
निजामाबाद. भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) की नेता के. कविता ने मंगलवार को कांग्रेस के नेता राहुल गांधी से सवाल किया कि 60 सालों तक देश पर शासन करने वाली उनकी पार्टी ने अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) की जनगणना क्यों नहीं करायी. उन्होंने कहा कि तेलंगाना के मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव ने 2014 में ओबीसी को 33 प्रतिशत आरक्षण देने के लिए विधानसभा से एक प्रस्ताव पारित करवाया और बीआरएस ओबीसी आयोग को वैधता प्रदान करने की मांग करने वाली पहली पार्टी थी.
बीआरएस की विधान परिषद सदस्य कविता ने कहा, ” कांग्रेस नेता (राहुल गांधी) ने ओबीसी जनसंख्या की जनगणना की चर्चा शुरू की है. जब वे 60 साल तक सत्ता में थे तब उन्होंने यह नहीं कराया. अब वह (राहुल गांधी) कहते हैं कि वह ओबीसी के लिए कुछ करेंगे.” कविता ने केंद्र में ओबीसी के लिए पृथक मंत्रालय के गठन के मुद्दे पर अब तक चुप्पी साधने को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) एवं कांग्रेस पर सवाल खड़ा किया.
उन्होंने कहा कि 2015 में राज्य के गठन के एक दिन के अंदर ही बीआरएस सरकार ने समग्र परिवार सर्वेक्षण का काम हाथ में लिया, फलस्वरूप वह सभी समुदायों को कल्याणकारी योजनाएं प्रदान करने में कामयाब हुई. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी महज चुनाव से पहले बयान दे रहे हैं जबकि इसके विपरीत मुख्यमंत्री केसीआर ने ओबीसी कल्याण को हमेशा अपनी प्राथमिकता में रखा. कविता ने कहा कि यह समय है कि सभी दल देश में ओबीसी के लोगों के वास्ते सामाजिक न्याय सुनिश्चित करने के लिए जातिगत जनगणना के महत्व को समझें तथा यह भी समझें कि महिला आरक्षण में भी ओबीसी महिलाओं के लिए आरक्षण होना चाहिए.



