इतिहास नेहरू-गांधी परिवार के ‘आत्मसमर्पणों’ से भरा, राहुल सशस्त्र बलों का अपमान कर रहे हैं: भाजपा

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Wed, 04 Jun 2025 07:12 PM
इतिहास नेहरू-गांधी परिवार के ‘आत्मसमर्पणों’ से भरा, राहुल सशस्त्र बलों का अपमान कर रहे हैं: भाजपा
ऑडियो सुनें

नयी दिल्ली/भोपाल. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संबंध में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के ‘आत्मसमर्पण’ वाले बयान की आलोचना करते हुए बुधवार को कहा कि यह न केवल सशस्त्र बलों और देश का घोर अपमान है, बल्कि यह देशद्रोह से कम नहीं है. भाजपा अध्यक्ष जे पी नड्डा ने कहा कि यदि किसी पाकिस्तानी ने ऐसा दावा किया होता तो ”हम उस पर हंसते”. उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तान में मचाई गई तबाही के बाद पाकिस्तान की जनता से लेकर उसकी सेना और उसके प्रधानमंत्री ने भी ऐसा कहने की हिम्मत नहीं की लेकिन राहुल गांधी ऐसा बोल रहे हैं! उन्होंने कहा, ”यह देशद्रोह से कम नहीं है.”

नड्डा ने ‘एक्स’ पर कई पोस्ट में कहा, ”राहुल गांधी, आत्मसमर्पण आप करते होंगे, आपकी पार्टी ने किया होगा, आपके नेताओं ने आत्मसमर्पण किया होगा क्योंकि आपका इतिहास ही ऐसा रहा है लेकिन भारत कभी आत्मसमर्पण नहीं करता.” उन्होंने कहा, ”आत्मसमर्पण आपकी पार्टी कांग्रेस के शब्दकोश में है, आपके डीएनए में है. आपने आतंकवाद के सामने आत्मसमर्पण किया, शर्म-अल-शेख में आत्मसमर्पण किया, 1971 की लड़ाई जीतने के बाद शिमला में आत्मसमर्पण किया, सिंधु जल समझौते को लेकर आत्मसमर्पण किया, और यहां तक कि देश की आजादी के समय मुस्लिम लीग के भी सामने आत्मसमर्पण किया.”

भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि कांग्रेस नेता ने पड़ोसी देश के समर्थन में बोलने के मामले में पाकिस्तानी सेना प्रमुख, उसके प्रधानमंत्री और वहां के आतंकवादी सरगनाओं को भी पीछे छोड़ दिया है. उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के कटाक्ष एक ”बीमार और खतरनाक मानसिकता” को दर्शाते हैं. त्रिवेदी ने भारत की प्रतिष्ठा और उसके सशस्त्र बलों की वीरता को कमतर आंकने के लिए पाकिस्तानी सेना प्रमुख और प्रधानमंत्री के उपनामों का उपयोग करते हुए गांधी को ”राहुल मुनीर” और ”राहुल शरीफ” कहा.

उन्होंने भारत का विभाजन, ”चीन और पाकिस्तान द्वारा भारतीय भूभाग पर कब्जा करने” समेत कांग्रेस के शासनकाल में हुई ऐतिहासिक घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि इतिहास नेहरू-गांधी परिवार के ऐसे ‘आत्मसमर्पणों’ से भरा पड़ा है. उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी की सराहना करते हुए उन्हें ”भारत मां के ‘मृगेंद्र’ (शेर)” बताया.

त्रिवेदी ने कहा, ”राहुल गांधी और कांग्रेस का आत्मसमर्पण का इतिहास हो सकता है, लेकिन भारत कभी किसी के सामने आत्मसमर्पण नहीं करेगा.” उन्होंने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर भी स्पष्ट कटाक्ष किया, जिनके भारत और पाकिस्तान की ओर से सैन्य कार्रवाइयों को रोकने में मध्यस्थता के बार-बार के दावों ने विपक्ष को मोदी सरकार पर हमला करने का एक मौका दे दिया.
भाजपा प्रवक्ता ने ट्रंप द्वारा यह ‘पोस्ट’ किए जाने का उल्लेख किया कि अमेरिका के उनके पूर्ववर्ती राष्ट्रपति जो बाइडन को 2020 में मार दिया गया था और उनकी जगह एक ‘रोबोट क्लोन’ को नियुक्त किया गया.

