
देहरादून. उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विधायक बनने की राह साफ करने के लिए बृहस्पतिवार को अपनी सीट चंपावत से भाजपा विधायक कैलाश चंद्र गहतोड़ी ने इस्तीफा दे दिया. गहतोड़ी ने कहा कि उन्होंने ‘युवा’ नेता की सहायता करने के लिए ऐसा किया ताकि उन्हें केंद्रीय नेतृत्व की अपेक्षाओं को पूरा करने के लिए पूरे पांच साल का कार्यकाल मिले. इस्तीफा देने के बाद यहां संवाददाताओं से बातचीत में गहतोड़ी ने कहा कि छह माह पहले चुनाव विशेषज्ञ विधानसभा चुनाव में भाजपा को 20 से ज्यादा सीटें नहीं दे रहे थे, लेकिन मुख्यमंत्री ने कड़ी मेहनत की और लोगों ने 70 में से 47 सीट पार्टी को दे दी.
उन्होंने कहा कि यह किसी चमत्कार से कम नहीं है, यह सब धामी के युवा नेतृत्व की वजह से संभव हुआ. गहतोड़ी ने कहा, ‘‘ मैंने सोचा कि पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व की उनसे जो उम्मीदें हैं, उन्हें पूरा करने के लिए उन्हें पूरे पांच साल का कार्यकाल चाहिए और इसलिए मैंने सीट खाली कर दी.’’ प्रदेश भाजपा अध्यक्ष मदन कौशिक ने कहा कि चंपावत के पार्टी कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री को वहां से उपचुनाव लड़ाने का प्रस्ताव भेजा था और अपने विधानसभा क्षेत्र में बहुत लो?कप्रिय गहतोड़ी ने उनके लिए सीट छोड़ने की इच्छा जतायी थी. कौशिक ने कहा कि पार्टी उपचुनाव के लिए पूरी तरह तैयार है. मुख्यमंत्री पद पर बने रहने के लिए धामी को शपथ ग्रहण के छह माह के भीतर उपचुनाव के जरिये सदन का सदस्य निर्वाचित होना होगा. धामी ने 23 मार्च को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी.



