
भोपाल. कांग्रेस की मध्यप्रदेश इकाई की एक महिला पदाधिकारी का एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें वह अखिल भारतीय महिला कांग्रेस की अध्यक्ष अलका लांबा पर मंगलवार को हुई पार्टी की एक बैठक में उन्हें जूते मारकर बाहर निकालने की धमकी दिये जाने का आरोप लगाती नजर आ रही है. महिला पदाधिकारी ने लांबा पर आरोप लगाया कि धमकी देने के बाद उन्होंने उसे पार्टी से निकाले जाने की बात भी कही.
जब संवाददाताओं ने लांबा से घटना पर प्रतिक्रिया मांगी तो वह कार में बैठकर कार्यक्रम स्थल से रवाना हो गईं और फोन कॉल का भी जवाब नहीं दिया. मध्यप्रदेश महिला कांग्रेस की अध्यक्ष विभा पटेल ने भोपाल में हुई बैठक के दौरान ऐसी किसी भी घटना होने से इनकार किया है. लांबा, महिला कांग्रेस की कार्यकारी समिति और जिला अध्यक्षों की बैठक में भाग लेने के लिए भोपाल पहुंची थीं.
सिंगरौली जिले की पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष मधु शर्मा ने दावा किया, “जब मैंने उनसे (अलका लांबा) पूछा कि पिछले 40 वर्ष में हमने विभिन्न पदों पर काम किया है तो पार्टी महासचिवों की सूची से हमारा नाम क्यों गायब है, उन्होंने (लांबा) कहा ‘जूते से मारूंगी, बाहर निकल जाओ’.” मधु ने कहा कि लांबा ने मुझसे यह भी कहा कि मुझे पार्टी से निकाल दिया गया है.
मधु ने कांग्रेस कार्यालय में संवाददाताओं से कहा, “मैं अब सोनिया गांधी, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी सहित पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के पास जाऊंगी.” विधानसभा में पूर्व नेता प्रतिपक्ष और विधायक अजय सिंह राहुल भैया ने इस घटना को ‘दुर्भाग्यपूर्ण’ करार दिया और मामले की जांच की मांग की.
इससे पहले दिन में पीटीआई-भाषा से बात करते हुए लांबा ने कहा, ” महिलाओं को महंगाई के कारण मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है. उन्हें मोदी जी के वादे के अनुरूप 450 रुपये में एलपीजी सिलेंडर नहीं मिल रहा है. बलात्कार और दहेज हत्या जैसे महिलाओं के खिलाफ अपराध समाचार पत्रों की सुर्खियां बने हैं. महिला आरक्षण विधेयक पारित होने पर इसे लागू करने के लिए केंद्र पर दबाव बनाया जाएगा. ”