उन्होंने कहा, ”कोई कितना भरोसा कर सकता है… मैं अमेरिकी सरकार से भी पूछना चाहता हूं क्योंकि उन्होंने अपने आधिकारिक सोशल हैंडल ”ट्रुथ”पर यह टिप्पणी की है. बेहतर होगा कि राहुल गांधी हमें बताएं कि क्या वह इस पर विश्वास करते हैं.” उन्होंने कहा कि भारतीय सशस्त्र बलों और विदेश मंत्रालय ने कई बार स्पष्ट किया है कि कोई तीसरा पक्ष मध्यस्थता नहीं कर रहा है.
त्रिवेदी ने यह भी उल्लेख किया कि राष्ट्रपति चुनाव प्रचार के दौरान ट्रंप ने कहा था कि उन्होंने एक बार मोदी से कहा था कि वह ”उस देश (पाकिस्तान) को रोक सकते हैं जो भारत को परेशान कर रहा है, लेकिन भारतीय प्रधानमंत्री ने कहा था, ‘नहीं, नहीं, हमने उन्हें कई बार सबक सिखाया है. ये मैं करूंगा.”

नड्डा ने ‘एक्स’ पर कहा, ”राहुल गांधी द्वारा भारतीय सेना के अप्रतिम शौर्य एवं पराक्रम को ‘सरेंडर’ कहकर संबोधित करना, न केवल दुर्भाग्यपूर्ण है बल्कि भारतीय सेना और राष्ट्र के साथ-साथ 140 करोड़ भारतवासियों का भी घोर अपमान है.” त्रिवेदी ने विपक्षी गठबंधन ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव अलायंस’ (इंडिया) के विभिन्न नेताओं की विवादास्पद टिप्पणियों का उल्लेख किया जिन्होंने मंगलवार को बैठक की थी.

‘इंडिया’ गठबंधन के 16 घटक दलों ने मंगलवार को प्रधानमंत्री मोदी को पत्र लिखकर आग्रह किया कि पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद के घटनाक्रम पर चर्चा के लिए संसद का विशेष सत्र बुलाया जाए. त्रिवेदी ने कहा, ”उनके नाम में ‘इंडिया’ है लेकिन दिल में पाकिस्तान है.” उन्होंने कहा कि गांधी की टिप्पणियों से पता चलता है कि उनमें विपक्ष के नेता से अपेक्षित परिपक्वता और गंभीरता का अभाव है. त्रिवेदी ने कहा कि यदि कांग्रेस नेता ने ये टिप्पणियां स्वयं की हैं तो इससे उनकी निष्ठा पर गंभीर सवाल उठता है. उन्होंने कहा कि यदि इसके पीछे उनके सलाहकार हैं तो गांधी को उन्हें बदलने पर विचार करना चाहिए.

यह टिप्पणी उस समय की गई जब गांधी ने मध्य प्रदेश में पार्टी के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंगलवार को आरोप लगाया था कि भारत-पाकिस्तान सैन्य संघर्ष के दौरान ट्रंप का फोन आने के बाद मोदी ने ‘आत्मसमर्पण’ कर दिया था. उन्होंने यहां कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में पार्टी के ‘संगठन सृजन अभियान’ की शुरुआत करने के बाद गांधी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा था, ”ट्रंप का एक फोन आया और नरेन्द्र (मोदी) जी ने तुरंत आत्मसमर्पण कर दिया- इतिहास गवाह है. यही भाजपा-आरएसएस (राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ) का चरित्र है, ये हमेशा झुकते हैं.” पलटवार करते हुए भाजपा ने कहा कि ”डोकलाम से लेकर पहलगाम तक” गांधी ने ”भारत के राजनीतिक और आर्थिक पुनरुत्थान का विरोध करने वाली ताकतों के साथ खड़ा होना चुना”.

