धर्म और भक्ति पर किसी से सीख की जरूरत नहीं: उपमुख्यमंत्री डी के शिवकुमार

बेंगलुरु. कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डी के शिवकुमार ने अयोध्या में राममंदिर के प्राण प्रतिष्ठा समारोह के अवसर पर 22 जनवरी को छुट्टी घोषित नहीं करने के राज्य सरकार के रुख का रविवार को बचाव किया. शिवकुमार ने अपने आवास पर पत्रकारों से बात करते हुए कहा, “हम लंबे समय से अपनी परंपराओं और धार्मिक संस्कारों का पालन करते आ रहे हैं. हमें धर्म और भक्ति के बारे में दूसरों से सीखने की जरूरत नहीं है.” वह अयोध्या में राममंदिर के प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए सोमवार को छुट्टी घोषित करने के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेताओं के अनुरोध को लेकर पूछे गए एक सवाल का जवाब दे रहे थे.

मंदिर मुद्दे का राजनीतिकरण करने के लिए भाजपा पर निशाना साधते हुए शिवकुमार ने कहा, “हम धर्म का उपयोग प्रचार के लिए नहीं करते हैं. हम मानते हैं कि प्रार्थनाओं का फल मिलता है और इसलिए हमने किसी के कहने से पहले ही मुजराई विभाग के तहत सभी मंदिरों में विशेष पूजा का आदेश दे दिया है.” उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस को इस मुद्दे पर दूसरों के सीख की जरूरत नहीं है.

शिवकुमार ने कहा, ”सिद्धरमैया के नाम में राम हैं और मेरे नाम में शिव हैं. हम अपने रीति-रिवाजों और परंपराओं को जानते हैं. राजनीति में धर्म होना चाहिए, लेकिन धर्म में राजनीति नहीं होनी चाहिए.” इस बीच, कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने तुमकुरु में पत्रकारों से कहा कि सोमवार को कोई छुट्टी नहीं होगी.

Related Articles

Back to top button