
नई दिल्ली: कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अध्यक्ष अभिजीत दीपके ने कहा, ‘हमें केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे से कम कुछ भी मंजूर नहीं है। विरोध बंद नहीं किया जाएगा। यह विरोध देश के युवाओं का है और यह किसी सोनम वांगचुक या दीपके तक सीमित नहीं है। यह विरोध देश के युवाओं का है, विपक्षी दलों का नहीं। अगर सरकार विरोध का समाधान चाहती है, तो यह केवल धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा है। मुझे लगता है कि सरकार ने सोनम वांगचुक को हिरासत में रखा था। जेपी नड्डा उनसे मिल सकते थे, लेकिन कोई भी विपक्षी सांसद उनसे नहीं मिल सका। यहां तक कि हम भी उनसे नहीं मिल सके। मुझे बहुत खुशी है कि सोनम सर ने अपनी भूख हड़ताल खत्म कर दी है।’
दिल्ली में सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियां रद्द
दिल्ली के जंतर मंतर पर कॉकरोज जनता पार्टी का आंदोलन जारी है। जिसे देखते हुए पुलिस-प्रशासन की टीम पूरी तरह से मुस्तैद है। कॉकरोच जनता पार्टी के विरोध प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली में अगले आदेश तक सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टी को रद्द कर दिया गया है। यह आदेश सभी रैंक के अधिकारियों के लिए जारी किया गया है। दिल्ली पुलिस की तरफ से जारी आदेश में लिखा है कि मौजूदा कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए, पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से और अगले आदेश तक कोई भी सामान्य छुट्टी आदि नहीं दी जाएगी।
सीजेपी प्रोटेस्ट पर जेएनयू की एडवाइजरी
जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय ने अपने यहां सेवारत कर्मियों के लिए एडवाइजरी जारी की है। जेएनयू ने एक्स पर पोस्ट कर कहा , ‘जेएनयू के सभी सदस्यों को सलाह दी जाती है कि वे जिम्मेदारी से काम करें और अपनी पर्सनल सेफ्टी को प्रायोरिटी दें। पब्लिक डेमोंस्ट्रेशन पर भारत के माननीय सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार, आपसे रिक्वेस्ट है कि आप नई दिल्ली में जंतर-मंतर पर या उसके आस-पास होने वाली गैदरिंग में हिस्सा लेने या जाने से बचें। कृपया सोशल मीडिया पर जिम्मेदारी से काम लें। उल्लंघन करने पर लागू कानूनों के तहत कानूनी नतीजे हो सकते हैं और यूनिवर्सिटी के कोड ऑफ कंडक्ट के तहत डिसिप्लिनरी एक्शन भी हो सकता है। आपको एकेडमिक जिम्मेदारी और जिम्मेदार नागरिकता के मूल्यों को बनाए रखने के लिए भी प्रोत्साहित किया जाता है।’



