
कांकेर. छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित भानुप्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र में मतदान समाप्त हो गया है. इस सीट पर अपराह्न तीन बजे मतदान समाप्त होने के वक्त तक लगभग 65 फीसदी मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया. निर्वाचन अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि भानुप्रतापपुर विधानसभा सीट के लिए सुबह सात बजे मतदान की शुरुआत हुई तथा तीन बजे मतदान समाप्ति तक 64.86 फीसदी मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया था.
अधिकारियों ने बताया कि तीन बजे मतदान केन्द्रों के दरवाजे बंद होने से पहले कई मतदाता परिसर में मौजूद थे, जिससे मतदान प्रतिशत में बढ़ोतरी की संभावना है. वोटों की गिनती और परिणाम की घोषणा आठ दिसंबर को होगी. कांकेर जिले के भानुप्रतापपुर विधानसभा सीट से कांग्रेस के विधायक व विधानसभा के उपाध्यक्ष मनोज सिंह मंडावी का 16 अक्टूबर को दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया था. इसी कारण यह सीट रिक्त हुई.
अधिकारियों ने बताया कि सुबह से ही मतदान केन्द्र के सामने मतदाताओं की लंबी कतारें देखी गई. क्षेत्र के तेलगरा मतदान केन्द्र में कांग्रेस की प्रत्याशी सावित्री मंडावी ने सबसे पहले मतदान किया. वहीं भाजपा के उम्मीदवार ब्रह्मानंद नेताम ने अपने गृह ग्राम कसावाही में मतदान किया. अधिकारियों ने बताया कि भानुप्रतापपुर क्षेत्र में कुल 1,95,822 मतदाता पंजीकृत हैं जिनमें 9,05,266 पुरुष और 1,00,555 महिला मतदाता हैं. वहीं एक मतदाता थर्ड जेंडर में भी पंजीकृत है.
उन्होंने बताया कि भानुप्रतापपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए कुल 256 मतदान केन्द्र बनाए गए हैं. इनमें से 82 मतदान केन्द्र नक्सलियों से खतरे के मामले में संवेदनशील और 17 मतदान केन्द्र अति संवेदनशील हैं. राजनीतिक रूप से संवेदनशील मतदान केन्द्रों की संख्या 23 है. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि भानुप्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र में मतदान के लिए अर्धसैनिक बलों सहित लगभग 2,500 सुरक्षार्किमयों को तैनात किया गया है.
उपचुनाव के लिए कुल सात उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं, लेकिन सत्ताधारी दल कांग्रेस और विपक्षी दल भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बीच सीधी लड़ाई है. इस सीट से कांग्रेस ने दिवंगत विधायक की पत्नी सावित्री मंडावी को मैदान में उतारा है, जबकि भाजपा के उम्मीदवार पूर्व विधायक ब्रह्मानंद नेताम हैं.
वहीं बस्तर में आदिवासियों की संस्था सर्व आदिवासी समाज ने भी अपने उम्मीदवार अकबर राम कोर्राम को चुनाव के लिए मैदान में उतारा है. कोर्राम निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं. कोर्राम भारतीय पुलिस सेवा के पूर्व अधिकारी हैं. वह 2020 में पुलिस उपमहानिरीक्षक के पद से सेवानिवृत्त हुए थे.
इस उपचुनाव के लिए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल तथा कांग्रेस के अन्य वरिष्ठ नेताओं ने अपनी पार्टी की ओर से प्रचार किया तथा भाजपा के लिए पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह और पार्टी की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष अरुण साव ने प्रचार किया. राज्य में 2018 में बघेल के नेतृत्व में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद चार उपचुनाव हुए और सभी में कांग्रेस की जीत हुई है. राज्य विधानसभा की 90 सीट में से वर्तमान में कांग्रेस के 70, भारतीय जनता पार्टी के 14, जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के तीन तथा बहुजन समाज पार्टी के दो विधायक हैं. वहीं एक सीट रिक्त है.



