
मुंबई. महान बल्लेबाज सुनील गावस्कर और पूर्व खिलाड़ी विनोद कांबली समेत मुंबई के कुछ क्रिकेट नायकों को रविवार को मुंबई क्रिकेट संघ (एमसीए) द्वारा वानखेड़े स्टेडियम की 50वीं वर्षगांठ के मौके पर आयोजित जश्न के शुरूआती समारोह में सम्मानित किया गया. मुख्य कार्यक्रम 19 जनवरी को वानखेड़े स्टेडियम में आयोजित किया जाएगा. संजय मांजरेकर, वसीम जाफर, राजू कुलकर्णी, चंद्रकांत पंडित, लालचंद राजपूत, शोभा पंडित और अरुंधति घोष समेत कई अन्य क्रिकेट दिग्गजों को भी सम्मानित किया गया जिन्होंने मुंबई क्रिकेट की समृद्ध विरासत में योगदान दिया है.
गावस्कर रविवार को सम्मानित होने वाले मुंबई के पहले कप्तान थे, उन्हें एमसीए अध्यक्ष अजिंक्य नाइक ने स्मृति चिह्न भेंट किया.
गावस्कर ने कहा, ”इस प्रतिष्ठित स्टेडियम में यहां आना मेरे लिए वास्तव में बहुत बड़ा सम्मान है जिसने भारतीय क्रिकेट को बहुत कुछ दिया है और 2011 क्रिकेट विश्व कप का आयोजन तो सोने पर सुहागा रहा. वानखेड़े स्टेडियम के 50 साल पूरे होने के जश्न की शुरुआत का हिस्सा बनना, सम्मानजनक है. ” उन्होंने कहा, ”एक सलामी बल्लेबाज के रूप में मैं शुरुआत को ‘मिस’ नहीं कर सकता था इसलिए मैं यहां उपस्थित हूं. मैं एमसीए को शुभकामनायें देना चाहता हूं और स्कूल क्रिकेट के बाद से मुझे मौका देने के लिए अपनी कृतज्ञता भी व्यक्त करना चाहता हूं. ” गावस्कर ने कहा, ”मैं जो कुछ भी हूं वह एमसीए के मुझे आगे बढ.ाने की वजह से हूं. मुझे यहां बुलाने के लिए मैं आप सभी को धन्यवाद देना चाहता हूं. ” गावस्कर 1974 में वेस्टइंडीज के खिलाफ वानखेड़े स्टेडियम में पहला टेस्ट खेलने वाली भारतीय टीम के सदस्य भी थे.
पूर्व भारतीय बल्लेबाज विनोद कांबली भी इस मौके पर मौजूद थे. स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं के कारण 21 दिसंबर को उन्हें आईसीयू में भर्ती किया गया था, वह अब भी अपनी बीमारी से उबर रहे हैं, उन्हें अन्य लोगों द्वारा ले जाते हुए देखा गया. सम्मानित किये जाने के बाद कांबली ने प्रतिष्ठित वानखेड़े स्टेडियम में खेलने के दिनों के बारे में बात की. उन्होंने कहा, ‘मुझे याद है कि मैंने इंग्लैंड के खिलाफ अपना पहला दोहरा शतक यहीं लगाया था और फिर अपने करियर में कई और शतक लगाए. ” उन्होंने कहा, ”अगर कोई भी मेरे या सचिन (तेंदुलकर) की तरह भारत के लिए खेलना चाहता है तो मैं सलाह दूंगा कि आपको कड़ी मेहनत करते रहना चाहिए और ऐसा करना कभी नहीं छोड़ना चाहिए क्योंकि सचिन और मैंने बचपन से ही ऐसा किया था. ”
इस अवसर पर बोलते हुए एमसीए अध्यक्ष नाइक ने कहा, ”वानखेड़े स्टेडियम की 50वीं वर्षगांठ हमारे लिए एक विशेष अवसर है. आज भव्य समारोह की शुरुआत हुई. ” उन्होंने कहा, ”इस सप्ताह भर चलने वाले कार्यक्रम के पीछे हमारा मुख्य उद्देश्य अगली पीढ.ी को मुंबई के क्रिकेट इतिहास और मुंबई के लिए खेलने वाले पुरुष और महिला खिलाड़ियों के योगदान के बारे में बताना तथा युवा पीढ.ी को इस विरासत को आगे बढ.ाने के लिए प्रेरित करना है.” पूर्व एमसीए अध्यक्ष विजय पाटिल को भी सम्मानित किया गया.
मुंबई क्रिकेट को समर्थन और योगदान के लिए मुंबई खेल पत्रकार संघ (एसजेएएम) को भी सम्मानित किया गया. सप्ताह भर चलने वाले समारोह के हिस्से के रूप में एमसीए, एसजेएएम, महावाणिज्य दूत और आईएएस अधिकारियों की टीमों के बीच दो क्रिकेट मैच आयोजित किए गए. सचिन तेंदुलकर, रोहित शर्मा और दिलीप वेंगसरकर जैसे अन्य महान क्रिकेटर भी वानखेड़े स्टेडियम की 50वीं वर्षगांठ के अवसर पर एमसीए के भव्य समारोह का हिस्सा होंगे.
पूर्व कप्तान रवि शास्त्री, अजिंक्य रहाणे, मौजूदा टी20 अंतरराष्ट्रीय कप्तान सूर्यकुमार यादव और डायना एडुल्जी जैसे अन्य दिग्गजों के भी आने की उम्मीद है. इस 50वीं वर्षगांठ का जश्न पूरे सप्ताह जारी रहेगा. इसके बाद 1974 में वानखेड़े स्टेडियम में पहला प्रथम श्रेणी मैच खेलने वाली मुंबई टीम के सदस्यों को सम्मानित किया जाएगा. एमसीए 19 जनवरी को एक ‘कॉफी टेबल बुक’ जारी करेगा जबकि एक स्मारक डाक टिकट भी जारी किया जाएगा.



