
नयी दिल्ली. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बृहस्पतिवार को विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ में सहयोगी कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (आप) पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि भारतीय राजनीति में विश्वसनीयता के संकट के लिए ये दोनों दल ही जिम्मेदार हैं. सिंह ने राजधानी में चुनाव प्रचार समाप्त होने से कुछ घंटे पहले पश्चिम दिल्ली लोकसभा सीट से भाजपा के प्रत्याशी कमलजीत सहरावत के पक्ष में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए यह बात कही.
दिल्ली में सीट-बंटवारा समझौते के तहत आम चुनाव लड़ रहे कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (आप) पर निशाना साधते हुए सिंह ने कहा, ”कांग्रेस और ‘आप’ के नेताओं ने भारत की राजनीति में विश्वसनीयता का संकट खड़ा करने में सर्वाधिक योगदान दिया है.” ‘आप’ जहां चार सीट पर चुनाव लड़ रही है, वहीं कांग्रेस ने तीन सीट पर अपने उम्मीदवार उतारे हैं. दिल्ली की सात लोकसभा सीट पर आम चुनाव के छठे दौर में 25 मई को मतदान होगा.
दिल्ली के मुख्यमंत्री और ‘आप’ संयोजक अरविंद केजरीवाल को आड़े हाथ लेते हुए सिंह ने कहा कि वह दिल्ली आबकारी नीति से जुड़े धन शोधन मामले के सिलसिले में गिरफ्तार होने और जेल में जाने के बाद भी पद पर बने हुए हैं. उन्होंने कहा, ”मैंने दफ्तर से काम और घर से काम तो सुना है. यहां मुख्यमंत्री ने जेल से काम करने का चमत्कार किया है.” केजरीवाल को उच्चतम न्यायालय के आदेश पर 10 मई को अंतरिम जमानत पर जेल से रिहा किया गया था. शीर्ष अदालत के आदेश के अनुसार उन्हें दो जून को आत्मसमर्पण करना होगा और जेल जाना होगा.
आप की राज्यसभा सदस्य स्वाति मालीवाल पर कथित हमले का हवाला देते हुए सिंह ने कहा कि यह हृदय विदारक घटना थी लेकिन केजरीवाल लंबे समय तक चुप्पी साधे रहने के बाद अब कह रहे हैं कि पुलिस मामले की जांच कर रही है. सिंह ने कहा, ”एक व्यक्ति जिसकी मौजूदगी में उसके घर में एक महिला से मारपीट की गई हो, वह कहता है कि जांच जारी है. ऐसे लोग कायर हैं. बहादुर व्यक्ति वो होता है जो स्वीकार करता है कि गलती हुई है और वह परिणाम भुगतने को तैयार है.”
रक्षा मंत्री ने कहा, ” ‘आप’ जैसे दलों का देश की राजनीति से सफाया होना चाहिए. उन्हें राजनीति में रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है.” सिंह ने कहा कि नरेन्द्र मोदी सरकार के शासन में ”बड़े वित्तीय प्रतिष्ठान दावा कर रहे हैं कि भारत सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था है. इस रफ्तार से यह दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा.” सिंह ने कहा कि उन्हें पूरा विश्वास है कि 2070 तक भारत दुनिया का सबसे अमीर देश बन जाएगा. सिंह ने कहा कि भारत दुनिया की महाशक्ति बनना चाहता है. उन्होंने कहा, ”लेकिन हम किसी देश पर हमला करने या किसी की एक इंच भी जमीन पर कब्जा करने के लिए महाशक्ति नहीं बनना चाहते. हम दुनिया के कल्याण के लिए ऐसा चाहते हैं.”



