
नयी दिल्ली: आतंकवाद के विरुद्ध भारत की सख्त और एकमत नीति से दुनिया को अवगत कराने के उद्देश्य से सात सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडलों ने कुल 33 देशों की यात्रा की और वहां उन्होंने पहलगाम आतंकी हमले और ऑपरेशन सिंदूरर की जानकारी साझा करने के साथ-साथ पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद के लंबे इतिहास को विस्तार से बताया।
विदेश राज्य मंत्री कीर्तिवर्धन ंिसह ने बृहस्पतिवार को राज्यसभा को एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रत्येक प्रतिनिधिमंडल में विभिन्न राजनीतिक दलों के सांसदों के अलावा वरिष्ठ राजनयिक एवं प्रमुख हस्तियां शामिल थीं। उन्होंने बताया कि प्रतिनिधिमंडल आतंकवाद के खिलाफ भारत के एकजुट रुख को रेखांकित करने गए थे।
ंिसह ने बताया कि प्रतिनिधिमंडलों का संबंधित देशों में गर्मजोशी से स्वागत हुआ और उन्होंने वहां की कार्यपालिका एवं विधायिका के प्रमुख सदस्यों, मीडिया, ंिथक-टैंक और प्रवासी भारतीय समुदाय के साथ सारर्गिभत संवाद किया।
मंत्री के अनुसार, इन बैठकों में प्रतिनिधिमंडलों ने पहलगाम आतंकी हमले और ऑपरेशन सिंदूर की जानकारी साझा की तथा पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद के लंबे इतिहास को विस्तार से रखा। उन्होंने पाकिस्तान की आतंकवाद में संलिप्तता को वैश्विक स्तर पर उजागर किया और जम्मू-कश्मीर एवं ऑपरेशन सिंदूर को लेकर पाकिस्तानी दुष्प्रचार का भी खंडन किया।
मंत्री ने बताया कि प्रतिनिधिमंडलों के समक्ष सभी संबंधित पक्षों ने भारत के विरुद्ध आतंकवाद के इस्तेमाल की कड़ी ंिनदा की। उन्होंने कहा कि कई देशों ने भारत के आत्मरक्षा के अधिकार को भी स्पष्ट रूप से स्वीकार किया।



