
बर्मिंघम. मोहम्मद सिराज ने लंच के बाद के सत्र में शानदार गेंदबाजी कर जॉनी बेयरस्टो की बेहतरीन शतकीय पारी के असर को कम किया, जिससे भारत ने इंग्लैंड को पांचवें टेस्ट के तीसरे दिन रविवार को 284 रनों पर आउट कर पहली पारी में 132 रन की बड़ी बढ़त हासिल की. भारत ने इसके बाद दूसरी पारी में चाय के विश्राम तक शुभमन गिल (चार) का विकेट गंवाते हुए 37 रन बनाए, जिससे टीम की कुल बढ़त 169 हो गई. इस समय चेतेश्वर पुजारा (17) और हनुमा विहारी (10) क्रीज पर थे.
दिन का शुरुआती सत्र पूरी तरह से बेयरस्टो (140 गेंद में 106 रन) के नाम रहा दूसरे दिन के खेल के दौरान संघर्ष करने वाले बेयरस्टो को तीसरे दिन शुरुआती 20 मिनट के खेल के दौरान परेशानी का सामना करना पड़ा. इसके बाद भारत के पूर्व कप्तान विराट कोहली ने बेयरस्टो की बल्लेबाजी पर कुछ टिप्पणी की और इंग्लैंड के बल्लेबाज ने अपने खेलने का अंदाज बदल दिया. बेयरस्टो ने मिड आॅफ और मिड विकेट के ऊपर से कुछ अच्छे चौके लगाये. उन्होंने मोहम्मद सिराज और शारदुल के खिलाफ छक्के भी जड़े.
दिन के दूसरे सत्र में हालांकि सिराज (66 रन पर चार विकेट) ने भारतीय टीम की वापसी करायी, जहां उन्हें मोहम्मद शमी (78 रन पर दो विकेट) के बनाये दबाव का फायदा मिला . बेयरस्टो ने शारदुल ठाकुर (48 रन पर एक विकेट) के खिलाफ चौका जड़कर टेस्ट करियर का 11वां शतक पूरा किया. इसके बाद कप्तान जसप्रीत बुमराह ने (68 रन पर तीन विकेट) ने कसी हुई गेंदबाजी कर उन पर दबाव बना दिया. जिससे अपनी पारी में 14 चौके और दो छक्के लगाने वाले बेयरस्टो अगली 20 गेंदों में सिर्फ छह रन बना सके. दबाव को कम करने के लिए उन्होंने बड़ा शॉट लगाने के प्रयास में स्लिप में कोहली को कैच थमा दिया.
बेयरस्टो और सैम बिंिलग्स (36) की 92 रन की साझेदारी टूटने के बाद सिराज ने 43 रन के अंदर इंग्लैंड के बाकी बचे तीनों विकेट चटका दिये. इससे पहले दिन के शुरुआती सत्र में बेयरस्टो ने कप्तान बेन स्टोक्स (25) के साथ छठे विकेट के लिए 66 रन की साझेदारी की. शारदुल ठाकुर की गेंद पर कप्तान जसप्रीत बुमराह ने डाइव लगाकर शानदार कैच पकड़ स्टोक्स की 36 गेंद की पारी को खत्म किया.
इस विकेट से पहले इंग्लैंड ने पारी के 33वें से 36वें ओवर में सात चौके लगाये और स्टोक्स को दो जीवनदान मिले. इंग्लैंड के कप्तान के गगनचुंबी शॉट को शारदुल लपकने में नाकाम रहे और इसके बाद उनकी गेंद पर बुमराह ने आसान कैच टपकाया. बुमराह ने इसके बाद हालांकि शानदार कैच पकड़ कर स्टोक्स को बड़ी खेलने का मौका नहीं दिया.



