
नई दिल्ली: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे इस समय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ अपनी एक कथित आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर विवादों के केंद्र में हैं। दरअसल एक रैली में उन्होंने पहले पीएम मोदी की तुलना आतंकवादी से कर दी। हालांकि बाद में सफाई देते हुए पना बचाव किया है। इस पूरे घटनाक्रम ने चुनावी माहौल में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जुबानी जंग को और भी तीखा कर दिया है।
खरगे ने प्रधानमंत्री के बारे में असल में क्या कहा था?
चेन्नई में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए मल्लिकार्जुन खरगे ने अन्नाद्रमुक (AIADMK) के भाजपा के साथ गठबंधन करने पर सवाल उठाए थे। उन्होंने कड़े लहजे में कहा कि अन्नाद्रमुक के लोग मोदी के साथ कैसे जुड़ सकते हैं, जबकि वे समानता और न्याय में विश्वास नहीं रखते। खरगे ने आगे कहा कि ऐसे लोगों के साथ हाथ मिलाना लोकतंत्र को कमजोर करने जैसा है। इसी दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री के संदर्भ में आतंकवादी शब्द का प्रयोग किया।
अपनी टिप्पणी पर खरगे ने क्या सफाई पेश की है?
बढ़ते विवाद को देखते हुए मल्लिकार्जुन खरगे ने तुरंत अपने बयान पर स्पष्टीकरण जारी किया। उन्होंने कहा कि मैंने यह कभी नहीं कहा कि प्रधानमंत्री एक आतंकवादी हैं। मेरे कहने का मतलब यह था कि वह लोगों और राजनीतिक दलों को डराने-धमकाने का काम करते हैं। खरगे ने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री मोदी हमेशा धमकियां देते हैं और उनके आचरण से राजनीतिक गलियारों में डर पैदा होता है। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी टिप्पणी का उद्देश्य प्रधानमंत्री की कार्यशैली पर सवाल उठाना था, न कि उन पर कोई व्यक्तिगत हमला करना।



