
नयी दिल्ली. भगवान शिव के प्रिय ‘नंदी’ से लेकर देवी दुर्गा के प्रचंड ‘सिंह’ तक, एक नई बाल-पुस्तक पवित्र ‘वाहनों’ – अर्थात् उन पशु-साथियों की कालातीत कथाओं का संग्रह प्रस्तुत करती है, जिन पर हिंदू देवी-देवता निर्भर करते हैं.
चितवन मित्तल द्वारा लिखित और कल्याणी गणनपति द्वारा चित्रित ”फॉरेवर फ्रेंड्स!: द गॉड्स एंड देयर वाहनास”, स्वयं वाहनों के दृष्टिकोण से कहानियों को पुन? प्रस्तुत करती है तथा इन प्रिय साथियों द्वारा निभायी जाने वाली महत्वपूर्ण भूमिकाओं का एक मजेदार और आधुनिक दृष्टिकोण प्रस्तुत करती है. यह पुस्तक आदिदेव प्रेस द्वारा प्रकाशित की गई है. मित्तल आदिदेव प्रेस के संस्थापक और संपादकीय निदेशक भी हैं.
उन्होंने कहा, ”मैंने हमेशा से ऐसी किताबें लिखने की तीव्र इच्छा जतायी है, जो हिंदू देवताओं की कहानियों को मजेदार और बच्चों के अनुकूल तरीके से प्रस्तुत करें. मैंने विभिन्न वाहनों की कहानियों और वे कैसे देवताओं के मित्र और साथी बने, इसको फिर से प्रस्तुत करने का फैसला किया, क्योंकि वे मित्रता, निष्ठा और रोमांच के बारे में हैं. ये सभी ऐसी चीजें हैं, जिन्हें युवा पाठक पढ़ना पसंद करते हैं.” अन्य वाहन, जिनकी कहानियां पुस्तक में साझा की गई हैं, उनमें भगवान कामदेव का तोता ‘शुक’; भगवान विष्णु का गरुड़, भगवान इंद्र का हाथी ‘ऐरावत’; भगवान गणेश का चूहा ‘मूषक’ और देवी सरस्वती का हंस शामिल है. प्रत्येक कहानी के साथ कई चित्र हैं, जो पाठकों के लिए पात्रों को जीवंत रूप से प्रस्तुत करते हैं.
कल्याणी गणनपति ने कहा, ”एक चित्रकार होने के नाते, मुझे प्रयोग करना अच्छा लगता है. एक नयी शैली में चित्रकारी करना एक अद्भुत अनुभव था. हर पन्ने का हर इंच एक ही समय में डराने वाला और रोमांचित करने वाला था. ‘फॉरेवर फ्रेंड्स’ एक सुंदर परिचय था उन कहानियों का, जो बताती हैं कि देवी-देवताओं को उनके वाहन कैसे मिले.”