त्रिवेदी ने कहा कि गांधी पहले से ही पाकिस्तानी मीडिया और वहां की संसद में सुर्खियां बटोर रहे हैं तथा अब वह कुछ ऐसा कह रहे हैं जो पाकिस्तानी प्रतिष्ठान और वहां स्थित आतंकवादियों ने भी नहीं कहा है. उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने सैन्य कार्रवाइयां रोकने के लिए भारत और पाकिस्तान के बीच मध्यस्थता करने संबंधी ट्रंप के दावे को पहले ही खारिज कर दिया है. नड्डा ने कहा कि भारतीय सेना ने पाकिस्तान में 300 किलोमीटर घुसकर उसके 11 हवाई अड्डों को तबाह किया और 150 से ज्यादा आतंकी मारे गये.

उन्होंने कहा, ”पाकिस्तान तो रोते-रोते दुनिया को बता रहा है कि भारतीय सेना ने पाकिस्तान में 18 जगह हमला करके सब कुछ तबाह कर दिया और राहुल गांधी देश के आत्मसमर्पण की बात कर रहे हैं!” नड्डा ने कहा कि राहुल गांधी को पता होना चाहिए कि ह्लऑपरेशन सिंदूरह्व की सफलता की घोषणा सरकार ने या भाजपा के किसी प्रवक्ता ने नहीं की थी, बल्कि भारतीय सेना के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की गई थी.

उन्होंने कहा, ”वास्तव में जिनकी नीतियां आत्मसमर्पण की रही हो, उसे इसके आगे कुछ सूझ भी नहीं सकता – क्यों, ऐसा ही है न राहुल गांधी जी?” भाजपा प्रवक्ता एवं राज्यसभा सदस्य त्रिवेदी ने कहा कि कांग्रेस नेताओं समेत बहुदलीय प्रतिनिधिमंडलों ने गंभीरता और एकजुटता के साथ दुनियाभर में भारत का पक्ष रखा है, लेकिन गांधी ने अपनी बेहद ओछी टिप्पणियों से यह साबित कर दिया है कि उनमें अपने रुख के लिए अपेक्षित परिपक्वता का अभाव है. उन्होंने कहा कि वह कांग्रेस की ही सरकार थी जिसने पाकिस्तान को पानी देने के लिए सिंधु जल संधि पर हस्ताक्षर किए थे और 1965 और 1971 के युद्धों के बाद सशस्त्र बलों द्वारा जीते गए कुछ क्षेत्रों पर दावा छोड़ दिया था.

ट्रंप के फोन पर मोदी के ‘आत्मसमर्पण’ वाले बयान के लिए माफी मांगे राहुल: मोहन यादव

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बुधवार को कहा कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को अपने उस बयान के लिए माफी मांगनी चाहिए जिसमें उन्होंने दावा किया था कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारत-पाकिस्तान सैन्य संघर्ष के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के फोन आने के बाद ‘आत्मसमर्पण’ कर दिया. यादव ने गांधी पर पलटवार करते हुए सवाल किया कि वह कब परिपक्व होंगे? उन्होंने यह भी कहा कि देश में कांग्रेस के संगठन को मजबूती देने से पहले पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष को अपनी बुद्धि का ‘सृजन’ करना चाहिए.

मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक यादव ने कहा, ”राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री के लिए जो शब्द बोले हैं और जिस ढंग से उन्होंने ट्रंप की बात की है, यह उनका एक तरह से हल्कापन है.” राहुल के बयान की कड़ी भर्त्सना करते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में सेना ने जिस प्रकार से पाकिस्तान की हालत खराब की है, उसे दुनिया भी मानती है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस के सांसद ही दुनिया के देशों को भारत के शौर्य और पराक्रम के बारे में बता रहे हैं. उन्होंने कहा, ”लेकिन वह (राहुल गांधी) नादान की तरह बात करके नेता प्रतिपक्ष के गरिमापूर्ण पद और उसकी मर्यादा को ताक पर रख रहे हैं.”

Breaking news. hindi news. Navabharat News. Latest news, in-depth analysis and opinion.
नवभारत न्यूज : छत्तीसगढ़, असम, ओडिशा, देश, दुनिया और राज्यों की खबरों का विश्वसनीय मंच.

लेखक के बारे में
By Yogesh Kumar Sahu