
पुणे. राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एसपी) के प्रमुख शरद पवार ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के स्वतंत्रता दिवस के भाषण पर सोमवार को कटाक्ष किया, जिसमें मोदी ने ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ का समर्थन किया था. मोदी ने 78वें स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा था कि बार-बार चुनाव होने से देश की प्रगति में बाधा आ रही है. उन्होंने जोर देकर कहा कि “देश को एक राष्ट्र, एक चुनाव के लिए आगे आना होगा.” पवार ने पुणे में पत्रकारों से बात करते हुए कहा, “प्रधानमंत्री मोदी सभी चुनाव एक साथ कराने पर जोर दे रहे थे, लेकिन अगले ही दिन तीन अलग-अलग राज्यों के लिए तीन अलग-अलग चुनाव तिथियों की घोषणा कर दी गई. प्रधानमंत्री कुछ कहते हैं, जबकि सिस्टम कुछ और फैसला लेता है.” निर्वाचन आयोग ने पिछले हफ्ते हरियाणा और जम्मू-कश्मीर के चुनाव कार्यक्रम की घोषणा की थी.
यह पूछे जाने पर कि क्या राज्य सरकार की लाड़की बहन योजना के कारण महाराष्ट्र में दिसंबर में चुनाव हो सकते हैं और क्या राज्य में राष्ट्रपति शासन लगने की संभावना है, पवार ने कहा कि यह ऐसा सवाल है जिसके बारे में निर्वाचन आयोग से पूछना चाहिए. पवार से पूछा गया कि एकनाथ शिंदे सरकार द्वारा लाड़की बहन जैसी योजनाओं के लिए धन मुहैया कराया जा रहा है जबकि छात्रों को छात्रवृत्ति आदि प्रदान करने वाली योजनाएं पैसे की कमी के कारण लटकी हुई हैं. इस पर पवार ने कहा “विभिन्न लंबित योजनाओं और छात्रवृत्तियों के लिए धन का कोई प्रावधान नहीं है, लेकिन इसके बीच वित्तीय बोझ पैदा करने वाली नई योजनाएं शुरू की जा रही हैं. मुझे उम्मीद है कि मुख्यमंत्री और उनके सहयोगी इस पर अपना पक्ष रखेंगे.”
उपमुख्यमंत्री अजित पवार के अब चुनाव नहीं लड़ने के बयान के बारे में पूछे जाने पर, विपक्षी दिग्गज ने कहा कि हर किसी को ऐसा निर्णय लेने का अधिकार है. पवार ने कहा कि लेकिन, उन्हें नहीं पता कि उपमुख्यमंत्री का वास्तव में क्या मतलब था.



