तिरुवनंतपुरम. वामपंथी विधायक के टी जलील की रविवार को की गयी इस टिप्पणी से विवाद शुरू हो गया कि मलप्पुरम जिले में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के माध्यम से सोने की तस्करी में शामिल ज्यादातर लोग मुस्लिम समुदाय से हैं. इस पर आईयूएमएल और असंतुष्ट विधायक पी वी अनवर ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है.
सोशल मीडिया मंच ‘फेसबुक’ पर एक विस्तृत पोस्ट में सत्तारूढ़ पार्टी के विधायक ने कहा कि सोने की तस्करी और हवाला जैसे अपराधों में शामिल मुसलमानों का एक बड़ा हिस्सा मानता है कि इनमें से कोई भी गतिविधि “अधार्मिक” नहीं है. उन्होंने ऐसे अपराधों में शामिल सदस्यों के बीच जागरूकता पैदा करने के लिए समुदाय के नेताओं के हस्तक्षेप का भी आ”ान किया. उनका यह बयान मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन की मुस्लिम बहुल जिले मलप्पुरम के बारे में हाल ही में की गई कथित विवादास्पद टिप्पणी को लेकर राज्य में चल रहे राजनीतिक विवाद के बीच आया है. ‘फेसबुक’ पोस्ट में जलील ने कहा कि अपराधी चाहे किसी भी समुदाय से हों, समुदाय के सदस्यों द्वारा कड़ा विरोध व्यक्त किया जाना चाहिए.
उन्होंने कहा, “ईसाइयों को ईसाई समुदाय में हो रहे गलत कामों का विरोध करने के लिए आगे आना चाहिए और मुसलमानों को मुसलमानों द्वारा किए गए अपराधों की ओर ध्यान दिलाना चाहिए.” थावनूर के विधायक ने कहा कि हिंदुओं को अपने समुदाय के भीतर गलत प्रथाओं पर ध्यान देना चाहिए अन्यथा इस तरह के हस्तक्षेप को अन्य धर्मों द्वारा उन्हें नीचा दिखाने के प्रयास के रूप में गलत समझा जा सकता है.
उन्होंने कहा, “करिपुर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (मलप्पुरम) के आसपास सोने की तस्करी के मामलों में पकड़े गए अधिकांश लोग मुस्लिम समुदाय से हैं.” जलील ने पूछा, “इस मुद्दे पर ध्यान दिए बिना, मलप्पुरम के प्रति प्रेम का उपदेश देने वाले लोग मुस्लिम समुदाय में कौन सा सुधार और प्रगति लाना चाहते हैं?” जलील के पोस्ट के तुरंत बाद आईयूएमएल ने उनकी कड़ी आलोचना की और इसे ‘बेहद अपमानजनक’ बताया.
आईयूएमएल के वरिष्ठ नेता पी एम ए सलाम ने पूछा, “उन्होंने जो कहा वह यह था कि मुस्लिम समुदाय के लोग तस्करी कर रहे हैं. उन्हें यह जानकारी कहां से मिली? वह किस आधार पर ऐसा कह रहे हैं?” असंतुष्ट विधायक अनवर ने भी जलील की टिप्पणी पर निशाना साधते हुए कहा कि यदि थावनूर के विधायक ने वास्तव में ऐसी टिप्पणी की है तो यह उनके सार्वजनिक जीवन की “सबसे बुरी बात” है.