न्यायालय ने छत्तीसगढ़ के पूर्व आबकारी अधिकारी को दी जमानत, तत्काल रिहाई पर रोक

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Sun, 09 Mar 2025 07:34 PM
न्यायालय ने छत्तीसगढ़ के पूर्व आबकारी अधिकारी को दी जमानत, तत्काल रिहाई पर रोक
ऑडियो सुनें

नयी दिल्ली. उच्चतम न्यायालय ने छत्तीसगढ़ के एक पूर्व आबकारी अधिकारी को राज्य के बहुर्चिचत शराब घोटाले से जुड़े धोखाधड़ी और भ्रष्टाचार के एक मामले में जमानत दे दी. हालांकि, शीर्ष अदालत ने निर्देश दिया कि अधिकारी को 10 अप्रैल को रिहा किया जाए ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि प्रकरण की जारी जांच प्रभावित न हो.

न्यायमूर्ति अभय ओका और न्यायमूर्ति उज्ज्वल भुइयां की पीठ ने कहा कि आरोपी अरुण पति त्रिपाठी लगभग 11 महीने से हिरासत में है और निकट भविष्य में मुकदमा शुरू होने की कोई संभावना नहीं है. पीठ ने कहा, ”संबंधित आदेश में हमारे द्वारा की गई टिप्पणियों पर विचार करते हुए, अपीलकर्ता को जमानत पर रिहा होने का अधिकार है. हालांकि, यह सुनिश्चित करने के लिए कि जांच किसी भी तरह से प्रभावित न हो, हम निर्देश देते हैं कि अपीलकर्ता को संबंधित सत्र न्यायालय द्वारा तय उचित नियमों और शर्तों के अधीन 10 अप्रैल, 2025 को जमानत पर रिहा किया जाएगा.” शीर्ष अदालत ने त्रिपाठी को निर्देश दिया कि वह अपना पासपोर्ट जांच अधिकारी के पास जमा कराएं और प्रतिदिन सुबह 10 बजे उसके समक्ष उपस्थित हों.

पीठ ने कहा, ”जब तक आरोपपत्र दाखिल नहीं हो जाता, वह जांच अधिकारी के साथ सहयोग करना जारी रखेंगे.” इसने कहा, ”जमानत देने का आदेश पारित करने के लिए अपीलकर्ता को 10 अप्रैल, 2025 को उपयुक्त सत्र अदालत के समक्ष पेश किया जाएगा. सत्र अदालत अपीलकर्ता को उपरोक्त नियमों और शर्तों सहित उचित नियमों एवं शर्तों पर जमानत देगी.” भारतीय दूरसंचार सेवा के अधिकारी त्रिपाठी ने छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के उस आदेश को चुनौती दी थी जिसमें राज्य में शराब घोटाले के सिलसिले में उन्हें जमानत देने से इनकार कर दिया गया था.

कथित घोटाले के समय छत्तीसगढ़ राज्य विपणन निगम लिमिटेड के विशेष सचिव और प्रबंध निदेशक के रूप में त्रिपाठी प्रतिनियुक्ति पर काम कर रहे थे और ईडी की जांच के बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया था. प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने रायपुर पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा द्वारा भारतीय दंड संहिता और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की कई धाराओं के तहत दर्ज एक मामले के आधार पर अपनी जांच शुरू की थी.

Breaking news. hindi news. Navabharat News. Latest news, in-depth analysis and opinion.
नवभारत न्यूज : छत्तीसगढ़, असम, ओडिशा, देश, दुनिया और राज्यों की खबरों का विश्वसनीय मंच.

लेखक के बारे में
By Yogesh Kumar Sahu