रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल और दूरसंचार इकाई जियो प्लेटफॉर्म्स के ₹30,213 करोड़ के आईपीओ के लिए आज तीसरे और अंतिम दिन भी निवेशकों की दिलचस्पी बनी हुई है। रिपोर्ट के मुताबिक, बुधवार को बोली खुलने के 100 मिनट के भीतर यह इश्यू पूरी तरह सब्सक्राइब हो गया था। यह हुंडई मोटर इंडिया के ₹27,870 करोड़ के पिछले रिकॉर्ड से बड़ा है, इसलिए इसे देश का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ बताया जा रहा है।
तीसरे दिन किस कैटेगरी में कितना सब्सक्रिप्शन?
तीसरे दिन दोपहर 3:12 बजे तक के आंकड़ों के अनुसार, इश्यू कुल 12.71 गुना सब्सक्राइब हो चुका है। सबसे ज्यादा मांग क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) की ओर से दिखी है। रिटेल निवेशकों के हिस्से में 2.46 गुना बोलियां मिली हैं।
| निवेशक श्रेणी | ऑफर किए गए शेयर | कुल बोलियां | सब्सक्रिप्शन (गुना) |
|---|---|---|---|
| क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) | 4,90,07,827 | 1,64,15,92,524 | 33.50 |
| नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (NII) | 3,64,44,569 | 48,77,55,000 | 13.38 |
| रिटेल इंडिविजुअल इन्वेस्टर्स (RII) | 8,50,37,327 | 20,90,49,360 | 2.46 |
| कर्मचारी | 46,94,835 | 1,29,46,296 | 2.76 |
| शेयरधारक | 2,23,41,376 | 15,83,97,552 | 7.09 |
| कुल | 19,75,25,934 | 2,50,97,40,732 | 12.71 |
(आंकड़े 23 अक्तूबर 2026 को दोपहर 3:12 बजे तक के हैं और बदल सकते हैं।)
एंकर निवेशकों के हिस्से में कंपनी ने आईपीओ खुलने से पहले एलआईसी, ब्लैकरॉक और फिडेलिटी जैसे संस्थानों से ₹8,110 करोड़ जुटाए। लेख के अनुसार एंकर बुक के लिए करीब ₹2.5 लाख करोड़ की मांग आई थी।
आवेदनों की संख्या में रिकॉर्ड
रिपोर्ट के मुताबिक, इश्यू बंद होने से करीब पांच घंटे पहले ही आवेदनों की संख्या एक करोड़ को पार कर गई। बताया गया है कि यह वारी एनर्जीज को मिले करीब 97 लाख आवेदनों के पिछले वैश्विक रिकॉर्ड से ज्यादा है। बजाज हाउसिंग फाइनेंस और BCCL को करीब 90 लाख आवेदन मिले थे। बोली जारी रहने तक अंतिम संख्या और बढ़ सकती है।
ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) क्या संकेत दे रहा है?
23 अक्तूबर 2026 के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, ग्रे मार्केट में जीएमपी ₹246 बताया जा रहा है। ₹1,119 के ऊपरी प्राइस बैंड के आधार पर अनुमानित लिस्टिंग कीमत ₹1,365 प्रति शेयर आंकी गई है, यानी इश्यू प्राइस से करीब 21.98% का संभावित अंतर। ध्यान रहे कि GMP अनौपचारिक और अनुमानित आंकड़ा है और लिस्टिंग के दिन असल कीमत इससे अलग हो सकती है।
इश्यू का आकार और प्राइस बैंड
कंपनी ने ₹1,065 से ₹1,119 प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया है। ऊपरी बैंड पर कंपनी का कुल बाजार मूल्यांकन करीब ₹10.3 लाख करोड़ बैठता है। यह आईपीओ 21 से 23 अक्तूबर तक खुला है।
ब्रोकरेज हाउस की राय
लेख के मुताबिक, कुछ ब्रोकरेज हाउस ने इस आईपीओ को ‘सब्सक्राइब’ रेटिंग दी है:
- मोतीलाल ओसवाल वेल्थ मैनेजमेंट: लिस्टिंग गेन और लंबी अवधि, दोनों के लिए ‘सब्सक्राइब’ की सिफारिश। फर्म ने जियो के 53.33 करोड़ ग्राहक आधार, इन-हाउस 5G तकनीक और 7,220 से अधिक पेटेंट आवेदनों को मुख्य ताकत बताया।
- स्वास्तिका इन्वेस्टमार्ट: डिजिटल अर्थव्यवस्था, होम ब्रॉडबैंड के विस्तार और ARPU में सुधार के आधार पर दांव लगाने की सलाह।
- सेंट्रम ब्रोकिंग: EBITDA के 12 गुना मल्टीपल पर इक्विटी वैल्यूएशन ₹11.5 लाख करोड़ रहने का अनुमान।
पिछले तीन वर्षों में जियो का वित्तीय प्रदर्शन
| मानदंड | वित्त वर्ष 2024 | वित्त वर्ष 2026 |
|---|---|---|
| परिचालन राजस्व | ₹1,09,558 करोड़ | ₹1,46,885 करोड़ |
| EBITDA | ₹54,341 करोड़ | ₹73,382 करोड़ |
| शुद्ध लाभ (PAT) | ₹21,422 करोड़ | ₹30,064 करोड़ |
EBITDA मार्जिन बढ़कर 50% पर पहुंचा है। प्रति ग्राहक औसत राजस्व (ARPU) FY24 के ₹181.7 से बढ़कर जून 2026 तिमाही में ₹215.6 हो गया है। कंपनी टेलीकॉम के साथ-साथ क्लाउड कंप्यूटिंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सैटेलाइट ब्रॉडबैंड और एंटरप्राइज सॉल्यूशंस जैसे क्षेत्रों में भी विस्तार कर रही है।
डिस्क्लेमर: यह जानकारी सामान्य सूचना के लिए है, निवेश की सलाह नहीं है। शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श करें।