
पणजी: विश्व पर्यटन संगठन (यूएनडब्ल्यूटीओ) के एक शीर्ष अधिकारी ने कहा है कि संयुक्त राष्ट्र की यह एजेंसी भारत में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्रयासों का समर्थन करती है क्योंकि संस्कृति से समृद्ध इस देश में पर्यटन के क्षेत्र में अधिक निवेश आर्किषत करने की ‘विशाल क्षमता’ है।
यूएनडब्ल्यूटीओ के महासचिव जुराब पोलोलिकाशविली ने मंगलवार को यह बात कही। यूएनडब्ल्यूटीओ, संयुक्त राष्ट्र की एक विशेष एजेंसी है, जिसका उद्देश्य जिम्मेदार, टिकाऊ और सार्वभौमिक रूप से सुलभ पर्यटन को बढ़ावा देना है। पोलोलिकाशविली जी-20 देशों की मंत्रीस्तरीय बैठक में शामिल होने के लिए इन दिनों गोवा में हैं। उन्होंने पीटीआई-भाषा से इस संयोग पर प्रसन्नता व्यक्त की कि बैठक के दौरान ही अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का आयोजन हो रहा है।
इस अवसर पर कई देशों के जी-20 प्रतिनिधियों ने बुधवार को गोवा में राजभवन परिसर में योगासन किया। गोवा के राज्यपाल पी. एस. श्रीधरन पिल्लई, केंद्रीय पर्यटन मंत्री जी. किशन रेड्डी और रक्षा राज्य मंत्री अजय भट्ट यहां निर्धारित महत्वपूर्ण मंत्रिस्तरीय बैठक से कुछ घंटे पहले ‘योगासन’ करने के लिए प्रतिनिधियों के साथ शामिल हुए।
दोपहर की बैठक के उद्घाटन सत्र के कार्यक्रम के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी का एक वीडियो संदेश प्रसारित किया जाएगा। दो दिवसीय चौथी जी-20 पर्यटन कार्यसमूह की बैठक मंगलवार को समाप्त हुई। इस बैठक में लगभग 130 प्रतिनिधियों ने भाग लिया, जिसमें अधिकारियों ने कहा कि गोवा प्रारूप और कार्य योजना ‘लगभग तैयार’ है।
जी-20 मंत्रिस्तरीय बैठक की समाप्ति के बाद बृहस्पतिवार को इसका खाका पेश किया जाना है। पोलोलिकाशविली ने मंगलवार रात पीटीआई-भाषा को दिए एक साक्षात्कार में कहा था, ‘‘सबसे पहले इस बेहद सफल बैठक के लिए भारत को बधाई। गोवा एक प्रमुख पर्यटन स्थल है और जी-20 पर्यटन मंत्रिस्तरीय बैठक के लिए गोवा आमंत्रित किए जाने से हम बहुत खुश हैं।’’
उन्होंने कहा कि यह संयोग है कि इस बैठक में हिस्सा लेने वाले जी-20 प्रतिनिधि बुधवार को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस में भी भाग ले रहे हैं। मोदी की अमेरिका यात्रा पर अधिकारी ने कहा, ‘‘हम इसका समर्थन करते हैं और पर्यटन के क्षेत्र में उनके सहयोग की सराहना करते हैं।’’



