
भोपाल: मध्यप्रदेश विधानसभा में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) बिल पास हो गया है। इस दौरान हंगामे के बीच मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सरकार का पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि जो हिंदू की बात करेगा, वही राज करेगा। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि समानता हमारी संस्कृति का मूल है। भगवान की दृष्टि में सभी एक समान हैं, तो इंसानों द्वारा बनाए गए कानून में अलग-अलग व्यवस्था क्यों होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि देश में सभी नागरिकों के लिए समान कानून होना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर भी निशाना साधते हुए कहा कि इन लोगों के खाने के दांत अलग हैं और दिखाने के अलग। जनता इन्हें कभी माफ नहीं करेगी। उनके वक्तव्य के दौरान विपक्ष का हंगामा जारी रहा, लेकिन मुख्यमंत्री ने सरकार का पक्ष विस्तार से सदन के सामने रख रहें हैं। सीएम मोहन यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश में अलग-अलग मजहबी तौल कांटा नहीं होगा। सब एक ही बाट से तौले जाएंगे। इस दौरान सीएम ने विपक्ष पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि विपक्ष बताएं कि हम अपने दो बेटों को अलग-अलग दृष्टिकोण से क्यों देखते हैं?
समान नागरिक संहिता (UCC) विधेयक पर सदन में वक्तव्य देते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेशवासियों को सुझाव देने के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस तुष्टिकरण और मुस्लिम वोट बैंक की राजनीति करती रही है तथा देश की जनता की पीठ में खंजर घोंपने का काम किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज के बाद मध्य प्रदेश में भेदभाव से मुक्ति मिलेगी। उत्तराखंड, गुजरात और असम के बाद अब मध्य प्रदेश में भी समान नागरिक संहिता लागू होने जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेसियों के “दांत खाने के और, दिखाने के और हैं।” अब कांग्रेस का पाखंड और दोहरा चरित्र नहीं चलेगा। उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेस बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर के संविधान का रत्तीभर भी सम्मान करती है तो उसे इस विधेयक का समर्थन करना चाहिए। उनका आरोप था कि कांग्रेस वोट बैंक की राजनीति करते हुए हिंदू-मुस्लिम के नजरिए से काम करती रही है। मुख्यमंत्री के संबोधन के दौरान कांग्रेस विधायक “चंदा चोरों” और “गद्दी छोड़ो” के नारे लगाते रहे।



