
पटना: बिहार में आगामी विधानसभाा चुनाव को लेकर महागठबंधन (इंडिया गठबंधन) ने अपना घोषणा पत्र जारी कर दिया है। महागठबंधन के मुख्यमंत्री चेहरा घोषित हुए तेजस्वी यादव ने सभी घटक दलों के प्रमुख नेताओं के साथ इसे जारी किया। इसे ‘तेजस्वी का प्रण पत्र’ भी कहा गया है। वीआईपी के प्रमुख मुकेश सहनी ने कहा कि हमलोगों ने एक संकल्प पत्र रखा है। बिहार में 30 से 35 साल हमलोगों को जनता के बीच रहना है। यह संकल्प पत्र एक नए बिहार की नींव रखेगा। आप दूसरी तरफ देखेंगे तो राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन का कोई संकल्प पत्र ही नहीं है। इतनी कमियों के बावजूद उन्हें लगता कि बिहार बहुत खुशहाल है। इसलिए वह अपना घोषणा पत्र जारी नहीं कर रहे। लेकिन, अब जनता बदलाव चाहती है। इसलिए महागठबंधन की सरकार बनने जा रही है।
सरकारी कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन स्कीम लाई जाएगी
वहीं भाकपा माले के वरिष्ठ नेता दीपांकर भट्टाचार्य ने कहा कि इस संकल्प पत्र में मंडी व्यवस्था को चालू करने की बात है। सरकारी कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन स्कीम लाई जाएगी। सामाजिक सुरक्षा पेंशन पर खूब ध्यान दिया गया है। इसमें जो भी वादा किया गया है, उसे हर हाल में पूरा किया जाएगा। वहीं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा ने कहा कि सबसे पहले महागठबंधन ने अपना घोषणा पत्र जारी कर दिया है। हम केवल घोषणा ही नहीं बल्कि हमारी प्रतिज्ञा पत्र भी है। महागठबंधन की सरकार बनते ही हमलोग इसे लागू करेंगे।
आज के घोषणा पत्र में नए बिहार का रोडमैप है
इंडियन इंक्लूसिव पार्टी के प्रमुख आईपी गुप्ता ने कहा कि अब बिहार बदलने वाला है। आज के घोषणा पत्र में नए बिहार का रोडमैप है। एक नया विजन है। महागठबंधन की सरकार बनने के 20 दिन के अंदर एक प्रतिज्ञा पूरी की जाएगी। वहीं सीपीआई एम के नेता अवधेश कुमार ने कहा कि 20 साल में नीतीश सरकार ने बिहार को ठगने का काम किया। बिहार में गरीबी, अपराध, महंगाई चरम पर है। दलितों के साथ अत्याचार है। ऐसी परिस्थिति में जनता ने बदलाव का मूड बना लिया है। अब बिहार बदलेगा।
नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने कहा कि 14 नवंबर को आने वाली सरकार, आप सभी के लिए बिहार में ही रोजी-रोजगार का प्रबंध करेगी। बिहार का कोई भी बेटी बेटा मजबूरी में अपने पिता अपनी माता को छोड़ कर बाहर जाने को विवश ना हो यही प्रार्थना और संकल्प आज के दिन छठी मैया से करते हैं। हमलोग बिहार की धरती को नई ऊंचाइयों तक ले जाएंगे!



