बहुध्रुवीय विश्व बहुध्रुवीय एशिया के जरिये ही संभव है : जयशंकर

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Sun, 14 May 2023 08:12 PM
बहुध्रुवीय विश्व बहुध्रुवीय एशिया के जरिये ही संभव है : जयशंकर
ऑडियो सुनें

स्टॉकहोम/लंदन. विदेश मंत्री एस जयशंकर ने रविवार को कहा कि वैश्वीकरण मौजूदा दौर की वास्तविकता है और बहुध्रुवीयता का मूल्यांकन होना चाहिए, क्योंकि बहुध्रुवीय दुनिया बहुध्रुवीय एशिया के जरिये ही संभव है। वह स्टॉकहोम में यूरोपीय संघ (ईयू) हिंद-प्रशांत मंत्री-स्तरीय मंच (ईआईपीएमएफ) को संबोधित कर रहे थे. उन्होंने रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच संबंधों को मजबूत करने समेत कई द्विपक्षीय मुद्दों पर भी अपने यूरोपीय संघ के समकक्षों के साथ बातचीत की.

जयशंकर ने आठ देशों के विदेश मंत्रियों के साथ हिंद-प्रशांत, यूक्रेन युद्ध पर चर्चा की
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने फ्रांस, ऑस्ट्रिया, बेल्जियम, बुल्गारिया, साइप्रस, लातविया, लिथुआनिया और रोमानिया के अपने समकक्षों के साथ यहां बैठकों के दौरान हिंद-प्रशांत और यूक्रेन युद्ध सहित कई मामलों पर चर्चा की है. जयशंकर ईयू हिंद-प्रशांत मंत्रिस्तरीय मंच (ईआईपीएमएफ) में भाग लेने के लिए स्वीडन की तीन दिवसीय यात्रा पर शनिवार को स्टॉकहोम पहुंचे थे.

गहन जुड़ाव से हिंद-प्रशांत को बेहतर तरीके से समझा जा सकता है : जयशंकर
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शनिवार को कहा कि हिंद-प्रशांत एक जटिल और अलग परिदृश्य है जिसे अधिक गहन जुड़ाव के माध्यम से बेहतर रूप से समझा जा सकता है. जयशंकर दूसरे ईयू इंडो-पैसिफिक मिनिस्ट्रियल फोरम (ईआईपीएमएफ) में भाग लेने के लिए स्वीडन की अपनी पहली यात्रा पर शनिवार को स्टॉकहोम पहुंचे.

 

 

Breaking news. hindi news. Navabharat News. Latest news, in-depth analysis and opinion.
नवभारत न्यूज : छत्तीसगढ़, असम, ओडिशा, देश, दुनिया और राज्यों की खबरों का विश्वसनीय मंच.

लेखक के बारे में
By Yogesh Kumar Sahu