीनप्ले’ का पुरस्कार मलयालम फिल्म ”नायट्टू” और उसके लेखक शाही कबीर को दिया गया. मलयालम फिल्म ”मेप्पदियां” के निर्देशक को सर्वश्रेष्ठ डेब्यू (नवोदित) फिल्म के लिए इंदिरा गांधी पुरस्कार मिला है जबकि सामाजिक मुद्दों पर सर्वश्रेष्ठ फिल्म का पुरस्कार असमी फिल्म ”अनुनाद-द रेजोनेंस” को मिला है. शूजीत सरकार की बायोपिक ”सरदार उधमसिंह” ने सर्वश्रेष्ठ हिंदी फिल्म के साथ ही सर्वश्रेष्ठ सिनेमैटोग्राफी (री-रिकॉर्डिंग फाइनल मिक्सिंग), सर्वश्रेष्ठ प्रोडक्शन डिजाइन और कॉस्ट्यूम (वस्त्र) डिजाइन का पुरस्कार जीता है.
शूजीत सरकार ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ”मैं आभारी हूं कि राष्ट्रीय पुरस्कार जूरी ने इसे (फिल्म को) पहचाना, उन्होंने फिल्म को बहुत ज्यादा सम्मान और प्यार दिया है. सरदार उधम जैसे क्रांतिकारी पर फिल्म, जिसमें भगत सिंह और जलियांवाला बाग घटना भी शामिल है और इसे इस तरह पहचान तथा सम्मान मिलता है. हम राष्ट्रीय पुरस्कारों के कारण फिल्मों को याद रखते हैं और हम इन फिल्मों को लंबे वक्त तक भी याद रखते हैं. मैं गौरवान्वित और सम्मानित महसूस कर रहा हूं.” जूरी को 28 भाषाओं में 280 फीचर फिल्मों के लिए आवेदन मिला था.
थिएटर में 2022 में प्रर्दिशत हुई फिल्मों को 2021 के लिए पुरस्कार दिए जाने के बारे में पूछे गए सवाल पर सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव नीरजा शेखर ने कहा, ”नियमों के अनुसार पात्र फिल्में एक जनवरी 2021 से 31 दिसंबर 2021 तक सत्यापित और प्रर्दिशत की गईं.”
राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार 2021 : विजेताओं की सूची
बृहस्पतिवार को घोषित 69वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार, 2021 के विजेताओं की सूची इस प्रकार है :
फीचर फिल्म श्रेणी-
सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म : रॉकेट्री : द नंबी इफेक्ट
सर्वश्रेष्ठ निर्देशन : गोदावरी के लिए निखिल महाजन
सर्वश्रेष्ठ अभिनेता : ‘पुष्पा : द राइज’ के लिए अल्लू अर्जुन
सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री : गंगूबाई के लिए आलिया भट्ट और मिमी के लिए कृति सैनन
सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेता : मिमी के लिए पंकज त्रिपाठी
सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री : द कश्मीर फाइल्स के लिए पल्लवी जोशी सर्वश्रेष्ठ
लोकप्रिय फिल्म (भरपूर मनोरंजन के लिए) : आरआरआर
राष्ट्रीय एकीकरण पर सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म के लिए नरगिस दत्त पुरस्कार : द कश्मीर फाइल्स
सामाजिक मुद्दों पर सर्वश्रेष्ठ फिल्म : अनुनाद- द रेजोनेंस निर्देशक श्रेणी में
सर्वश्रेष्ठ डेब्यू फिल्म के लिए इंदिरा गांधी पुरस्कार : मेप्पदियां के लिए विष्णु मोहन
सर्वश्रेष्ठ बाल कलाकार : लास्ट फिल्म शो (छेलो शो) के लिए भाविन राबरी
विशेष जूरी पुरस्कार : शेरशाह के लिए विष्णु वर्धन
सर्वश्रेष्ठ संगीत निर्देशन – संगीत निर्देशक (गीत) : ‘पुष्पा: द राइज’ के लिए देवी श्री प्रसाद
संगीत निर्देशक (बैकग्राउंट स्कोर) : आरआरआर के लिए एम एम कीरवानी
सर्वश्रेष्ठ मेकअप आर्टस्टि : गंगूबाई काठियावाड़ी के लिए प्रीतिशील सिंह डिसूजा
सर्वश्रेष्ठ कॉस्ट्यूम डिजाइनर : सरदार उधम सिंह के लिए वीरा कपूर
सर्वश्रेष्ठ स्क्रीनप्ले लेखक (मौलिक) : नायट्टू के लिए शाही कबीर
सर्वश्रेष्ठ स्क्रीनप्ले लेखक (रूपांतरित) : गंगूबाई काठियावाड़ी के लिए संजय लीला भंसाली एवं उ्त्किकषनी वशिष्ठ
सर्वश्रेष्ठ संवाद लेखक : गंगूबाई…के लिए उ्त्किकषनी वशिष्ठ और प्रकाश कपाडिया
सर्वश्रेष्ठ सिनेमैटोग्राफी : सरदार उधम सिंह के लिए अविक मुखोपाध्याय
सर्वश्रेष्ठ महिला पार्श्व गायिका : इराविन निझाल से मायावा छायावा के लिए श्रेया घोषाल सर्वश्रेष्ठ
पुरुष पार्श्व गायक : आरआरआर से कोमुराम भीमुदो के लिए कालभैरव
सर्वश्रेष्ठ नॉन-फीचर फिल्म : एक था गांव सर्वश्रेष्ठ
पर्यावरण फिल्म : मुन्नम वलावु
सर्वश्रेष्ठ एनीमेशन फिल्म : लुकिंग फॉर चालान
स्पेशल मेंशन (क्रिटिक) : सुब्रमण्य बदूर.



