चुनावी रैली में ट्रंप पर जानलेवा हमला ; ओबामा, बिल क्लिंटन, जॉर्ज डब्ल्यू बुश ने की निंदा

ट्रंप घायल हुए लेकिन उनकी हालत ठीक है: सहयोगी

शिकागो/वाशिंगटन/बटलर. अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर पेनसिल्वेनिया में शनिवार को चुनावी रैली में एक युवक ने गोलियां चलाईं और एक गोली ट्रंप के दाहिने कान के ऊपरी हिस्से में लगी, लेकिन उनकी हालत ठीक है. यह घटना मिल्वाकी में ‘रिपब्लिकन नेशनल कन्वेंशन’ से दो दिन पहले हुई. इस सम्मेलन में ट्रंप को राष्ट्रपति चुनाव के लिए औपचारिक रूप से पार्टी का उम्मीदवार घोषित किया जाएगा. ट्रंप ने पेनसिल्वेनिया के बटलर में रैली को संबोधित करना शुरू ही किया था कि गोलियां चलने लगीं.

घटना की वीडियो फुटेज में देखा जा सकता है कि गोलियां चलने के दौरान ट्रंप ने अपने दाहिने कान पर हाथ रख लिया. वहां अफरा-तफरी मच गई और इसी दौरान किसी ने जोर से कहा ”नीचे बैठो, नीचे बैठो. इसके बाद, सीक्रेट र्सिवस के एजेंटों ने ट्रंप को बचाने के लिए उन्हें सुरक्षा घेरे में ले लिया. कार्यक्रम स्थल पर मौजूद लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे.

हमले के बाद, पूर्व राष्ट्रपति के दाहिने कान के ऊपरी हिस्से से खून निकलने लगा, उन्हें तुरंत मंच से बाहर ले जाया गया. ट्रंप ने भीड़ की ओर मुठ्ठी बांध कर हाथ हवा में लहराया और कहा कि ”हम मुकाबला करेंगे”. इसके बाद, उन्हें कार में बिठाकर पिट्सबर्ग क्षेत्र के एक अस्पताल ले जाया गया.

सुरक्षित स्थान पर ले जाए जाते वक्त ट्रंप ने कहा, ” मुझे मेरे जूते ले लेने दीजिए.” गोलीबारी की इस घटना में रैली में मौजूद एक व्यक्ति की जान चली गई और दो अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं. घटना की जांच ”हत्या के प्रयास” मामले के तौर पर की जा रही है. ‘सीक्रेट र्सिवस’ के एक सदस्य ने हमलावर को मार गिराया. ट्रंप के चुनाव प्रचार अभियान दल के प्रवक्ता ने कहा कि पूर्व राष्ट्रपति ”ठीक” हैं.

संघीय जांच एजेंसी एफबीआई ने हमलावर की पहचान बेथेल पार्क के रहने वाले 20 वर्षीय थॉमस मैथ्यू क्रुक्स के रूप में की है. वह रिपब्लिकन के रूप में वोट करने के लिए पंजीकृत था. ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक पोस्ट में घटना के संबंध में और अपनी हालत के बारे में विस्तार से जानकारी दी.

पूर्व राष्ट्रपति ने कहा, ”यकीन नहीं होता कि हमारे देश में ऐसी घटना हो सकती है. हमलावर मारा गया है लेकिन हम उसके बारे में कुछ नहीं जानते. मेरे दाहिने कान के ऊपरी हिस्से में गोली लगी. सनसनाहट महसूस हुई और गोलियों की आवाज सुनकर मैं तुरंत समझ गया था कि कुछ गलत हुआ है. फिर तुरंत मुझे महसूस हुआ कि गोली मेरी त्वचा को छूकर निकली है. काफी खून निकल गया था, तब मुझे एहसास हुआ कि क्या कुछ हो रहा है. ईश्वर अमेरिका की रक्षा करें.” एफबीआई के विशेष एजेंट एवं पिट्सबर्ग कार्यालय के प्रभारी केविन रोजेक ने संवाददाताओं से कहा कि यह ”हैरानी” की बात है कि बंदूकधारी कई गोलियां चला पाने में कामयाब रहा.

रोजेक ने कहा, ”आज शाम हमारे पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर जानलेवा हमला किया गया.” एफबीआई ने कहा, ”इस बात की गहन जांच की जाएगी कि असल में क्या हुआ था और वह व्यक्ति उस स्थान तक कैसे पहुंचा, उसके पास किस तरह का हथियार था. इस जांच में कई दिन, हफ्ते और महीने लग सकते हैं.” उसने कहा कि घटनास्थल पर बम-नि्क्रिरय करने वाले उपकरण लगाए गए हैं.

