
नयी दिल्ली: उत्तर-पूर्वी दिल्ली के शास्त्री पार्क स्थित फर्नीचर बाजार में भीषण आग लगने से कई दुकानें जलकर खाक हो गईं और लाखों रुपये का नुकसान हुआ। दिल्ली अग्निशमन सेवा (डीएफएस) के अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि शुक्रवार रात लगी आग पर काबू पाने के लिए कार्रवाई में कथित देरी से नाराज स्थानीय लोगों ने दमकल गाड़ियों पर पथराव किया। हालांकि डीएफएस ने आरोपों को खारिज कर दिया।
अधिकारियों ने बताया कि आग बुझाने का काम रातभर जारी रहा और इस घटना में किसी के हताहत होने की कोई सूचना नहीं है। घटनास्थल के वीडियो में दुकानें राख में बदलती दिखीं। डीएफएस अधिकारियों के अनुसार, आग न्यू सीलमपुर मेट्रो स्टेशन के निकट स्थित फर्नीचर बाजार में लगी और लकड़ी के फर्नीचर एवं प्लाईवुड जैसी अत्यधिक ज्वलनशील सामग्री मौजूद होने के कारण तेजी से फैल गई।
डीएफएस के एक अधिकारी ने बताया कि विभाग को रात 11 बजकर 57 मिनट पर आग लगने की सूचना मिली और दमकल गाड़ियों को तुरंत रवाना किया गया। अधिकारी ने कहा, ”बाद में आग को मध्यम श्रेणी की आग के रूप में वर्गीकृत किया गया। घटनास्थल पर लकड़ी का फर्नीचर और प्लाईवुड मुख्य ज्वलनशील पदार्थ थे। आग बुझाने के काम में लगभग 25-26 दमकल गाड़ियों को लगाया गया।” उन्होंने बताया कि अभियान के दौरान कुछ लोगों ने दमकल र्किमयों पर पथराव किया, जिसके बाद रात लगभग 12 बजकर 50 मिनट पर पुलिस सहायता मांगी गई।
कुछ लोगों ने दावा किया कि दमकल गाड़ियां मौके पर देर से पहुंचीं, जिसके कारण ईद-उल-अजहा से पहले व्यापारियों को बड़ा आर्थिक नुकसान हुआ।
एक स्थानीय निवासी ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ”आग रात लगभग 11 बजकर 15 मिनट पर लगी और दमकल गाड़ियां लगभग एक घंटे बाद पहुंचीं। हमें नहीं पता कि दो दुकानों में आग कैसे लगी।
पूरा बाजार तबाह हो गया है और केवल लगभग 20 दुकान बची हैं। सभी को भारी नुकसान हुआ है। यह हमारे त्योहार का समय है।” उसने दावा किया कि वह आग लगने के लगभग 45 मिनट बाद मौके पर पहुंचा और तब तक केवल दो दमकल गाड़ियां ही बाजार में पहुंची थीं। अधिकारियों ने बताया कि आग लगने के सटीक कारण का अभी पता नहीं चल पाया है।



