
नयी दिल्ली. देश में बृहस्पतिवार तक कोविड-19 उपस्वरूप जेएन-1 के 22 मामले सामने आ चुके हैं, जिसमें से 21 मामले गोवा जबकि एक केरल से सामने आया. आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी. सूत्रों ने बताया कि गोवा में किसी जगह जेएन-1 स्वरूप तेजी से नहीं फैला है और इससे संक्रमित व्यक्ति ठीक हो चुके हैं और उन्हें संक्रमण संबंधी कोई जटिलता नहीं है.
उन्होंने कहा कि जो लोग इसकी चपेट में आए, उनके ऊपरी श्वसन तंत्र में हल्का संक्रमण हुआ और हल्की सूखी खांसी, गला खराब होना जैसे लक्षण दिखे तथा बुखार नहीं आया. सूत्रों ने शुक्रवार को बताया कि नवंबर में, जेएन-1 स्वरूप का पता लगाने के लिए पूरे जीनोम अनुक्रमण के लिए 62 नमूने इंडियन सार्स-कोव-2 जीनोमिक कंसोर्टियम (आईएनएसएसीओजी) की विभिन्न प्रयोगशालाओं में भेजे गए थे, जबकि दिसंबर में, अब तक 253 नमूने भेजे गए हैं. अब तक कुल 253 नमूने भेजे जा चुके हैं.
सूत्रों ने बताया, “देश में 21 दिसंबर तक जेएन-1 उपस्वरूप के 22 मामले सामने आ चुके हैं.” केरल की 79 वर्षीय महिला ठीक हो चुकी है और उसे संक्रमण से संबंधित कोई जटिलता नहीं है. महिला में हल्के लक्षण थे और वह भारत में जेएन-1 से संक्रमित होने वाली पहली व्यक्ति थी. महिला के जेएन.1 संक्रमित होने का पता आठ दिसंबर को चला था.