रोजेक ने कहा, ”किसी संदिग्ध वस्तु की तलाश करने के लिए यह प्रारंभिक मानक प्रक्रिया है. इस मामले में जिस स्थान पर बंदूरधारी था, वहां एक संदिग्ध वस्तु की पहचान की गई थी इसलिए पूरी सवधानी बरतते हुए इन उपकरणों को वहां लगाया गया है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि वह क्षेत्र सुरक्षित है और जांचकर्ता वहां जा सकते हैं.” यह पूछे जाने पर कि क्या अधिकारियों को पता चला कि किस प्रकार की बंदूक का इस्तेमाल किया गया था या कितनी गोलियां चलाई गई थीं तो पेनसिल्वेनिया राज्य पुलिस के जॉर्ज बिवेंस ने कहा कि अधिकारियों ”को हथियार के संबंध में अंदाजा है” लेकिन अभी जांच जारी है.

क्या हमलावर अकेला था, यह पूछे जाने पर बिवेंस ने कहा, ”हम बहुत सारी जानकारियों पर भी गौर कर रहे हैं. इस सवाल का उपयुक्त जवाब देने में हमें कुछ समय लगेगा.” रोजेक ने कहा कि एफबीआई को अब भी यह पता नहीं चल पाया है कि हमले का मकसद क्या था. अधिकारियों ने कहा कि उन्हें नहीं लगता कि अब कोई खतरा है. एफबीआई ने जांच के सिलसिले में जांच एजेंट, साक्ष्य एकत्रीकरण दल और अन्य र्किमयों को तैनात किया है. कानून प्रवर्तन से जुड़े कई अधिकारियों ने ‘सीबीएस न्यूज’ को बताया कि हमलावर ने 200 से 300 फुट की दूरी पर स्थित एक ऊंचे स्थान से ‘एआर’-सरीखी राइफल से गोली चलाई.

ट्रंप के चुनाव प्रचार अभियान दल ने कहा, ”जैसा कि आज शाम को हमने कहा था पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप ठीक हैं और कानून प्रवर्तन और अन्य की त्वरित कार्रवाई के लिए उनके आभारी हैं.” प्रचार अभियान दल ने कहा,” ट्रंप मिल्वाकी में आप सभी के साथ जुड़ने के लिए उत्सुक हैं. हम अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति के रूप में सेवा करने का मौका देने के लिए सम्मेलन में पार्टी के उम्मीदवार के तौर पर उनके नाम की घोषणा करने वाले हैं. ट्रंप अमेरिका को फिर से महान देश बनाने के अपने दृष्टिकोण को साझा करना जारी रखेंगे.” व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने बताया कि अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने नवंबर में होने वाले चुनाव में अपने प्रतिद्वंद्वी ट्रंप से बात की है. व्हाइट हाउस के अधिकारी ने हालांकि यह नहीं बताया कि दोनों नेताओं के बीच क्या बातचीत हुई, लेकिन कहा कि बाइडन ने पेनसिल्वेनिया के गवर्नर जोश शापिरो और बटलर के मेयर बॉब डैंडोय से भी बातचीत की है.

बाइडन ने कहा कि हत्या के प्रयास की ”हर किसी को निंदा करनी चाहिए.” ट्रंप पर हमले की घटना के करीब दो घंटे बाद बाइडन ने राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा, ”हम ऐसा नहीं होने दे सकते. अमेरिका में इस तरह की हिंसा पहले कभी नहीं सुनी.” उपराष्ट्रपति कमला हैरिस और पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा, जॉर्ज डब्ल्यू बुश और बिल क्लिंटन ने ट्रंप पर हुए हमले की निंदा की है. हैरिस ने कहा कि उन्हें इस बात से ”राहत” मिली है कि ट्रंप गंभीर रूप से घायल नहीं हुए.

हैरिस ने एक बयान में कहा, “हम उनके, उनके परिवार और उन सभी लोगों के लिए प्रार्थना कर रहे हैं जो (ट्रंप) बेवजह की गई इस गोलीबारी से घायल हुए हैं.” ट्रंप की बेटी इवांका ट्रंप ने घटन.ा के संबंध में एक बयान जारी किया. उन्होंने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ”पेनसिल्वेनिया के बटलर में बेवजह की गई गोलीबारी में मेरे पिता के प्रति और अन्य पीड़ितों के प्रति आपके प्यार और प्रार्थनाओं के लिए धन्यवाद.” इवांका ने कहा,” मैं सीक्रेट र्सिवस और अन्य सभी कानून प्रवर्तन अधिकारियों की त्वरित और निर्णायक कार्रवाई के लिए आभारी हूं. मैं अपने देश के लिए प्रार्थना करती रहूंगी. मैं आपसे प्यार करती हूं पापा….” रिपब्लिकन और डेमोक्रेटिक नेताओं ने ट्रंप पर हमले की निंदा की है.

