
चेन्नई. कांग्रेस की तमिलनाडु इकाई के अध्यक्ष के.. सेल्वापेरुन्थागई ने रविवार को अपने पार्टी पदाधिकारियों को दोपहिया वाहनों और पदयात्राओं के जरिए तिरंगा मार्च निकालने को कहा. इसके साथ ही उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर निशाना साधते हुए कहा कि वह तिरंगा यात्रा निकालकर राष्ट्रीय ध्वज को ”हथियाने” का प्रयास कर रही है. सेल्वापेरुन्थागई ने कहा कि भाजपा सहित कोई भी ताकत तिरंगे के साथ कांग्रेस पार्टी के लगाव को तोड़ नहीं सकती और सभी को स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने एवं जश्न मनाने का अधिकार है.
कांग्रेस नेता ने एक बयान में कहा कि भाजपा राज्यों में तिरंगा रैलियां आयोजित करके तिरंगे को ”हथियाने” का प्रयास कर रही है. उन्होंने कहा कि आमतौर पर पहले ऐसा नहीं होता था, लेकिन जब से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अपील की है तब से ही तिरंगा रैली निकाली जा रही हैं.
सेल्वापेरुन्थागई ने कहा कि 12 से 15 अगस्त तक जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्षों को अपने-अपने जिला मुख्यालयों में ‘तिरंगा मोटरसाइकिल रैलियां’ आयोजित करनी चाहिए तथा गांवों और तालुकाओं में राष्ट्रीय ध्वज लेकर पदयात्राएं निकाली जानी चाहिए.
उन्होंने कहा कि इस तरह का आयोजन कर स्वतंत्रता आंदोलन, गांधी जी द्वारा निभाई गई भूमिका और पार्टी की महत्वपूर्ण भूमिका का उल्लेख करते हुए लोगों को कांग्रेस पार्टी का राष्ट्रीय ध्वज के साथ जुड़ाव और बंधन समझाया जाना चाहिए.
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने 52 साल तक राष्ट्रीय ध्वज नहीं फहराया. उन्होंने कहा कि केवल 15 अगस्त 1947 और 26 जनवरी 1950 को नागपुर स्थित आरएसएस मुख्यालय पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया था.
सेल्वापेरुन्थागई ने दावा किया कि 52 वर्षों के अंतराल के बाद आरएसएस ने 26 जनवरी 2001 को ही राष्ट्रीय ध्वज फहराया था. उन्होंने कहा कि आरएसएस ने राष्ट्रीय ध्वज का बहिष्कार किया और उसका अपमान किया तथा अब भाजपा इसे हथियाने का प्रयास कर रही है और यह एक ‘षड्यंत्र’ है.
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नौ अगस्त को लोगों से ‘हर घर तिरंगा’ अभियान को एक यादगार जन-आंदोलन बनाने का आग्रह किया. उन्होंने लोगों से प्रोफाइल तस्वीर की जगह राष्ट्रीय ध्वज लगाने की भी अपील की. इसके बाद भाजपा ने 11 से 14 अगस्त तक तिरंगा यात्रा निकालने की घोषणा की.



