
मुंबई. ‘गुल्लक’ से मशहूर हुए अभिनेता वैभव राज गुप्ता का मानना है कि इंतजार करने वालों को अच्छी चीजें मिलती हैं. वह उत्तर प्रदेश के सीतापुर शहर से सपनों के शहर तक की अपनी यात्रा को शानदार बताते हैं. आधा दर्जन से अधिक लघु फिल्मों में दिखाई देने के बाद, गुप्ता ने सोनाक्षी सिन्हा अभिनीत फिल्म ‘नूर’ (2017) में सहायक भूमिका के साथ बॉलीवुड में अपनी शुरुआत की. बाद में वह प्राइम वीडियो के शो ‘इनसाइड एज’ में एक छोटी भूमिका में दिखाई दिए. उन्होंने वेब सीरीज ‘गुड बैड गर्ल’ और ‘माई’ में भी काम किया है.
लेकिन उन्हें घर-घर में पहचान ‘गुल्लक’ शो से मिली जिसमें उन्होंने इस मशहूर शृंखला के केंद्र में स्थित मिश्रा परिवार के बड़े बेटे अन्नू भैया के रूप में नाम कमाया. गुप्ता को ‘गुल्लक’ के चौथे सीजन के प्रीमियर का इंतजार है. उनका कहना है कि उन्हें उस मुकाम तक पहुंचने में कई साल लग गए जहां वह अपनी पसंद वाली भूमिकाएं चुन सकते हैं.
उन्होंने एक साक्षात्कार में ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ”मुझे यहां तक पहुंचने में कई साल लग गए. मुंबई ने मुझे धैर्य रखना सिखाया है. मैं यहां से कहीं नहीं जा रहा हूं. मुझे किसी चीज की जल्दी नहीं है. मैं हर पल को जीना चाहता हूं. मैं अपने जीवन का आनंद लेता हूं, मुझे यह पसंद है, मैं खुश हूं.” ‘गुल्लक’, भारत में छोटे शहरों के निम्न मध्यम वर्गीय परिवार की हंसी-खुशी, नोकझोंक और उतार-चढ.ाव वाले जीवन के किस्सों का प्रतिनिधित्व करने वाला शो है. इसमें जमील खान, गीतांजलि कुलकर्णी, हर्ष मायर और सुनीता राजवर भी मुख्य किरदारों में हैं.
गुप्ता ने कहा कि 2019 में पहली बार आए ‘गुल्लक’ को दर्शकों ने बड़े प्यार से स्वीकार किया है. कोविड महामारी के दौरान इसकी लोकप्रियता बहुत बढ. गई थी और उन्हें अब भी अपने प्रशंसकों से ‘लंबे और सुंदर संदेश’ मिलते रहते हैं. उन्होंने कहा, ”तीसरे सीज.न में, हमने दिखाया है कि पिता को दिल का दौरा पड़ता है. मुझे इस पर लोगों की भावनात्मक प्रतिक्रियाएं मिलीं जिन्होंने अपनी ऐसी ही कहानियां साझा कीं. मैं गोवा में शूटिंग कर रहा था और हर दिन, मुझे 50 संदेश मिलते थे. मैंने हर संदेश पढ.ा ताकि पता चले कि लोग इस कहानी से कैसे जुड़े हैं.” अभिनेता ने कहा कि जब भी उनके माता-पिता मुंबई में उनसे मिलने आते हैं तो उन्हें ऐसी कई बातें याद आती हैं जिनमें यह भी है कि किस तरह उनकी मां उन्हें कुछ कहे बिना ही घर व्यवस्थित करतीं और कपड़े सलीके से रखतीं.
उन्होंने लेखक निखिल विजय (सीजन एक से) को श्रेय देते हुए कहा, ”हमने ‘स्टाइल, टेम्पो और डिलीवरी’ पर बहुत काम किया. इससे मुझे किरदार को अपना बनाने में मदद मिली. मैं एक छोटे शहर से आता हूं, इसलिए मैंने अपने ईदगिर्द ऐसे लोगों को कई बार देखा है.” टीवीएफ द्वारा निर्मित, ‘गुल्लक’ का चौथा सीजन दुर्गेश सिंह द्वारा लिखित पटकथा पर आधारित है जिसका निर्देशन श्रेयांश पांडे ने किया है. यह सात जून से सोनी लिव पर आएगा. गुप्ता नेटफ्लिक्स पर यशराज एंटरटेनमेंट की सीरीज ‘मंडला मर्डर्स’ में भी दिखाई देंगे.



