CNG Pump Safety: गैस भरवाते समय इन गलतियों से बढ़ जाता है ब्लास्ट का खतरा, जानें जरूरी सावधानियां

दिल्ली के टिकरी कलां में CNG पंप पर हुए हादसे के बाद सुरक्षा को लेकर सवाल उठ रहे हैं। जानें CNG भरवाते समय किन लापरवाहियों से खतरा बढ़ सकता है और वाहन चालकों को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

CNG Pump Safety: दिल्ली के टिकरी कलां इलाके में CNG भरवाते समय हुए हादसे ने एक बार फिर CNG वाहनों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। CNG एक ज्वलनशील गैस है और इसे उच्च दबाव में वाहन के सिलेंडर में भरा जाता है। ऐसे में वाहन की CNG किट, सिलेंडर और रिफ्यूलिंग प्रक्रिया में किसी तरह की खराबी या लापरवाही गंभीर हादसे का कारण बन सकती है।

हालांकि किसी खास हादसे की वास्तविक वजह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकती है, लेकिन CNG वाहन इस्तेमाल करने वालों के लिए कुछ बुनियादी सुरक्षा नियमों का पालन बेहद जरूरी है।

अनधिकृत या खराब CNG किट से बचें

CNG किट और सिलेंडर की फिटिंग हमेशा अधिकृत और प्रशिक्षित तकनीशियन से ही करानी चाहिए। सस्ती कीमत के चक्कर में गैर-मानक या अनधिकृत उपकरण लगवाना जोखिम बढ़ा सकता है।

वाहन में CNG सिस्टम के किसी हिस्से में बदलाव या मरम्मत भी अधिकृत विशेषज्ञ से ही कराएं।

सिलेंडर की समय पर जांच जरूरी

CNG सिलेंडर की निर्धारित अवधि पर अनिवार्य जांच और हाइड्रो टेस्टिंग कराना बेहद जरूरी है। सिलेंडर की स्थिति, वैधता और टेस्टिंग रिकॉर्ड की जानकारी वाहन मालिक को हमेशा रखनी चाहिए।

पुराने, क्षतिग्रस्त या संदिग्ध सिलेंडर को नजरअंदाज करना खतरनाक हो सकता है।

CNG भरवाते समय वाहन से बाहर निकलें

CNG भरवाते समय वाहन के अंदर बैठे रहना उचित नहीं है। पंप के सुरक्षा निर्देशों का पालन करते हुए ड्राइवर और यात्रियों को वाहन से बाहर निकलना चाहिए।

किसी भी असामान्य स्थिति में वाहन से दूर जाना और पंप कर्मचारियों के निर्देशों का पालन करना ज्यादा सुरक्षित है।

सिगरेट और आग से रहें दूर

CNG स्टेशन पर बीड़ी, सिगरेट, माचिस या किसी भी तरह की खुली आग का इस्तेमाल बिल्कुल न करें। ज्वलनशील गैस के आसपास छोटी सी चिंगारी भी गंभीर खतरा पैदा कर सकती है।

पंप परिसर में लगे सुरक्षा निर्देशों का सख्ती से पालन करना चाहिए।

गैस की गंध आए तो तुरंत सतर्क हों

अगर वाहन में CNG की असामान्य गंध महसूस हो, गैस लीकेज का संदेह हो या पाइप, वाल्व अथवा कनेक्शन में खराबी दिखाई दे, तो वाहन को नजरअंदाज न करें।

ऐसी स्थिति में अधिकृत CNG सर्विस सेंटर पर सिस्टम की जांच कराएं और खुद से किट में छेड़छाड़ न करें।

ओवरफिलिंग के लिए दबाव न बनाएं

CNG सिलेंडर की निर्धारित क्षमता और वाहन निर्माता या अधिकृत सिस्टम की सुरक्षा सीमाओं का पालन करना जरूरी है। ज्यादा गैस भरवाने या पंप कर्मचारी पर अतिरिक्त दबाव बनाने की कोशिश नहीं करनी चाहिए।

रिफ्यूलिंग के दौरान हमेशा अधिकृत स्टेशन की प्रक्रिया और सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।

दुर्घटना से बचने के लिए इन बातों का रखें ध्यान

  • CNG किट और सिलेंडर की नियमित जांच कराएं।
  • केवल अधिकृत CNG स्टेशन और सर्विस सेंटर का इस्तेमाल करें।
  • सिलेंडर की टेस्टिंग और वैधता संबंधी रिकॉर्ड सुरक्षित रखें।
  • CNG भरवाते समय पंप के सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।
  • रिफ्यूलिंग के दौरान धूम्रपान या खुली आग से पूरी तरह बचें।
  • गैस लीकेज या असामान्य गंध को नजरअंदाज न करें।
  • CNG सिस्टम में खुद से कोई बदलाव या मरम्मत न करें।
  • वाहन के सिलेंडर या CNG किट को नुकसान पहुंचने पर तुरंत विशेषज्ञ से जांच कराएं।

सुरक्षा में लापरवाही न करें

CNG वाहन सामान्य परिस्थितियों में निर्धारित सुरक्षा मानकों के तहत इस्तेमाल किए जाते हैं, लेकिन किसी भी गैस-आधारित सिस्टम की तरह इसमें भी सावधानी जरूरी है। वाहन मालिकों को नियमित जांच, प्रमाणित उपकरण और अधिकृत सर्विसिंग को प्राथमिकता देनी चाहिए।

नोट: CNG पंप पर किसी हादसे की वास्तविक वजह संबंधित जांच एजेंसियों की जांच और आधिकारिक रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट मानी जानी चाहिए। उपरोक्त जानकारी सामान्य सुरक्षा सावधानियों के लिए है।

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