
नयी दिल्ली. कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की हाल में ”पाकिस्तान के कब्जे वाला कश्मीर (पीओके) जम्मू कश्मीर का हिस्सा होगा’, संबंधी ”चुनावी बयानबाजी” की रविवार को आलोचना की और पूछा कि जब उसके पास 10 साल तक पूर्ण बहुमत वाली सरकार थी तो उसे यह कदम उठाने से किसने रोका था.
पायलट ने साथ ही कहा कि वह राहुल गांधी को ऐसे नेता के रूप में देखते हैं जो भविष्य में देश का नेतृत्व करेंगे और अगला लोकसभा चुनाव होने पर पूरा विपक्ष एकजुट होकर उनके पीछे खड़ा होगा. विधानसभा चुनाव के लिए प्रचार कर रहे कांग्रेस महासचिव ने यह भी विश्वास जताया कि उनकी पार्टी हरियाणा में पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़कर पहले से कहीं अधिक सीट हासिल कर सकती है.
पायलट ने ‘पीटीआई-भाषा’ को दिए एक साक्षात्कार में कहा कि कांग्रेस को हरियाणा में दो-तिहाई से अधिक बहुमत मिल सकता है. उन्होंने दावा किया कि भाजपा का शीर्ष नेतृत्व जमीनी हकीकत को भांपते हुए चुनाव प्रचार में रुचि नहीं दिखा रहा है. उन्होंने कहा कि कश्मीर घाटी और जम्मू में भ्रम पैदा करने की कई ताकतों की कोशिशों के बावजूद कांग्रेस-नेशनल कॉन्फ्रेंस का सामूहिक प्रचार अभियान यह सुनिश्चित करेगा कि वे आसान बहुमत से सरकार बनाएं.
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पिछले सप्ताह कहा था कि भाजपा के सत्ता में लौटने के बाद पीओके, जम्मू कश्मीर का हिस्सा बन जाएगा. इसके बारे में पूछने पर पायलट ने कहा, ”मुझे हैरानी है कि एक राज्य का मुख्यमंत्री ठीक चुनाव के दौरान यह बयान दे रहा है. वे पिछले 10 साल से सत्ता में हैं. मैं आपको याद दिला दूं कि संसद ने पहली बार 1994 में पीओके को वापस लेने का एक प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया था और तब कांग्रेस की सरकार थी. हम सत्ता में थे और हमने संसद के जरिए यह प्रतिबद्धता जताई थी.” उन्होंने कहा, ”भाजपा 10 साल से सत्ता में है, 10 साल तक उसके पास पूर्ण बहुमत रहा, उन्हें यह कदम उठाने से किसने रोका?”
अनुच्छेद 370 को लेकर भाजपा द्वारा कांग्रेस पर निशाना साधे जाने और कांग्रेस के प्रदेश का विशेष दर्जा बहाल करने के दावे के बारे में पूछे जाने पर पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा, ”मुझे लगता है कि ये सभी चुनावी भाषण हैं और कांग्रेस का रुख बहुत स्पष्ट है कि जैसे ही हमें जनादेश मिलता है और हम गठबंधन की सरकार बनाएंगे तो सबसे पहले हम जम्मू कश्मीर का पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करेंगे.” पायलट ने कहा, ”हमारे देश के इतिहास में पहले कभी किसी राज्य को कमजोर करते हुए केंद्र शासित प्रदेश नहीं बनाया गया. कांग्रेस ने साफ कहा है कि उसकी शीर्ष प्राथमिकता राज्य का दर्जा बहाल करने की होगी, यह सीधे जम्मू कश्मीर के लोगों के आत्मसम्मान और गरिमा से जुड़ा है.” उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक ‘भारत जोड़ो यात्रा’ और कांग्रेस के लिए अच्छे चुनावी नतीजे के बाद राहुल गांधी ने भाजपा नीत सरकार के ”सभी मोर्चों पर विफल” होने पर केंद्र को निशाने पर लिया है.
गांधी के लोकसभा में विपक्ष के नेता का पद संभालने के प्रभाव के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ”राहुल गांधी ने विपक्ष के नेता (लोकसभा में) के रूप में आगे बढ़कर नेतृत्व किया है. वह प्रासंगिक सवाल पूछ रहे हैं जिसका सरकार के पास कोई जवाब नहीं है. वह न केवल कांग्रेस बल्कि पूरे विपक्ष के लिए नेता प्रतिपक्ष हैं.” उन्होंने कहा, ”निश्चित रूप से हम उन्हें ऐसे नेता के रूप में देखते हैं जो देश का नेतृत्व करेंगे और जब अगला चुनाव होगा तो भारत के लोग तथा पूरा विपक्ष एकजुटता से राहुल गांधी के साथ खड़ा होगा.” जम्मू कश्मीर में तीन चरणों में विधानसभा चुनाव हो रहा रहा है. पहले चरण में 24 सीटों के लिए 18 सितंबर को मतदान हुआ था. दूसरे चरण में 26 सीटों के लिए 25 सितंबर को मतदान हुआ और तीसरे एवं अंतिम चरण के मतदान में एक अक्टूबर को 40 सीटों के लिए वोट डाले जाएंगे. हरियाणा विधानसभा चुनाव के लिए मतदान पांच अक्टूबर को होगा. जम्मू कश्मीर और हरियाणा विधानसभा चुनाव के लिए मतगणना आठ अक्टूबर को होगी.



