
जयपुर: उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने मंगलवार को कहा कि ‘हमारी साझी सांस्कृतिक विरासत पर कुठाराघात हो रहा है और उसे हमारी कमजोरी बताने का प्रयास हो रहा है।’ धनखड़ ने कहा कि ऐसी ताकतों पर वैचारिक एवं मानसिक प्रतिघात होना चाहिए।
वह यहां बिड़ला आॅडिटोरियम में एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा,‘‘हमें संकीर्ण मतभेदों को छोड़ना होगा। राष्ट्रवादी सोच वाले किसी नागरिक को विविधता को अपनाने में कोई कठिनाई नहीं होगी। वह इस देश के गौरवशाली अतीत का जश्न मनाता है, चाहे उसका धर्म कुछ भी हो, क्योंकि यह हमारी साझी सांस्कृतिक विरासत है।’’
उपराष्ट्रपति ने कहा,‘‘हमारी साझी सांस्कृतिक विरासत पर कुठाराघात हो रहा है। उसको हमारी कमजोरी बताने का प्रयास हो रहा है। उसके तहत देश को ध्वंस करने की योजना बनी हुई है। ऐसी ताकतों पर वैचारिक और मानसिक प्रतिघात होना चाहिए।’’



