
मुंबई: विमानन कंपनी स्पाइसजेट ने बुधवार को बताया कि उसने कैप्टन के वेतन ढांचे में संशोधन किया है जो नवंबर से लागू होगा। उसने कहा कि अब 80 घंटे की उड़ान के लिए कैप्टन को सात लाख रुपये प्रतिमाह मिलेंगे। एयरलाइन ने एक बयान जारी करके दावा किया कि इस वृद्धि के बाद अब कैप्टन पद का वेतन कोविड से पहले के वेतन से भी अधिक हो जाएगा।
इसके अलावा प्रशिक्षकों और वरिष्ठ ‘फर्स्ट आॅफिसर’ (उड़ान और परिचालन में सहयोग करने वाले वाणिज्यिक एयरलाइन के पायलट) के वेतन भी बढ़ाए गए हैं। कंपनी ने कहा कि पायलटों के मूल वेतन में निरंतर वृद्धि की जा रही है और अगस्त की तुलना में सितंबर में प्रशिक्षकों का वेतन 10 फीसदी तक अधिक तथा कैप्टन एवं ‘फर्स्ट आॅफिसर’ का वेतन आठ फीसदी अधिक रहा। उसने बताया कि अक्टूबर में कैप्टन और ‘फर्स्ट आॅफिसर’ का वेतन फिर 22 फीसदी बढ़ा दिया गया।



