
होर्मुज जलडमरूमध्य का महत्व: होर्मुज जलडमरूमध्य, जो फारस की खाड़ी को अरब सागर से जोड़ता है, दुनिया का सबसे व्यस्त और रणनीतिक समुद्री मार्ग है। सामान्य परिस्थितियों में यहाँ से रोजाना करीब 1.3 करोड़ बैरल तेल गुजरता है, जो वैश्विक तेल आपूर्ति का लगभग 31 प्रतिशत है। इस मार्ग में बाधा आने से ईरान, सऊदी अरब, यूएई जैसे देशों की तेल आपूर्ति प्रभावित होती है और ऊर्जा कीमतें बढ़ जाती हैं।
संकट के बीच भारत की राहत
पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष और ईरान-इस्राइल-अमेरिका युद्ध के बीच भारत के लिए अच्छी खबर है। ईरान ने भारतीय तेल टैंकरों को सुरक्षित गुजरने की अनुमति दी है। इससे पहले, एक भारतीय कप्तान के नेतृत्व वाला तेल टैंकर, जो सऊदी अरब का कच्चा तेल ला रहा था, होर्मुज से सुरक्षित होकर मुंबई पहुंच चुका है। इससे भारत की ऊर्जा आपूर्ति को लेकर चिंताएं कम हुई हैं।
आगे का रास्ता
अमेरिका, यूरोप और इस्राइल के जहाजों पर अभी भी पाबंदियां हैं, लेकिन भारतीय टैंकरों को राहत मिलने से भारत की ऊर्जा सुरक्षा मजबूत हुई है। यह कदम भारतीय कूटनीति की सफलता माना जा रहा है।
वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा
यह संकट इस बात का संकेत है कि यदि होर्मुज में तेल सप्लाई प्रभावित होती है, तो वैश्विक बाजारों और ऊर्जा कीमतों पर बड़ा असर पड़ेगा। ईरान के पास समुद्री क्षेत्र में जहाजों को निशाना बनाने के लिए मिसाइलें और ड्रोन हैं, जो इस मार्ग को असुरक्षित बनाते हैं।