ट्रम्प की हत्या की कोशिश के बाद विश्व नेताओं ने राजनीतिक हिंसा की निंदा की

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और ब्रिटिश प्रधानमंत्री केअर स्टॉर्मर समेत दुनिया के विभिन्न नेताओं ने पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की हत्या की भयावह कोशिश की रविवार को निंदा की और कहा कि राजनीति और लोकतंत्र में हिंसा का कोई स्थान नहीं है.

अठहत्तर-वर्षीय ट्रम्प शनिवार को उस समय बाल-बाल बच गए जब पेंसिल्वेनिया में एक चुनावी रैली के दौरान एक हमलावर ने उन पर कई गोलियां चलाईं जिनमें से एक उनके दाहिने कान में लगी. गोलीबारी में रैली में मौजूद एक व्यक्ति की मौत हो गई और दो अन्य की हालत गंभीर है. बीस-वर्षीय संदिग्ध शूटर को सीक्रेट र्सिवस के एक सदस्य ने मार गिराया. प्रधानमंत्री मोदी ने हमले पर गहरी चिंता व्यक्त की और कहा कि राजनीति और लोकतंत्र में हिंसा का कोई स्थान नहीं है.

मोदी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ”मेरे मित्र पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प पर हुए हमले से बेहद चिंतित हूं. घटना की कड़ी निंदा करता हूं. राजनीति और लोकतंत्र में हिंसा का कोई स्थान नहीं है. उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं.” उन्होंने कहा, ”हमारी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं मृतकों के परिवार, घायलों और अमेरिकी लोगों के साथ हैं.” स्टॉर्मर ने कहा कि वह रैली के”चौंकाने वाले दृश्यों से स्तब्ध” हैं.

उन्होंने कहा, ”किसी भी रूप में राजनीतिक हिंसा का हमारे समाज में कोई स्थान नहीं है और मेरी संवेदनाएं इस हमले के सभी पीड़ितों के साथ हैं.” मैक्रों ने हत्या के प्रयास को ”एक त्रासदी” करार दिया. उन्होंने’एक्स’ पर कहा, ”यह हमारे लोकतंत्रों के लिए एक त्रासदी है. फ्रांस अमेरिकावासियों के सदमे और आक्रोश को साझा करता है.” ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानी ने कहा, ”यह उन लोकतांत्रिक मूल्यों के तहत एक अक्षम्य हमला था, जो ऑस्ट्रेलियाई और अमेरिकी साझा करते हैं तथा (वह) स्वतंत्रता, जिसे हम संजोते हैं. ये मूल्य वे हैं जो हमारे दोनों देशों को एकजुट करते हैं.” इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने कहा कि वह पेंसिल्वेनिया से अद्यतन जानकारी प्राप्त कर रही हैं और ट्रम्प के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हैं.

उन्होंने उम्मीद जताई कि ”चुनाव अभियान के आने वाले महीनों में संवाद और जिम्मेदारी नफरत तथा हिंसा पर हावी हो सकती है.” यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने कहा कि वे पेंसिल्वेनिया में चुनावी रैली में ट्रम्प पर गोली चलाए जाने की घटना से स्तब्ध हैं.
उन्होंने कहा, ”इस तरह की हिंसा का कोई औचित्य नहीं है और दुनिया में कहीं भी इसके लिए कोई जगह नहीं है. हिंसा को कभी भी हावी नहीं होना चाहिए. मुझे यह जानकर राहत मिली है कि डोनाल्ड ट्रम्प सुरक्षित हैं और मैं उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं.”

फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्दीनांद मार्कोस जूनियर ने कहा कि उनकी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं ट्रम्प और उनके परिवार के साथ हैं.
उन्होंने कहा, ”दुनिया भर के सभी लोकतंत्र-प्रेमी लोगों के साथ, हम सभी प्रकार की राजनीतिक हिंसा की निंदा करते हैं. जनता की आवाज हमेशा सर्वोच्च होनी चाहिए.” न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन ने भी इस घटना पर दुख व्यक्त किया और कहा, ”किसी भी देश में ऐसी राजनीतिक हिंसा नहीं होनी चाहिए.”

ताइवान के राष्ट्रपति लाई चिंग-ते ने भी उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की. उन्होंने कहा, ”हमारे लोकतंत्र में किसी भी प्रकार की राजनीतिक हिंसा कभी भी स्वीकार्य नहीं है. मैं हमले से प्रभावित पीड़ितों के प्रति अपनी हार्दिक संवेदना व्यक्त करता हूं.” जापानी प्रधानमंत्री फुमियो किशिदा ने कहा कि दुनिया को लोकतंत्र को चुनौती देने वाली किसी भी प्रकार की हिंसा के खिलाफ. मजबूती से खड़ा होना चाहिए.

कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने कहा, ”राजनीतिक हिंसा कभी भी स्वीकार्य नहीं है. मेरी संवेदनाएं पूर्व राष्ट्रपति ट्रम्प, कार्यक्रम में मौजूद लोगों और सभी अमेरिकियों के साथ हैं.” इज.राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि वह और उनकी पत्नी ट्रम्प के लिए प्रार्थना कर रहे हैं.

उन्होंने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ”सारा और मैं राष्ट्रपति ट्रंप पर हुए हमले से स्तब्ध हैं. हम उनकी सुरक्षा और शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करते हैं.” हंगरी के प्रधानमंत्री विक्टर ओरबान ने भी कहा, ”इन बुरे समय में मेरी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के साथ हैं.” ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने गोलीबारी की घटना को अस्वीकार्य करार दिया और सभी से इसकी निंदा करने का आग्रह किया. इस घटना की निंदा करने वाले अन्य वैश्विक नेताओं में चिली के राष्ट्रपति गेब्रियल बोरिक भी शामिल हैं.

ट्रंप घायल हुए लेकिन उनकी हालत ठीक है: सहयोगी

अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उन पर हुए हमले के तुरंत बाद रविवार को देशवासियों से एकजुटता और दृढ़ता का आह्वान किया. गोलीबारी में ट्रंप घायल हो गए लेकिन उनकी हालत ठीक है. राष्ट्रपति पद के रिपब्लिकन उम्मीदवार ट्रंप ने कहा कि गोली लगने से उनके दाएं कान के ऊपरी हिस्से में चोट लगी है. ट्रंप के सहयोगियों ने कहा कि वह अच्छे हैं और उनकी हालत ठीक है.

ट्रंप ने अपनी सोशल मीडिया साइट पर लिखा, ”मुझे तुरंत लगा कि कुछ गड़बड़ है, क्योंकि मैंने एक तेज आवाज सुनी, गोलियां चलीं और तभी मुझे महसूस हुआ कि गोली मेरी त्वचा को चीरती हुई निकल गई. बहुत खून निकला.” उन्होंने कहा, ”भगवान ने ही वह सब होने से रोक लिया जिसके बारे में सोचा भी नहीं था.” ट्रंप की पोस्ट के अनुसार, ”ऐसे समय में सबसे अधिक महत्वपूर्ण है कि हम एकजुट रहें और अमेरिकियों के तौर पर अपना मूल चरित्र बनाए रखें. हम मजबूत और दृढ़संकल्पित बने रहें और बुराई को न जीतने दें.” एफबीआई ने रविवार को हमलावर की पहचान पेनसिल्वेनिया के बेथेल पार्क निवासी 20 वर्षीय थॉमस मैथ्यू क्रुक्स के रूप में की. उसके पास एक राइफल थी. ‘सीक्रेट र्सिवस’ के र्किमयों ने उसे मार गिराया.

गोलीबारी की इस घटना में ट्रंप की रैली में मौजूद एक व्यक्ति की जान चली गई और दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए.
यह हमला 1981 में तत्कालीन राष्ट्रपति रोनाल्ड रीगन को गोली मारे जाने के बाद से अमेरिका के किसी राष्ट्रपति या राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार की हत्या की सबसे संगीन कोशिश थी. ध्रुवीकरण से अत्यंत प्रभावित अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव से महज चार महीने पहले इस हमले ने सभी का ध्यान राजनीतिक हिंसा की ओर खींचा है. इसके बाद मिलवाउकी में सोमवार को शुरू होने वाले रिपब्लिकन नेशनल कन्वेंशन में सुरक्षा परिदृश्य बदला नजर आ सकता है. आयोजकों ने कहा कि सम्मेलन योजनाबद्ध तरीके से ही आयोजित किया जाएगा.

व्हाइट हाउस ने बताया कि ट्रंप के खिलाफ राष्ट्रपति चुनाव में किस्मत आजमा रहे राष्ट्रपति जो बाइडन को हमले के बारे में जानकारी दी गई. उन्होंने गोलीबारी के कई घंटे बाद ट्रंप से फोन पर बातचीत की. बाइडन ने कहा, ”अमेरिका में इस तरह की हिंसा के लिए कोई जगह नहीं है.” उन्होंने डेलवेयर के रिहाबोथ बीच पर स्थित अपने बीच होम में सप्ताहांत की छुट्टियां बीच में छोड़कर जल्द वाशिंगटन वापसी की योजना बनाई है.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button