
नयी दिल्ली. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि राज्यसभा में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का आज का भाषण ये दर्शाता है कि उन्होंने देश को धोखा देने की अपनी गलती मान ली है. राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री ने कांग्रेस की लक़ीर को छोटी कर के अपनी लक़ीर बड़ी दिखाने की कोशिश की.
खरगे ने एक्स पर पोस्ट किया, “जो व्यक्ति सिफ.र् इतिहास में रहता है वो वर्तमान और भविष्य का क्या निर्माण करेगा ! इस सरकार के हाथों में देश का भविष्य अंधकारमय है.” उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री मोदी बेरोजग़ारी, महंगाई, आर्थिक असामनता, मंदी, लुढ़कता रूपया, गिरता निजी निवेश और विफ.ल ‘मेक इन इंडिया’ पर बात करने के बजाय केवल कांग्रेस को कोसते रहे. खरगे ने आरोप लगाया कि उन्होंने दलितों, आदिवासियों, पिछड़े वर्ग, अल्पसंख्यक वर्ग और ग.रीब की योजनाओं की बात करने के बजाय इतिहास के तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर सदन को गुमराह करने का काम किया.
उन्होंने कहा, “संविधान में पहला संशोधन इसलिए हुआ था ताकि पिछड़ी जातियों को आरक्षण दिया जाये और जमींदारी खत्म हो सके. इसी संशोधन के माध्यम से संविधान में नौंवी अनसूची को जोड़ा गया, भूमि सुधार हुए और जमींदारी हटी.” उन्होंने कहा, ”इसी संशोधन के माध्यम से संविधान में अनुच्छेद 15 (4) जोड़ा गया, जिस कारण एससी, एसटी, और बाद में ओबीसी को रोजगार और शिक्षा में आरक्षण मिल सका.”
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, “कांग्रेस ने मुंबई से बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर को संविधान सभा में लाने के लिए अपने सदस्य एम आर जयकर का इस्तीफा कराया. वह पंडित नेहरू की ही सरकार में देश के पहले क़ानून मंत्री बनें. कांग्रेस पार्टी चाहती थी कि बाबासाहेब सम्मान सहित राज्यसभा पहुंचे, इसमें उनकी मदद की.” उन्होंने दावा किया कि बाबासाहेब अंबेडकर ने ही पत्र लिखकर खुलासा किया था कि उनकी हार का जिम्मेवार एस ए डांगे और विनायक सावरकर थे.
खरगे ने कहा, “सच्चाई है कि कांग्रेस ने ही उदारीकरण किया. यह काम इंदिरा गांधी जी के समय में शुरु होकर राजीव गांधी जी, पी.वी. नरसिंह राव जी व डॉ मनमोहन सिंह जी ने इसे अंजाम तक पहुंचाया, जिसका परिणाम है कि आज भारत दुनिया की अर्थव्यवस्था से जुड़ा और हमने मध्य वर्ग का निर्माण किया.” उनके अनुसार, इंदिरा गांधी के ह्लगरीबी हटाओह्व कार्यक्रम से गरीबी कम हुई 1980 से 1985 के बीच 21 गरीबी लोग जो बीपीएल थे, मात्र 5 साल में गरीबी रेखा से ऊपर आ गए तथा अकेले कांग्रेस-संप्रग ने 27 करोड़ लोगों को ग.रीबी रेखा से बहार निकला.
खरगे ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का आज का भाषण ये दर्शाता है कि उन्होंने देश को धोखा देने की अपनी गलती मान ली है.
उन्होंने दावा किया कि युवाओं को रोजगार देने के बजाय झूठे इतिहास की घुट्टी पिलाने की कोशिश की जा रही है. कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, “मैं देश के युवाओं को आगाह करना चाहता हूं कि मोदी जी के झूठ में न फंसें, देश का इतिहास पढ़ें, आरएसएस (राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ) के दुष्प्रचार से बचें.” खरगे ने कहा, “प्रधानमंत्री आज हमारी लक़ीर को छोटी कर के अपनी लक़ीर बड़ी दिखाने की कोशिश की.” प्रधानमंत्री मोदी ने बृहस्पतिवार को राज्यसभा में अपने लंबे भाषण में केवल कांग्रेस और विपक्ष पर हमला करते हुए कहा कि ‘सबका साथ, सबका विकास’ उनकी सरकार का मूलमंत्र रहा है जबकि कांग्रेस का मूलमंत्र ‘परिवार प्रथम’ रहा है.
राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर राज्यसभा में हुई चर्चा का जवाब देते हुए मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा कि उसने राजनीति का एक ऐसा मॉडल तैयार किया था, जिसमें ‘झूठ, फरेब, भ्रष्टाचार परिवारवाद, तुष्टीकरण आदि का घालमेल था’.



